फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Asha Bhosle Birthday: संगीत के इतिहास में आशा भोसले के नाम दर्ज है कई रिकॉर्ड्स, परिवार के लिए शुरू किया था गाना

Sun, 06 Sep 2020 10:24 PM IST
अपूर्वा राय एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: अपूर्वा राय Updated Sun, 06 Sep 2020 10:24 PM IST
विज्ञापन
Asha Bhosle Birthday Special: Lesser Known Facts About Grammy Award Nominated Siger
आशा भोसले - फोटो : PTI

बॉलीवुड की मेलोडी क्वीन आशा भोसले का  8 सितंबर (Asha Bhosle Birthday) को जन्मदिन है। आशा ताई का जन्म साल 1933 को सांगली, महाराष्ट्र में हुआ था। आशा ताई की प्रोफेशनल लाइफ में जितने उतार चढ़ाव आए, निजी जिंदगी भी कुछ ऐसी ही रही। उन्होंने 1943 से अपना करियर शुरू किया और तब से वे अब तक लगातार गा रही हैं। आशा ताई के जन्मदिन पर आइए आपको बताते हैं उनसे जुड़ी कुछ रोचक बातें...



 

Asha Bhosle Birthday Special: Lesser Known Facts About Grammy Award Nominated Siger
आशा भोसले - फोटो : File Photo

हिंदी फिल्मों में उन्होंने गायन की शुरुआत 1948 में रिलीज हुई फिल्म चुनरिया से की थी। हंसराज बहल के संगीत निर्देशन में उन्होंने 'सावन आया' गीत गाया था। आशा भोसले पहली ऐसी भारतीय सिंगर हैं जिन्हें ग्रैमी अवॉर्ड के लिए नॉमिनेट किया गया था। साल 1997 में आशा को पहली बार नॉमिनेट किया गया। साल 2005 में एक बार फिर आशा ताई को ग्रैमी में नॉमिनेशन मिला।

Asha Bhosle Birthday Special: Lesser Known Facts About Grammy Award Nominated Siger
आशा भोसले - फोटो : File Photo

आशा जब सिर्फ नौ साल की थीं तब उनके पिता का देहांत हो गया था, जिसकी वजह से उन्होंने अपनी बहन लता मंगेशकर के साथ मिलकर परिवार के सपोर्ट के लिए सिंगिंग और एक्टिंग शुरू कर दी। आशा ताई ने 1943 की मराठी फिल्म 'माझा बल' में पहला गीत 'चला चला नव बाला' गाया था। आशा ताई को 'पॉप क्रूनर' और 'कैबरे सिंगर' का खिताब दिया गया था लेकिन उन्होंने 'उमराव जान' फिल्म में रेखा पर फिल्माई गई गजलों जैसे 'इन आंखों की मस्ती के', 'दिल चीज क्या है' को गाकर बता दिया कि वह गजल भी गा सकती हैं।
 

विज्ञापन
विज्ञापन
Asha Bhosle Birthday Special: Lesser Known Facts About Grammy Award Nominated Siger
आशा भोसले - फोटो : file photo

शुरुआत में आशा भोसले को रिजेक्टेड गाने दिए जाते थे लेकिन आशा ताई उसे भी अपनी गायिकी से मशहूर कर देती थीं। दरअसल उस दौर में गीता दत्त, शमशाद बेगम और लता मंगेशकर का नाम ही ज्यादा चलता था ऐसे में सभी फिल्मों में इन्हीं के गाने लिए जाते थे। बी आर चोपड़ा की 1957 में आई हुई फिल्म 'नया दौर' ने आशा ताई' को उच्च कोटि की सिंगर का दर्जा दिया।

विज्ञापन
Asha Bhosle Birthday Special: Lesser Known Facts About Grammy Award Nominated Siger
आशा भोसले - फोटो : file photo

युवाओं की दुनिया से रिश्ता कायम रखने के लिए वे ट्विटर से भी जुड़ी हैं। आशा भोसले ना केवल गीत गाने के लिए वक्त निकालती हैं बल्कि अपने शौकिया कारोबार को भी विस्तार दे रही हैं। उन्हें खाना बनाने का बहुत शौक है और दुबई में उन्होंने अपना रेस्टोरेंट भी खोला है। गिनीज बुक के हिसाब से आशा भोसले ने सबसे अधिक गाने गाए हैं। भारत सरकार द्वारा आशा भोसले को दादा साहेब फाल्के और पद्म विभूषण अवार्ड से नवाजा जा चुका है।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed