बॉलीवुड एक्टर और गायक रघुबीर यादव ने अपनी एक्टिंग की कला से इंडस्ट्री में अलग पहचान बनाई है। रघुबीर यादव का जन्म 25 जून 1957 को मध्य प्रदेश के जबलपुर में एक किसान परिवार में हुआ था।
रघुबीर को बचपन से ही गाने का शौक था और वह बॉलीवुड में सिंगर बनना चाहते थे। मां-बाप की सहमति नहीं मिलने पर वह 15 साल की उम्र में घर से भाग गए थे और एक पारसी थिएटर कंपनी से जुड़ गए थे।
जबलपुर स्थित अपने गांव से रघुबीर ने स्कूली पढ़ाई की। आगे की पढ़ाई के लिए वो दिल्ली आ गए और नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा में एडमिशन लिया। उसी दौरान फिल्म निर्देशक प्रदीप कृष्ण की पत्नी से उनकी मुलाकात हुई और उन्होंने ही फिल्म 'मैसी साहब' के लिए रघुबीर यादव का नाम सामने रखा। 1990 में दूरदर्शन पर आए शो 'मुंगेरीलाल के हसीन सपने' में रघुबीर यादव ने लीड एक्टर मुंगेरीलाल का किरदार निभाया था। जिससे उन्हें काफी पहचान मिली।
रघुवीर यादव ने 70 से ज्यादा नाटकों में सिंगिंग और 2500 शोज किए। रघुवीर यादव ने अपने फिल्मी सफर में 60 फिल्में कीं। फिल्म ‘मैसी साहब’ और ‘पीपली लाइव’ में बुधिया के किरदार से उन्होंने अपने फैंस के दिलों में एक खास जगह बनाई। रघुवीर यादव बॉलीवुड में ‘सिल्वर पीकॉक अवॉर्ड’ पाने वाले पहले एक्टर हैं। यह अवॉर्ड उन्हें ‘मैसी साहब’ (1985) के लिए मिला था।
निजी जिंदगी की बात करें तो रघुबीर यादव ने 1988 में एक्ट्रेस पूर्णिमा से शादी की थी लेकिन दो साल बाद ही दोनों के बीच झगड़े होने लगे। बाद में दोनों अलग-अलग रहने लगे। 2010 में पूर्णिमा ने रघुबीर यादव पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया था जिसकी वजह से उन्हें एक हफ्ते तक जेल की हवा भी खानी पड़ी थी। जिसके बाद कोर्ट में उन्होंने पत्नी से माफी मांगी और गुजारा भत्ता देने के लिए तैयार हुए।