आज का दिन मुस्लिम लोगों के लिए बेहद खास दिन है। आज मोहम्मद साहब का जन्मदिन है। इस खास दिन को ईद मिलान-उन-नबी के नाम से पहचाना जाता है। इस दिन लोग मोहम्मद साहब की दी हुई सीख को याद करते हुए प्रार्थना की जाती है। इस खास दिन मुस्लिम लोग कुछ खास रस्में भी निभाते हैं। आइए जानते हैं आखिर क्या हैं ये रस्में।
Eid e Milad 2018: हर मुस्लिम के लिए बेहद खास होता है ये दिन, जरूर निभाते हैं ये रस्में
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हर त्योहार की तरह इस दिन भी लोग अपने दोस्तों रिश्तेदारों को आपस में मिठाइयां बांटते हैं। कहा जाता है कि मोहम्मद साहब को खाने में खजूर और शहद बेहद पसंद था।
गीत
वैसे तो इस्लाम में लोगों को नाचने-गाने की इजाजत नहीं होती है, लेकिन पैगबंर साहब से जुड़े गीत आप गा सकते हैं। माना जाता है कि गीत व्यक्ति का अच्छा समय लेकर आते हैं। खासकर तब जब वो अल्लाह की प्रशंसा में गाए जाते हैं। ये गीत आपके और ईश्वर के बीच बने रिश्ते को मजबूत बनाने में आपकी मदद करते हैं।
परिवार के साथ समय बिताना
मिलाद-उन-नबी के दौरान लोग अपने पूरे परिवार के साथ बैठकर मोहम्मद साहब को याद करते हुए अपने जीवन की कई समस्याओं को सुलझाने पर विचार करते हैं।
उपदेश
मिलाद-उन-नबी हर इतिहासकार और धार्मिक विद्वान के लिए एक बहुत बड़ा दिन होता है। ये लोग इस दिन मोहम्मद साहब और इस्लाम से जुड़ी चर्चा में हिस्सा लेते हैं। इस खास मौके पर कई विवादास्पद धार्मिक विषयों पर भी चर्चा होती है ताकि इस धर्म को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों को दूर किया जा सके।