Science Of Induction Heating: इन दिनों देश भर में एलपीजी गैस को लेकर अफरा-तफरी का माहौल है। ऐसे में आम जनता को रसोई के ईंधन के लिए वैकल्पिक रास्तों की तलाश करनी पड़ रही है। इसी समस्या के समाधान के रूप में देशभर में इंडक्शन चूल्हों की खरीदारी में काफी तेजी आई है। इंडक्शन की मांग इतनी बढ़ गई है कि कई प्रमुख ई-कॉर्मस वेबसाइट्स पर भी ये प्रोडक्ट 'आउट ऑफ स्टॉक' हो चुका है।
Health Tips: क्या इंडक्शन पर पका भोजन सेहत के लिए नुकसानदायक है, जान लें क्या कहता है विज्ञान?
हमारे समाज में इंडक्शन चूल्हे को लेकर कुछ अफवाह फैली हुई हैं, जिनमें से एक बड़ा अफवाह है कि क्योंकि इंडक्शन पर रेडिएशन से भोजन पकता है इसलिए इसपर पका भोजन पौष्टिक नहीं होता है! आइए इस लेख में इसकी सच्चाई जानते हैं।
क्या इलेक्ट्रोमैग्नेटिक रेडिएशन खतरनाक है?
इंडक्शन को लेकर सबसे बड़ी अफवाह इसके रेडिएशन (विकिरण) को लेकर रहती है। वैज्ञानिक रूप से इंडक्शन से निकलने वाली तरंगें 'नॉन-आयनाइजिंग' होती हैं, जो मोबाइल फोन या वाई-फाई के जैसे ही सुरक्षित मानी जाती हैं। बता दें कि ये तरंगें सिर्फ बर्तन के संपर्क में आने पर एक्टिव होती हैं और भोजन के आणविक ढांचे को नुकसान नहीं पहुंचातीं।
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भोजन के पोषक तत्वों पर असर
हमारे समाज में एक तरह का अफवाह है कि इंडक्शन पर खाना बनाने से विटामिन और मिनरल्स नष्ट हो जाते हैं। हालांकि एक स्टडी के मुताबिक इंडक्शन चूल्हे पर खाना पकाना सुरक्षित है। इंडक्शन पर खाना गैस की तुलना में कम समय में पकता है और इसमें तापमान पर सटीक नियंत्रण होता है।
कम समय तक आंच पर रहने के कारण भोजन के महत्वपूर्ण पोषक तत्व गैस चूल्हे की तुलना में अधिक सुरक्षित रहते हैं। यह तकनीक भोजन के स्वाद और गुणवत्ता को बरकरार रखने में मदद करता है।
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बर्तनों का चुनाव में सावधानी जरूरी
इंडक्शन के सुरक्षित इस्तेमाल के लिए सही बर्तनों का चुनाव करना बहुत जरूरी है। सिर्फ 'फेरोमैग्नेटिक' (चुंबकीय) आधार वाले स्टेनलेस स्टील या लोहे के बर्तन ही इस पर प्रभावी होते हैं। खराब गुणवत्ता वाले प्लास्टिक या असुरक्षित कोटिंग वाले बर्तनों का उपयोग नहीं करना चाहिए, क्योंकि अधिक तापमान पर वे रसायन छोड़ सकते हैं।
इसके साथ ही इंडक्शन में खुले आग का खतरा नहीं होता है और गैस रिसाव की संभावना भी नहीं होती है, इसलिए यहआधुनिक रसोई के लिए एक सुरक्षित विकल्प है।
अफवाहों से बचें और तकनीक अपनाएं
ऐसे में ये कहना गलत नहीं होगा कि इंडक्शन पर पका भोजन पूरी तरह स्वास्थ्यवर्धक है और इसके नुकसान को लेकर फैली बातें सिर्फ अफवाहें हैं। एलपीजी की कमी के इस दौर में इंडक्शन एक किफायती, तेज और सुरक्षित विकल्प के रूप में उभरा है। आज की आधुनिक जीवनशैली में यह तकनीक न सिर्फ आपका समय बचाती है, बल्कि आपकी सेहत के साथ भी समझौता नहीं करती।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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