कम उम्र में कई कारणों से बढ़ती बालों की समस्या, एक बड़े चुनौती के तौर पर उभर रही है। 20-30 की आयु वालों में बालों के झड़ने, बालों की कमजोरी और विकास में कमी जैसी कई तरह की दिक्कतें देखी जा रही हैं। बालों के सफेद होने की समस्या भी युवाओं में बड़े परेशानी का कारण बनी हुई है। एक हालिया अध्ययन में शोधकर्ताओं की टीम ने पाया कि कोविड-19 संक्रमण के दुष्प्रभाव की स्थिति में भी लोगों में सफेद बालों की दिक्कत बढ़ती जा रही है। अगर आपको भी पिछले एक से डेढ़ साल में बालों की सफेदी बढ़ती हुई महसूस हो रही है तो संभव है कि यह कोविड-19 के कारण होने वाला दुष्प्रभाव है, इस बारे में किसी विशेषज्ञ की सलाह जरूर ले लें।
ध्यान दें: तेजी से सफेद हो रहे हैं बाल? यह कोविड-19 का साइड-इफेक्ट तो नहीं, जानिए अध्ययन में क्या पता चला
कोविड-19 के कारण बढ़ती बालों की समस्या
कोविड-19 के दुष्प्रभावों को जानने के लिए किए जा रहे अध्ययन में वैज्ञानिकों की टीम ने पाया कि संक्रमितों में बालों से संबंधित समस्याओं की एक श्रृंखला हो सकती है। संक्रमण से ठीक हो चुके लोगों में एलोपीसिया और बालों के सफेद होने की दिक्कत देखी जा रही है। एक्सपेरिमेंटल डर्मेटोलॉजी जर्नल में साल 2020 में प्रकाशित एक अध्ययन से पता चलता है कि गंभीर कोविड-19 के कारण यह समस्या बढ़ी है। वायरस शरीर में प्रवेश करने के साथ प्रतिरक्षा प्रणाली पर अटैक करता है, इससे बालों को रंग देने वाले हार्मोन्स भी प्रभावित होते देखे गए हैं।
बालों के झड़ने की समस्या
कोविड-19 के बाद बालों के सफेद होने के साथ-साथ बालों के झड़ने की भी दिक्कत देखी जा रही है। अध्ययनकर्ता में से एक हेलेना कुह्न कहती हैं, कोविड-19 के कारण बालों के झड़ने की जो समस्या देखी जा रही है इसे टेलोजेन एफ्लुवियम कहा जाता है। यह शरीर के अचानक होने वाली प्रतिक्रिया और इससे क्षति की स्थिति है। सामान्य परिस्थितियों में कई कारकों के चलते 5 से 10 प्रतिशत बालों को क्षति होती है लेकिन टेलोजेन एफ्लुवियम के साथ यह खतरा बढ़कर 30% से अधिक हो सकता है। लॉन्ग कोविड की समस्या के तौर पर भी लोगों में बालों से संबंधित दिक्कत देखी जा रही है।
क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ?
त्वचा रोग विशेषज्ञों का कहना है कि कोविड-19 और इसके कारण उत्पन्न स्थितियों ने लोगों में फाइटिंग रिस्पॉस पैदा कर दिया है। इस स्थिति में नॉरपेनेफ्रिन नामक एक हार्मोन रिलीज होता है जिससे बाल सफेद हो सकते हैं। इस हार्मोन के कारण बालों से संबंधित अन्य कई प्रकार के विकारों के मामले भी बढ़ते हुए देखे गए हैं।
कई लोगों में लॉन्ग कोविड की समस्याओं के रूप में भी बालों की दिक्कत देखी गई है। संक्रमण से ठीक हो चुके लोगों को इस तरह के लक्षणों को लेकर ध्यान देने और समय रहते डॉक्टरी सलाह लेने की सलाह दी जाती है।
कोविड-19 के बाद बाल सफेद हो रहे हों या झड़ रहे हों तो क्या करें?
डॉक्टर्स कहते हैं यदि संक्रमण से ठीक होने के बाद आपको भी बालों से संबंधित समस्याओं का अनुभव हो रहा है तो इस बारे में तुरंत किसी त्वचा रोग विशेषज्ञ की सलाह ले लें। कई लोगों में बढ़े हुए तनाव के कारण भी बालों की समस्या देखी जा रही है, ऐसे में डॉक्टर स्थिति का सही पहचान कर उसका इलाज कर सकते हैं। कोविड-19 ने कई प्रकार से पूरे शरीर की कार्यप्रणाली को प्रभावित किया है, ऐसे में संक्रमण से ठीक हो चुके लोगों को सेहत पर विशेष ध्यान रखने की सलाह दी जाती है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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