लगभग दो दशकों तक फिल्मी पत्रकारिता करते रहे जर्नलिस्ट और फिल्म समीक्षक राजीव मसंद को फिल्मकार करण जौहर की टैलेंट एजेंसी धर्मा कॉर्नरस्टोन एजेंसी में मुख्य कार्यकारी अधिकारी की नौकरी मिली है। अब राजीव फिल्मों की समीक्षा और फिल्मी कलाकारों के साक्षात्कार नहीं, बल्कि नए कलाकारों की इस नई एजेंसी की संचालन व्यवस्था देखेंगे। इसकी आधिकारिक घोषणा धर्मा कॉर्नरस्टोन एजेंसी ने इस शुक्रवार को एक प्रेस रिलीज जारी करके की।
करण जौहर के करीबी पत्रकार ने जर्नलिज्म को कहा अलविदा, अब संभालेंगे फिल्मी कलाकारों की टैलेंट एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
करण जौहर के लिए वर्ष 2020 बहुत ऊपर नीचे होकर गुजरा है। उनकी शुरुआत तो हुई अपनी कंपनी धर्मा प्रोडक्शंस का एक घटक धर्मेटिक एंटरटेनमेंट बनाने से जो डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए काम करने वाला है। इसके बैनर तले उन्होंने 'गिल्टी' और 'फैबुलस लाइव्स ऑफ बॉलीवुड वाइव्स' जैसे शो बनाए। फिर साल खत्म होते होते उन्होंने अपनी एक टैलेंट मैनेजमेंट एजेंसी 'धर्मा कॉर्नरस्टोन एजेंसी' खोल डाली जिसका नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजीव मसंद को बनाया गया है।
करण जौहर को लगता है कि उनकी मैनेजमेंट एजेंसी के लिए राजीव मसंद की सही रहेंगे और वह नए कलाकारों और एजेंसी को भी नई दिशा दे सकेंगे। करण जौहर की कंपनी में नौकरी पाने के बाद अब राजीव मसंद ने पत्रकारिता को अलविदा कह दिया है। राजीव ने लगभग 16 साल की उम्र से पत्रकारिता करना शुरू किया था। वह शुरुआत से ही देश के बड़े बड़े अखबारों और समाचार चैनलों में काम करते रहे और अंत में उनकी पहचान एक फिल्म समीक्षक की बनी और अब आकर उन्होंने भी फिल्मकारों की नौकरी करना ही सही समझा।
वैसे भी राजीव को करण जौहर का करीबी माना जाता है। पिछले साल जून के महीने में अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत को मुंबई के बांद्रा स्थित उनके घर में मृत पाया गया तो उनकी मौत का सबसे ज्यादा जिम्मेदार करण जौहर को ही ठहराया गया। इस दौरान मुंबई पुलिस, बिहार पुलिस और सीबीआई ने सुशांत से जुड़े बहुत से लोगों से पूछताछ की। इस पूछताछ का हिस्सा राजीव मसंद को भी बनना पड़ा। राजीव के ऊपर आरोप था कि उन्होंने सुशांत के करियर को लेकर बहुत से मनगढ़ंत आलेख लिखे।
दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की पिछली कुछ फिल्मों को समीक्षकों से बहुत अच्छी प्रतिक्रिया नहीं मिल रही थी। उन समीक्षकों में राजीव मसंद भी शामिल रहे। जब कृति सेनन के साथ सुशांत की फिल्म 'राब्ता' रिलीज हुई और करण जौहर के निर्माण में जब 'ड्राइव' फिल्म को सिनेमाघरों को छोड़कर ओटीटी पर रिलीज किया गया तो वहां सबसे ज्यादा खिंचाई सुशांत सिंह राजपूत की ही की गई। मुंबई पुलिस ने राजीव मसंद से सुशांत मामले में कई मुद्दों पर बातचीत की। हालांकि, अब तक उन बातचीत का कोई निष्कर्ष नहीं निकला।