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नाम, इज्जत, शोहरत के बाद भी अकेली थीं 'ट्रेजेडी क्वीन', जानिए महजबीं बानो के मीना कुमारी बनने का सफर

Wed, 01 Aug 2018 09:43 AM IST
अपूर्वा राय
अपूर्वा राय Updated Wed, 01 Aug 2018 09:43 AM IST
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life history of tragedy queen meena kumari on her 85th birthday
मीना कुमारी
अपनी खूबसूरती से सभी को अपना कायल बनाने वाली मीना कुमारी अगर आज हमारे बीच होती तो अपना 85 जन्मदिन मनातीं। मीना कुमारी बेशक हमारे बीच नहीं हो लेकिन अपनी फिल्मों के अभिनय से वो अमर हो गईं।


नाम, इज्जत, शोहरत, काबिलीयत, रुपया, पैसा सभी कुछ मिला पर सच्चा प्यार नहीं। ये वाक्य मीना कुमारी पर बिलकुल फिट बैठता है। जहां एक तरफ बला की खूबसूरत मीना कुमारी पर सारा जमाना फिदा था वहीं उनका दिल किसी और के लिए धड़कता था। कहते हैं जो गम की तस्वीर मीना कुमारी बना सकती थीं वह कोई और नहीं बना सकता था। लेकिन वो गम कहां से आया ये सिर्फ मीना कुमारी ही बता सकती थीं। 
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मीना कुमारी
मीना कुमारी के अलावा एक शख्स और भी है जिन्हें उनके गम की जानकारी थी, उनकी फिक्र थी और वह शख्स हैं मधुप शर्मा... मधुप शर्मा ने अपनी किताब 'आखिरी अढ़ाई दिन' में मीना कुमारी की अंदरूनी शख्सियत की वे शबीहें पेश की है जिसे पढ़ने के बाद एक बार वक्त ठहर जाता है और कहता है काश ऐसा न होता। 
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मीना कुमारी
मीना कुमारी बॉलीवुड के आसमां का वो सितारा थीं, जिसे छूने के लिए हर कोई बेताब था। मीना कुमारी हिंदी सिनेमा में अपने समय की चर्चित अभिनेत्री थीं जिन्होंने अपनी कामयाबी का एक नायाब इतिहास रचा लेकिन पर्दे पर रिश्ते की बुनावट और गरमाहट को साकार करने वाली मीना कुमारी अपने जीवन में इस गरमाहट के लिए जीवन भर तरसती रही।
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मीना कुमारी
मीना की जिंदगी काफी दर्द भरी रही जिसकी वजह से उन्हें ट्रेजिडी क्वीन कहा जाने लगा। लेखक मधुप शर्मा अपनी किताब आखिरी अढ़ाई दिन में बताते हैं, मीना कुमारी जब पैदा हुईं तो उनके परिवार में कोई खुशी नहीं मनाई गई। बहन खुर्शीद के बाद मीना कुमारी के पिता को बेटे की उम्मीद थी लेकिन पैदा हुई मीना यानि कि 'महजबीं बानो'। इसलिए मीना के पिता जन्म के पांचवें दिन ही घर वालों से छुपाकर उन्हें यतीमखाने की सीढ़ियों पर छोड़ आए थे। लेकिन जब उन्होंने देखा कि मीना की मां का रो-रोकर बुरा हाल था तो वह वापस मीना को घर ले आए।
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मीना कुमारी

घर लाने के बाद भी मीना की जिंदगी में कुछ खास बदलाव नहीं हुआ। कपड़े में उन्हें मिली तो सिर्फ उतरन। पैसों की तंगी की वजह से 4 साल की उम्र में मीना को काम करना पड़ा। इन्हीं फिल्मों ने उन्हें स्टार भी बनाया और आखिरकार फिल्म 'पाकीजा' के रिलीज होने के तीन हफ्ते बाद, मीना कुमारी गंभीर रूप से बीमार हो गईं। 

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