सुदीप्तो सेन की फिल्म द केरल स्टोरी इन दिनों खूब चर्चा का विषय बनी हुई है। इस फिल्म के ट्रेलर में दिखाया गया है कि केरल से 32000 लड़कियों का धर्मांतरण किया गया और उनको आतंकी गतिविधियों में शामिल किया गया। इस फिल्म को लेकर दो पक्ष बंट चुके हैं। कुछ लोग हैं जो इसका समर्थन कर रहे हैं, तो वहीं कुछ लोग इस फिल्म पर विरोध जता रहे हैं। बीते दिन दिल्ली के जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में इस फिल्म की स्क्रीनिंग हुई। इस दौरान निर्देशक सुदीप्तो सेन, निर्माता विपुल अमृतलाल शाह और अदा शर्मा मौजूद रहे। स्क्रीनिंग के बाद फिल्म से जुड़े तमाम मुद्दों पर खुलकर बात की गई।
The Kerala Story: 50 हजार से ज्यादा लड़कियों का हुआ धर्मांतरण, JNU में स्क्रीनिंग के दौरान बोले सुदीप्तो सेन
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जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में इस फिल्म की स्क्रीनिंग हुई और इस दौरान फिल्म में ऐसे झकझोर देने वाले दृश्य थे कि लोगों की रूह कांप गई। स्क्रीनिंग के मौके पर छात्रों ने फिल्म निर्माताओं से सवाल किए। इस दौरान फिल्म मेकर सुदीप्तो सेन ने बताया कि फिल्म में दिखाया गया है कि करीब 32 हजार लड़कियों को पहले मुस्लिम बनाया गया बाद में उनको सीरिया भेज दिया गया। इसपर सवाल किया गया तो सुदीप्तो सेन ने कहा, 32 हजार आंकड़े मायने नहीं रखते हैं अगर किसी एक लड़की के साथ भी ऐसा हुआ है तो कहानी बाहर आनी चाहिए।
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सुदीप्तो सेन ने आगे कहा कि 32 हजार संख्या तथ्यों के साथ एक अंदाजन आंकड़ा है। उन्होंने कहा कि केरल के पूर्व मुख्यमंत्री ओमान चांडी ने कहा था कि 2014 में 900 लड़कियों के कन्वर्जन का मामला सामने आया था। इसके बाद साल 2015 और 16 का कोई आंकड़ा सामने नहीं आया, इसलिए पुराने और इसके बाद के भी आंकड़े जोड़े गए हैं। वहीं केरल के लोगों का कहना है कि यह आंकड़ा 50 हजार से भी ज्यादा है।
बता दें कि इस फिल्म को लेकर गुट दो धड़ों में बंटा हुआ नजर आ रहा है। कुछ लोग इसे सिर्फ प्रोपगेंडा बता रहे हैं तो वहीं कुछ लोग कह रहे हैं कि यह केरल का सच है। इन सबके बीच खबरें यह भी हैं विवादों के चलते मेकर्स ने फिल्म के ट्रेलर के इंट्रो में लड़कियों की संख्या 32 हजार से हटाकर तीन कर दी है।