कोरोना का ओमिक्रॉन वैरिएंट दुनियाभर में बड़े ही तेज रफ्तार के साथ बढ़ता जा रहा है। हालिया रिपोर्टस के मुताबिक अब तक करीब 57 देशों में इस नए वैरिएंट के मामले सामने आ चुके हैं। अध्ययनों से पता चलता है कि कोरोना का यह वैरिएंट काफी संक्रामक है, ऐसे में खतरा उन लोगों के लिए भी बना हुआ है जिनका पूरी तरह से वैक्सीनेशन हो चुका है। हालांकि स्वास्थ्य विशेषज्ञ टीके की दोनों डोज ले चुके लोगों को गंभीर संक्रमण और इसके कारण होने वाली मौत से सुरक्षित मानते हैं।
Omicron Variant: संक्रमितों का इलाज कर रही डॉक्टर ने बताया, डेल्टा से ऐसे अलग हैं ओमिक्रॉन के लक्षण
क्या कहते हैं ओमिक्रॉन संक्रमितों का इलाज कर रहे डॉक्टर्स?
मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमितों में हल्के-मध्यम लक्षण ही देखे जा रहे हैं। दक्षिण अफ्रीका में कोरोना के इस नए वैरिएंट से संक्रमितों का इलाज कर रहीं डॉक्टर एंजेलिक कोएत्ज़ी बताती हैं, यह डेल्टा से बिल्कुल अलग है। रोगियों में स्वाद और गंध की कमी, ऑक्सीजन की कमी या हाई पल्स रेट जैसे लक्षण फिलहाल नहीं देखे जा रहे हैं, जैसा कि डेल्टा से संक्रमितों में देखे गए थे।
ओमिक्रॉन संक्रमितों के लक्षण डेल्टा से थोड़े अलग
डॉक्टर एंजेलिक बताती हैं, ओमिक्रॉन संक्रमितों में बहुत हद तक सर्दी या फ्लू जैसे लक्षण देखने को मिल रहे हैं। कुछ रोगियों को सिरदर्द, शरीर में दर्द और गले में मामूली खराश की शिकायत हो रही है। उनमें गंभीर खांसी, बहुत अधिक नाक बहने या बंद नाक जैसी समस्या फिलहाल नहीं देखी जा रही है। प्रारंभिक शोध में इस नए वैरिएंट से संक्रमितों में हल्के या मध्यम लक्षण ही देखे गए हैं, जिससे पता चलता है कि डेल्टा वैरिएंट की तुलना में इसकी गंभीरता संभवत: कम हो सकती है।
दोबारा संक्रमण का कारण बन रहा है ओमिक्रॉन
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हाल ही में ओमिक्रॉन को लेकर जारी रिपोर्ट में बताया कि प्रारंभिक डेटा इंगित करता है कि कोरोना वायरस का यह नया वैरिएंट पहले से संक्रमित लोगों में रि-इंफेक्शन का भी कारण बन सकता है। डब्ल्यूएचओ के प्रमुख टेड्रोस एडनॉम ने बताया कि दक्षिण अफ्रीका के उभरते आंकड़ों से पता चलता है कि ओमिक्रॉन वैरिएंट के कारण लोगों में पुन: संक्रमण के मामले देखे जा रहे हैं, फिलहाल राहत की बात यह है कि इससे संक्रमितों में गंभीर रूप लेने के मामले देखने को नहीं मिले हैं।
ऐसे रह सकते हैं सुरक्षित?
डॉक्टर एंजेलिक बताती हैं, ओमिक्रॉन के खतरे से बचे रहने के लिए लोगों को कोविड एप्रोप्रिएट बिहेवियर का लगातार पालन करते रहना चाहिए। संभव है कि लोगों का वैक्सीनेशन हुआ है इसलिए इसके गंभीर लक्षणों के बारे में अब तक पता नहीं चल पाया है। आगे के अध्ययनों में इस बारे में ज्यादा स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल वैक्सीन की दोनों डोज ले चुके लोगों को इसके खतरे से ज्यादा सुरक्षित माना जा सकता है।
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स्रोत और संदर्भ
Doctor shares the three specific symptoms of Omicron variant
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