फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

अमरनाथ यात्रा 2023: सजने लगीं भक्तों की कतारें, गूंजने लगे भोले के जयकारे, अब तक तीन लाख लोगों का पंजीकरण

Thu, 29 Jun 2023 04:08 PM IST
kumar गुलशन कुमार अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू Published by: kumar गुलशन कुमार Updated Thu, 29 Jun 2023 04:08 PM IST
सार

भोले के भक्त देश के विभिन्न हिस्सों से जम्मू पहुंचना शुरू हो गए हैं। यात्रा के लिए पंजीकरण कराना अनिवार्य है। ऐसे में जो श्रद्धालु किसी कारण पंजीकरण नहीं करा सके हैं उनके लिए जम्मू शहर में तत्काल पंजीकरण की व्यवस्था की गई है।

विज्ञापन
Amarnath Yatra 2023: Queues of devotees started decorating so far 3 lakhs have registered
Amarnath Yatra 2023 - फोटो : अमर उजाला

वार्षिक श्री अमरनाथ यात्रा इस बार एक जुलाई से शुरू होने जा रही है। इसके लिए कल यानी 30 जून को जम्मू के भगवती नगर से पहला जत्था आधार शिविर बालटाल और पहलगाम के लिए रवाना होगा। दोनों आधार शिविरों से शनिवार को श्रद्धालु पवित्र गुफा की ओर अपनी यात्रा आरंभ करेंगे।



भोले के भक्त देश के विभिन्न हिस्सों से जम्मू पहुंचना शुरू हो गए हैं। यात्रा के लिए पंजीकरण कराना अनिवार्य है। ऐसे में जो श्रद्धालु किसी कारण पंजीकरण नहीं करा सके हैं उनके लिए जम्मू शहर में तत्काल पंजीकरण की व्यवस्था की गई है। इसके लिए टोकन लेने के लिए भोले के भक्त कतारों में सुबह से ही जुट गए हैं। भक्तों के बीच बाबा के दर्शन के लिए उत्साह देखते ही बन रहा है। श्रद्धालुओं के आगमन से शहर में बम बम भोले के जयकारे गूंजना शुरू हो गए हैं।



ये भी पढ़ें- Amarnath Yatra 2023: शिवभक्तों के स्वागत के लिए जम्मू-कश्मीर तैयार, भगवती नगर से कल पहला जत्था होगा रवाना

Amarnath Yatra 2023: Queues of devotees started decorating so far 3 lakhs have registered
Amarnath Yatra 2023 - फोटो : अमर उजाला

पवित्र गुफा तक पहुंचने के लिए हैं दो यात्रा मार्ग
श्री अमरनाथ की पवित्र गुफा तक पहुंचने के लिए दो मार्ग हैं- पहलगाम और बालटाल मार्ग। श्रद्धालु पहलगाम यात्रा मार्ग को अधिक महत्व देते हैं। कथाओं में भी इसी मार्ग का जिक्र मिलता है। दूसरी ओर, जिन्होंने यात्रा को कम समय में पूरा करना होता है वे बालटाल यात्रा मार्ग का चयन करते हैं। इस मार्ग से यात्रा एक दिन में पूरी की जा सकती है।

पहलगाम मार्ग से यात्रा पूरी करने में तीन दिन का समय लगता है। समय की बचत के लिए कई श्रद्धालु पवित्र गुफा तक पहुंचने के बाद बालटाल मार्ग से वापसी करते हैं। अगर मौसम साफ रहे तो इस मार्ग से तीन दिन के भीतर दर्शन कर बालटाल आधार शिविर में वापस पहुंचा जा सकता है। पहलगाम मार्ग में पहली रात शेषनाग आधार शिविर में गुजारनी पड़ती है। फिर दूसरी रात पंजतरणी में रुकना होता है। इसके बाद पंजतरणी से पवित्र गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन करके बालटाल के रास्ते उसी दिन आधार शिविर तक पहुंचा जा सकता है।

Amarnath Yatra 2023: Queues of devotees started decorating so far 3 lakhs have registered
Amarnath Yatra 2023 - फोटो : अमर उजाला

दोनों रूट से 10-10 हजार यात्री भेजे जाएंगे
अमरनाथ यात्रा में प्रतिदिन पहलगाम और बालटाल रूट से दस-दस हजार श्रद्धालुओं को भेजने की व्यवस्था होगी। इससे पहले यह आंकड़ा 7500-7500 था। इसके अलावा हेलिकॉप्टर सेवा से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए दर्शन की अलग व्यवस्था रहेगी। यात्रा मार्ग पर यात्रियों की मूवमेंट पर आरएफआईडी (रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटीफिकेशन) प्रणाली से नजर रखी जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Amarnath Yatra 2023: Queues of devotees started decorating so far 3 lakhs have registered
Amarnath Yatra 2023 - फोटो : अमर उजाला

यात्रा रूट पर पौष्टिक आहार मिलेगा
अमरनाथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ सेहत पर ध्यान केंद्रित किया गया है। इसके लिए पर्याप्त स्वास्थ्य ढांचे के साथ निर्धारित फूड मैन्यू    तय किया गया है। यात्रा ट्रैक पर जंक और फास्ट फूड नहीं परोसे जाएंगे,   बल्कि सादा और पौष्टिक आहार उपलब्ध करवाया जाएगा। श्री अमरनाथ   श्राइन बोर्ड की ओर जारी फूड मैन्यू लंगर संगठनों, फूड स्टालों, दुकानों और अन्य प्रतिष्ठानों पर लागू रहेगा।

विज्ञापन
Amarnath Yatra 2023: Queues of devotees started decorating so far 3 lakhs have registered
Amarnath Yatra 2023 - फोटो : अमर उजाला

अब तक करीब तीन लाख ने कराया  अग्रिम पंजीकरण
 सूत्रों के अनुसार, इस बार अब तक करीब तीन लाख यात्री अग्रिम यात्री पंजीकरण करवा चुके हैं। इस साल रिकार्ड यात्रा होने की उम्मीद है। वर्ष 2022 में 44 दिन की यात्रा में 20 दिन खराब मौसम के कारण यात्रा प्रभावित हुई थी। इस बार लखनपुर से कश्मीर तक विभिन्न स्थानों पर आपात स्थिति में यात्रियों को ठहराने के लिए अतिरिक्त व्यवस्था की गई है। रामबन के चंद्रकोट में 3600 क्षमता वाला यात्री निवास स्थापित है। इस साल रिकार्ड 62 दिन की अमरनाथ यात्रा से जुड़े होटल, टैक्सी आपरेटर, ड्राई फ्रूट्स आदि व्यवसाय में तेजी आने की उम्मीद है।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed