मंसूर अली खान को मद्रास हाई कोर्ट की फटकार
बता दें कि अभिनेता मंसूर ने सोशल मीडिया पर अपने खिलाफ दिए गए बयानों के लिए तृषा, चिरंजीवी और खुशबू सुंदर के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया। लेकिन ऐसा लग रहा है कि इसका उल्टा असर हुआ है। मद्रास उच्च न्यायालय ने तृषा, चिरंजीवी और खुशबू सुंदर से एक-एक करोड़ रुपये का मुआवजा मांगने पर अभिनेता मंसूर अली खान को फटकार लगाई है। अभिनेता ने आरोप लगाया कि तृषा पर उनके बयान की पुष्टि किए बिना तीनों ने सार्वजनिक रूप से उनके खिलाफ अपमानजनक बयान दिए है। इसके लिए अभिनेता की खिंचाई की गई।
Zareen Khan: जरीन खान को धोखाधड़ी मामले में मिली अंतरिम जमानत, बिना इजाजत देश से बाहर नहीं जा पाएंगी अभिनेत्री
तृषा के पक्ष में कोर्ट ने दिया बयान
न्यायमूर्ति एन सतीश कुमार ने आश्चर्य जताया कि तृषा के बजाय मंसूर ने मानहानि का मुकदमा क्यों किया था। अदालत ने सवाल किया, “क्या उन्होंने गिरफ्तारी से बचने के लिए ही बिना शर्त माफी मांगी थी? दरअसल, तृषा को क्षति के लिए मुकदमा दायर करना चाहिए था। इसके साथ ही अदालत ने उनके वकील से अनुरोध किया कि वे उन्हें सलाह दें कि सार्वजनिक रूप से जिम्मेदारी से कैसे कार्य किया जाए। न्यायाधीश ने तृषा, चिरंजीवी और खुशबू को भी मुकदमे पर जवाब देने का निर्देश दिया है।
Bobby Deol: 'जमाल कुडू' गाने को मिल रहे प्यार से गदगद बॉबी, इस तरह मिला था सिर पर गिलास रखकर नाचने का आइडिया
इस वजह से शुरू हुआ विवाद
मंसूर ने दावा किया कि उन्होंने निजी तौर पर किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कुछ भी गलत नहीं कहा है। उनकी याचिका में कहा गया है कि वे केवल उन नकारात्मक पहलुओं पर कमेंट कर रहे थे, जो उन्होंने अतीत में निभाए थे और उन्होंने जो कुछ सीन किए थे वे अब लोगों के सामने पेश करने लायक नहीं है। उन्होंने दोहराया कि उनके बयान में तृषा या किसी भी महिला के खिलाफ कोई व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं की गई थी। हालांकि न्यायाधीश ने लगातार विवादों में रहने के लिए मंसूर की आलोचना की।