सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त

Indore News: ऐसा भी होता है- वरिष्ठ पत्रकार श्रवण गर्ग के पास पहुंचा मुफ्त अनाज लेने का मैसेज, ट्वीट कर जताई आपत्ति तो हुआ सुधार

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: चंद्रप्रकाश शर्मा Updated Tue, 24 May 2022 06:04 PM IST
सार

मप्र में मुफ्त अनाज योजना के हाल ऐसे हैं कि राशन कोई और ले रहा है और मैसेज किसी और को भेजे जा रहे हैं। वरिष्ठ पत्रकार श्रवण गर्ग के पास मुफ्त अनाज लेने का मैसेज आया तो उन्होंने ट्वीट कर आपत्ति जताई। इसके बाद प्रशासन ने गलती सुधारी। 

विज्ञापन
Indore News: This also happens - Senior journalist Shravan Garg reached the message of taking free food grains, the objection was improved by tweeting
ये हैं बाबू यादव जिनको मिल रहा है राशन, मगर नंबर दर्ज हो गया गलत - फोटो : सोशल मीडिया
मध्य प्रदेश सरकार में मुफ्त अनाज वितरण में अजीबो-गरीब मामला मामला सामने आया है। अनाज वितरण प्रक्रिया के ऐसे हाल हैं कि अनाज ले कोई और रहा है और मैसेज किसी और के पास जा रहे हैं। मंगलवार को जब यह मामला सामने आया तो शासन-प्रशासन हरकत में आया और गलती सुधारी।
Trending Videos
Indore News: This also happens - Senior journalist Shravan Garg reached the message of taking free food grains, the objection was improved by tweeting
पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने किया ट्वीट - फोटो : सोशल मीडिया
दरअसल, इंदौर में रहने वाले वरिष्ठ पत्रकार श्रवण गर्ग के नाम से मुफ्त का अनाज निकल रहा है जबकि गर्ग न तो इस श्रेणी में आते हैं न कभी उन्होंने यह अनाज लिया है। जब उनके पास इस तरह के मैसेज आए तो गर्ग ने ट्विटर पर इस संबंध में ट्विट कर आपत्ति जताई। गर्ग के ट्वीट पर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भी ट्वीट किया और सरकार को घेरा है।  गर्ग को एक मैसेज प्राप्त हुआ जिसमें यह बताया गया कि आपने सरकार से मुफ्त अनाज लिया है। गेहूं, चावल, शक्कर, केरोसिन मिलता है। इसमें आपने गेहूं 4 किलो और चावल 6 किलो प्राप्त किए हैं। अनाज प्राप्त न हुआ हो तो सीएम हेल्पलाइन 181 नंबर पर कॉल करें। गर्ग ने सोशल मीडिया पर लिखा कि मैंने न अनाज लिया न मुझे अनाज मिला यह फर्जी है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Indore News: This also happens - Senior journalist Shravan Garg reached the message of taking free food grains, the objection was improved by tweeting
ये मैसेज आया था वरिष्ठ पत्रकार गर्ग के पास - फोटो : सोशल मीडिया
कलेक्टर ने करवाई जांच, सुधारी गलती
जब यह ट्वीट शासन-प्रशासन की जानकारी में आया तो इसकी पड़ताल की गई। इसमें यह बात सामने आई कि गलत मोबाइल नंबर की त्रुटि के कारण ऐसा हुआ है। यह राशन मयूर नगर मूसाखेड़ी निवासी बाबू यादव को मिल रहा है लेकिन गलती से मोबाइल नंबर वरिष्ठ पत्रकार श्रवण गर्ग का दर्ज होने से प्रति माह राशन वितरण की सूचना गर्ग को जा रही थी। कलेक्टर मनीष सिंह के संज्ञान पर यह विषय आने पर त्रुटि सुधारी गई। कलेक्टर ने खाद्य अधिकारी मीना मालाकर को मौके पर भेजकर इसकी जांच कराई गई थी। उपभोक्ता बाबू यादव की समग्र आईडी पर मोबाइल नंबर गलत दर्ज हो गया था। एनआईसी भोपाल से उसे भी हटवा दिया गया है।
Indore News: This also happens - Senior journalist Shravan Garg reached the message of taking free food grains, the objection was improved by tweeting
इंदौर कलेक्टर के अकाउंट से किया गया गलती सुधारने का ट्वीट - फोटो : सोशल मीडिया
मयूर नगर के मूसाखेड़ी इंदौर के बाबू यादव के परिवार में पत्नी सोना यादव और वे दो सदस्य हैं। इनकी समग्र परिवार आईडी—39049830 है। ये बीपीएल श्रेणी के हितग्राही हैं। इनके द्वारा हर महीने उचित मूल्य दुकान कविता महिला सहकारी उपभोक्ता भंडार, कोड  क्रमांक 809266 से अपना राशन पीओएस पर आधार सत्यापन करके प्राप्त किया जा रहा है। 21 मई को बाबू यादव ने बायोमेट्रिक लगाकर 12 किलो गेहूं, 8 किलो चावल सहित कुल 20 किलो खाद्यान्न प्राप्त किया है।  इनके परिवार डाटा में पीओएस मशीन पर विक्रेता द्वारा त्रुटिवश मोबाइल नंबर गलत दर्ज हो जाने से इनके द्वारा प्राप्त किए जा रहे राशन का मैसेज श्रवण गर्ग को प्रेषित हो रहा था।
 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed