{"_id":"5b88db7942c7922ee4102db3","slug":"raj-kapoor-cried-when-listen-pankaj-udhas-song","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"पहली बार पंकज उधास को सुनकर राज कपूर का ऐसा था रिएक्शन, डिनर के दौरान ही फफक कर रो पड़े","category":{"title":"Bollywood","title_hn":"बॉलीवुड","slug":"bollywood"}}
पहली बार पंकज उधास को सुनकर राज कपूर का ऐसा था रिएक्शन, डिनर के दौरान ही फफक कर रो पड़े
Fri, 31 Aug 2018 11:46 AM IST
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Updated Fri, 31 Aug 2018 11:46 AM IST
विज्ञापन
1 of 5
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
हिंदी सिनेमा हो या म्यूजिक एल्बम पंकज उधास एक ऐसे गजल गायक हैं जिन्होंने हमेशा अपनी गायकी से लोगों को अपना दीवाना बनाया है। गुजरात के राजकोट के पास जेटपुर में जन्मे पंकज उधास शुरुआती दिनों में अपने भाई के साथ गाना गाया करते थे। उनकी पहली स्टेज परफॉर्मेंस भारत-चीन युद्ध के समय हुई थी जिसमें उन्होंने 'ऐ मेरे वतन के लोगों' गाना गाया था और उस वक्त उनकी गायकी से खुश होकर एक दर्शक ने 51 रुपये का इनाम दिया था।
2 of 5
70 के दशक में पंकज उधास ने फरीदा को पहली बार देखा और देखते ही अपना दिल हार बैठे थे। उस वक्त पंकज ग्रेजुएशन की पढ़ाई कर रहे थे और फरीदा एयर होस्टेस थीं। पहले दोनों के बीच दोस्ती हुई और एक दूसरे को डेट करने लगे। इसी बीच पंकज उधास गायकी के करियर में धीरे-धीरे पांव जमाते जा रहे थे।
3 of 5
राज कपूर और पंकज उधास से जुड़ा एक किस्सा काफी मशहूर है। एक बार राज कपूर अपने किसी दोस्त के घर डिनर पर पहुंचे। जहां उसने पंकज उधास का मशहूर गाना 'चिट्ठी आई है' चला दिया। गाना सुनते-सुनते ही राज कपूर की आंखों में आंसू आ गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
पंकज उधास के फैन ना केवल देश में बल्कि विदेशों में भी हैं। अमेरिका में एक कॉन्सर्ट के लिए पंकज टैक्सी लेकर जा रहे थे। तभी उन्होंने टैक्सी वाले को गाड़ी तेज चलाने को कहा तो उसने पंकज की गजल की चंद लाइनें दोहरा दीं 'जरा आहिस्ता चल'। जिस पर पंकज ने कहा, 'भाई आप तो गोरे लगते हो, हिंदी जानते हो?' टैक्सी वाले ने बताया कि वह अफगानी है और उनका फैन है। कार्यक्रम के लिए जब टैक्सी वाले ने उन्हें छोड़ा तो किराया नहीं लिया।
विज्ञापन
5 of 5
मुंबई में 'रिदम हाउस' नाम के एक शॉप में 80 और 90 के दशक के बीच हर हफ्ते एक चार्ट लगाया जाता था। जिसमें सबसे ज्यादा बिकने वाले 10 एल्बम के नाम होते थे। उस चार्ट पर 1981-1990 के बीच हमेशा ही पंकज उधास के एल्बम का नाम होता था। लोगों को लगने लगा था कि यह पंकज तो इस चार्ट से हटता ही नहीं।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।