{"_id":"6320bd70e8fa9c6c2e2e3081","slug":"soha-ali-khan-revealed-if-ott-was-not-there-she-have-had-to-do-the-roles-of-sister-in-law-and-mother","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Soha Ali Khan : 43 की हो चुकीं सोहा अली खान का खुलासा, ओटीटी नहीं होता तो करनी पड़ती भाभी और मां की भूमिकाएं","category":{"title":"Bollywood","title_hn":"बॉलीवुड","slug":"bollywood"}}
Soha Ali Khan : 43 की हो चुकीं सोहा अली खान का खुलासा, ओटीटी नहीं होता तो करनी पड़ती भाभी और मां की भूमिकाएं
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: मोहम्मद फायक अंसारी
Updated Tue, 13 Sep 2022 10:57 PM IST
विज्ञापन
1 of 4
सोहा अली खान
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
नब्बे के दशक की घर बैठी अभिनेत्रियों को ओटीटी पर काम करने के अच्छे मौके मिल ही रहे है। साथ ही ऐसी अभिनेत्रियों को भी अच्छे मौके मिल रहे है, जिनका फिल्मों में करियर कुछ खास नहीं रहा है। अमेजन प्राइम वीडियो की वेब सीरीज 'हश हश' में जर्नलिस्ट की भूमिका निभा रहीं सोहा अली खान का मानना है कि अगर ओटीटी नहीं होता तो फिल्मों में उन्हें मां और भाभी की भूमिकाएं करनी पड़ती।
2 of 4
हश हश वेब सीरीज
- फोटो : सोशल मीडिया
जी 5 की सीरीज 'कौन बनेगा शिखरवती' के बाद सोहा अली खान की नई वेब सीरीज हश हश प्राइम वीडियो पर आने वाली है। सोहा अली खान इस सीरीज में जर्नलिस्ट सायबा की भूमिका निभा रही थी। इस सीरीज के ट्रेलर लॉन्च पर जहां सभी कलाकार अपने किरदार के बारे में बताने से कतरा रहे थे। वहीं, सोहा अली खान ने अपने किरदार के बारे में बता दिया। अपनी इस भूमिका को लेकर सोहा अली खान इसलिए ज्यादा उत्साहित हैं क्योंकि वह रियल में भी जर्नलिस्ट बनना चाहती थीं, लेकिन वह अभिनेत्री बन गईं। सोहा अली खान कहती हैं, जर्नलिस्ट बनना मेरा ड्रीम था। जो किसी कारणवश पूरा नहीं हुआ। अपने उस ड्रीम को अब इस सीरीज में मैंने पूरा कर लिया।
3 of 4
सोहा अली खान साथी कलाकारों के साथ
- फोटो : सोशल मीडिया
हिंदी फिल्मों की बात करें तो फिल्मों में जितना लंबा करियर हीरो का चलता है। उतना लंबा करियर हीरोइन का नही चलता है। पचास के हो जाने के बाद भी हीरो, हीरो ही बनकर आता है। जबकि 40 की उम्र पार हो जाने के बाद हीरोइन को मां और भाभी की भूमिकाएं मिलती है। 43 की हो चुकी सोहा अली खान कहती है, 'अगर ओटीटी नहीं आया होता तो इस उम्र में तो मुझे मां और भाभी की ही भूमिकाएं मिलती।'
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 4
सोहा अली खान, जूही चावला
- फोटो : सोशल मीडिया
फिल्मों में काफी समय से पुरुष प्रधान ही फिल्में बनती आई हैं। पुरुषो के अनुपात में महिला प्रधान फिल्में बहुत कम बनी हैं। लेकिन इस मायने में ओटीटी पर अब नए-नए प्रयोग हो रहे हैं। अब महिलाओं को ध्यान में रखकर कहानियां लिखी जा रही हैं। सोहा अली खान कहती हैं, 'यह बहुत ही अच्छा दौर है और इस दौर को मैं खूब इंजॉय कर रही हूं।'
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।