मणिपुर में बिहार सीएम नीतीश कुमार की पार्टी जदयू को बड़ा झटका लगा है। यहां जनता दल यूनाईटेड (जदयू) के पांच विधायक शुक्रवार को सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल हो गए। वहीं छेड़छाड़ के एक हाईप्रोफाइल मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने एफआईआर खारिज करने से इनकार कर दिया। साथ ही कहा कि निचली अदालत में केस चलेगा। साथ ही पूर्व मंत्री और भाजपा नेता रामवीर उपाध्याय का देर रात आगरा में निधन हो गया। वह लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे। रामवीर उपाध्याय के निधन से हाथरस और आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। ऐसी ही देश-दुनिया की अहम खबरें पढ़ें एक ही जगह और एक ही क्लिक पर...
Amar Ujala Top News: मणिपुर में 5 जदयू विधायक भाजपा में शामिल, छेड़छाड़ की FIR नहीं होगी रद्द, पढ़ें अहम खबरें
मणिपुर में जदयू को बड़ा झटका
मणिपुर में बिहार सीएम नीतीश कुमार की पार्टी जदयू को बड़ा झटका लगा है। यहां जनता दल यूनाईटेड (जदयू) के पांच विधायक शुक्रवार को सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल हो गए। मणिपुर विधानसभा के सचिव के मेघजीत सिंह द्वारा जारी एक बयान में कहा कि मणिपुर में जदयू के पांच विधायक भाजपा में शामिल हो गए हैं। जदयू ने इस साल मार्च में हुए विधानसभा चुनाव में 38 में से छह सीटों पर जीत हासिल की थी।
यहां पढ़ें पूरी खबर...
छेड़छाड़ में दर्ज एफआईआर नहीं होगी रद्द
छेड़छाड़ के एक हाईप्रोफाइल मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने एफआईआर खारिज करने से इनकार कर दिया। साथ ही कहा कि निचली अदालत में केस चलेगा, अगर आरोप गलत साबित हुए तो लड़की द्वारा आरोपी को क्षतिपूर्ति दी जाएगी। मामले का आरोपी यूएन में अहम पद नियुक्त था, लेकिन पीड़ित द्वारा यूएन को शिकायती पत्र लिखने के बाद उसे इस्तीफा देना पड़ा था।
यहां पढ़ें पूरी खबर...
एलजी ने बेटी को कानून तोड़ दिलाया ठेका
सांसद संजय सिंह ने आरोप लगाया कि खादी ग्रामोद्योग का चेयरमैन रहते हुए उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने कानून का उल्लंघन कर बेटी शिवांगी सक्सेना को खादी लाउंज के डिजाइन का ठेका दिया। इस मामले में उन्होंने केवीआईसी एक्ट 1961 का खुला उल्लंघन किया है। आप उनके खिलाफ कोर्ट जाने की तैयारी कर रही है।
यहां पढ़ें पूरी खबर...
पूर्व मंत्री रामवीर उपाध्याय का निधन
पूर्व मंत्री और भाजपा नेता रामवीर उपाध्याय का देर रात आगरा में निधन हो गया। वह लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे। रामवीर उपाध्याय के निधन से हाथरस और आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। हाथरस की सियासत के पर्याय समझे जाने वाले रामवीर उपाध्याय आखिर मौत से हार गए।
यहां पढ़ें पूरी खबर...