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जेल से तो निकल गए हैं संजय दत्त, क्या फिर से बन पाएंगे हीरो!
Thu, 25 Feb 2016 06:26 PM IST
Updated Thu, 25 Feb 2016 06:26 PM IST
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संजय दत्त 56 वर्ष के हो चुके हैं। उनकी जिंदगी में कई बार मुश्किल दौर आए हैं। वो हर बार इससे बाहर निकले हैं, लेकिन इस बार क्या वो फिर से प्रशंसकों के दिल में जगह बना पाएंगे। ये सवाल बहुतों को परेशान कर रहा है।
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1981 में पहली फिल्म रॉकी और फिर विधाता (1982) के हिट होने के बाद संजय ड्रग्स की चपेट में आ गए थे। तब पिता सुनील दत्त उन्हें मुश्किल दौर से उबारा था और तीन साल बाद 1985 में संजय ने फिल्म जान की बाजी से पहली वापसी की थी।
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पहली फिल्म की सफलता के बाद लड़खड़ा गए संजय दत्त के लिए सुनील दत्त ने दिन-रात मेहनत की थी। उनकी बहन प्रिया ने भाई को नशे की लत से निकालने के लिए बहुत दिल से मेहनत की। इसके बाद वह 1990 के शुरुआती वर्षों तक लगातार सफल रहे और नाम, इनाम दस हजार, इलाका से लेकर सड़क, साजन, खलनायक जैसी फिल्में दीं। इसके बाद 1993 में मुंबई में बम विस्फोट हुए।
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मगर 1993 के मुंबई बम विस्फोटों के बाद आर्म्स एक्ट में गिरफ्तारी से उनका करिअर चार साल ठहरा रहा। तब लगा कि अब शायद ही संजय दत्त वापसी कर पाएंगे। फिल्मी पंडित उनको चुका हुआ मान चुके थे। इसके बाद संजय दत्त ने सबको चुप कर दिया।
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1997 में वह दूसरी बार वापसी करने में कामयाब रहे। राम गोपाल वर्मा की दौड़ उनकी पहली फिल्म थी। लेकिन इमेज बदली मुन्नाभाई एमबीबीएस (2003) से। सफलता के रास्ते में फिर मुंबई ब्लास्ट का मुकदमा उनके लिए मुश्किल बना और उन्हें 2014 में जेल जाना पड़ा।
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