भारतीय सिनेमा में तब्बू यानि तबस्सुम फातिमा हाशमी एक बड़ा नाम है। बात अदाओं की हो रही हो या अदाकारी की, तब्बू का नाम न आए! ऐसा होना नामुमकिन है। हिंदी, मराठी, बंगाली समेत भारत की छह प्रमुख भाषाओं में काम कर चुकीं तब्बू को उनकी शानदार एक्टिंग के लिए दो नेशनल अवार्ड, छह फिल्मफेयर अवार्ड और सबसे ज्यादा चार क्रिटिक्स अवार्ड से नवाजा जा चुका है।। साल 2011 में भारत सरकार की तरफ से उन्हें पद्म श्री से सुशोभित किया गया। आइए उनके जन्मदिन पर आज हम आपको हिंदी सिनेमा में तब्बू के उन किरदारों के बारे में बताते हैं, जिनसे उन्होंने पूरे भारत का दिल जीता।
दो नेशनल अवार्ड जीत चुकीं तब्बू के इन 10 किरदारों ने बनाया उन्हें कालजयी कलाकार
किरदार - मोहिनी,
फिल्म – विजयपथ (1994)
वर्ष 1994 में रिलीज हुई फ़िल्म 'विजयपथ' से तब्बू को पहचान मिलना शुरू हुई। यह एक एक्शन-ड्रामा फ़िल्म थी। फ़ारूक़ सिद्दीकी की ये फ़िल्म मुख्य तौर पर अपने म्यूजिक के लिए हिट हुई। यह फ़िल्म तब्बू से पहले दिव्या भारती कर रही थीं। फ़िल्म की लगभग 20 फीसीद शूटिंग पूरी हो चुकी थी। लेकिन, दिव्या भारती की अचानक मौत की वजह से फ़िल्म में तब्बू को रीकास्ट किया गया था। यह फ़िल्म बदले की भावना पर आधारित थी। एक जज द्वारा एक क्रिमिनल को मौत की सजा देने पर क्रिमिनल का भाई, जज के पूरे परिवार को ड्राइवर समेत मौत के घाट उतार देता है। बाद में उसी ड्राइवर का बेटा अपने पिता और उनके मालिक की हत्या का बदला लेता है। यह तब्बू की पहली हिट फिल्म थी। इस फ़िल्म में अभिनय के लिए तब्बू को बेस्ट फीमेल डेब्यू का फिल्मफेयर अवार्ड मिला।
किरदार – वीरन
फिल्म- माचिस (1996)
साल 1996 में आई फ़िल्म 'माचिस' तब्बू की सुपरहिट फिल्मों में से एक है। गुलज़ार की यह फ़िल्म एक पीरियड पोलिटिकल थ्रिलर फिल्म थी। फ़िल्म में एक कैरेक्टर जसवंत सिंह रंधावा (राजेन्द्रनाथ जुत्शी) को पुलिस द्वारा अरेस्ट करके उस जुर्म के लिए टॉर्चर किया जाता है, जो उसने किया ही नहीं होता है। अपने दोस्त की यह हालत देखकर, सरकार को गिराने के लिए कृपाल सिंह (चंद्रचूड़ सिंह) चरमपंथियों का एक ग्रुप जॉइन कर लेता है। फ़िल्म में तब्बू का किरदार जसवंत सिंह की बहन और कृपाल सिंह की होने वाली पत्नी का है। एक बहन और पत्नी के रूप में दमदार एक्टिंग के लिए तब्बू को नेशनल अवार्ड से नवाजा गया।
किरदार – गहना
फिल्म – विरासत (1997)
प्रियदर्शन की फ़िल्म विरासत एक रोमांटिक ड्रामा फ़िल्म है। 1997 में इसी फ़िल्म से प्रियदर्शन की हिंदी सिनेमा में वापसी हुई थी। इस फ़िल्म में तब्बू की एक्टिंग को क्रिटिक्स ने बहुत सराहा था। यह फ़िल्म वर्ष 1997 की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली हिंदी फिल्मों में से एक थी। फ़िल्म में गहना (तब्बू) का किरदार गांव की एक लड़की का है। कुछ कठिन परिस्थितियों में शक्ति ठाकुर (अनिल कपूर) को गहना से शादी करनी पड़ती है। गहना बहुत ही शर्मीली लड़की है। शक्ति और गहना धीरे-धीरे एक दूसरे को समझते हैं। इस फ़िल्म को ग्यारह कैटगरी में फिल्मफेयर नॉमिनेशन मिला था, जिसमें से सात में जीत हासिल हुई थी। तब्बू को इस फ़िल्म के बेस्ट एक्ट्रेस (क्रिटिक्स) का फिल्मफेयर अवार्ड मिला।
किरदार- पन्ना
फिल्म- हु तू तू (1999)
वर्ष 1999 में आई फ़िल्म 'हु तू तू' एक ड्रामा फ़िल्म है। इस फ़िल्म को गुलज़ार ने डायरेक्ट किया है। फ़िल्म में तब्बू के किरदार का नाम पन्ना है। वह चीफ मिनिस्टर की बेटी है। अपने मुखिया को रिहा करवाने के लिए गुंडों का एक गैंग पन्ना को किडनैप कर लेता है। कुछ समय बाद पन्ना को पता चलता है कि, जिन लोगों ने मुझे किडनैप किया है, उनमें से एक उसका एक्स लवर है। इस फ़िल्म में दमदार अभिनय के लिए तब्बू को फिल्मफेयर बेस्ट एक्ट्रेस का नॉमिनेशन और फ़िल्मफेयर बेस्ट एक्ट्रेस क्रिटिक्स का अवार्ड मिला। फ़िल्म में तब्बू के साथ नाना पाटेकर और सुनील शेट्टी ने मुख्य भूमिका निभाई है।