{"_id":"6a5a75d099d3ee174507ba8c","slug":"why-air-conditioner-cooling-less-during-monsoon-4-reasons-2026-07-18","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"AC Cooling Tips: बारिश में एसी दे रहा है कम कूलिंग? हो सकती हैं यह चार बड़ी वजह, जानें सही करने का आसान तरीका","category":{"title":"Tech Tips in Hindi","title_hn":"टेक टिप्स एंड ट्रिक्स","slug":"tip-of-the-day"}}
AC Cooling Tips: बारिश में एसी दे रहा है कम कूलिंग? हो सकती हैं यह चार बड़ी वजह, जानें सही करने का आसान तरीका
Sat, 18 Jul 2026 06:30 AM IST
जागृति
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: जागृति
Updated Sat, 18 Jul 2026 06:30 AM IST
सार
AC cooling in monsoon: मानसून में बाहर का तापमान भले कम हो गया है, लेकिन हवा में बढ़ी हुई नमी अंदर एसी की कूलिंग पर असर डाल सकती है। बारिश में कई लोगों की शिकायत होती है कि बारिश के दिनों में एसी पहले जैसी ठंडक नहीं करता, इसकी वजह सिर्फ मौसम नहीं, बल्कि AC के इस्तेमाल का तरीका और कुछ तकनीकी कारण भी हो सकते हैं। अगर इन बातों का ध्यान रखा जाए तो मानसून में भी AC बेहतर कूलिंग दे सकता है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : एआई जनरेटेड
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Why AC is not cooling in rainy season: मानसून के दस्तक देते ही हवा में वाटर वेपर यानी नमी का स्तर बढ़ जाता है। यही ह्यूमेडिटी आपके एसी के काम करने के पूरे सिस्टम और उसकी काम करने की क्षमता पर सीधा असर डालती है। जिसका नतीजा यह होता है कि बाहर ठंडक होने के बावजूद कमरे के अंदर चिपचिपाहट बरकरार रहती है और AC ऑन होने पर भी कूलिंग का अहसास नहीं होता। अगर आपके घर का AC भी इस मानसूनी सीजन में काम नहीं कर रहा है, तो इसके पीछे चार कारण हो सकते हैं। आइए जानते हैं कौन से...
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : एआई जनरेटेड
1. गलत मोड का चुनाव
ज्यादातर लोग अपने एसी को केवल कूलिंग मोड पर ही चलाते हैं, लेकिन आपको बता दें कि कूलिंग मोड केवल तब काम करता है जब बाहर की हवा सूखी और अत्यधिक गर्म हो (जैसे मई-जून की तपती गर्मी में)। बारिश के दिनों में तापमान से सबसे बड़ी समस्या हवा की नमी होती है। इस मौसम में कूलिंग मोड हवा को सुखा नहीं पाता, जिससे कमरे में उमस बनी रहती है और ऐसा लगता है कि एसी काम नहीं कर रहा।
2. इवेपोरेटर कॉइल पर बर्फ जमना
बारिश के मौसम में एयर कंडीशनर को हवा से बहुत ज्यादा मात्रा में पानी (नमी) सोखना पड़ता है। ऐसे में अगर आपके एसी का एयर फिल्टर लंबे समय से साफ नहीं हुआ है या धूल से ब्लॉक है, तो अंदर हवा का बहाव धीमा हो जाता है। एयरफ्लो कम होने की वजह से अंदर मौजूद इवेपोरेटर कॉइल जरूरत से ज्यादा ठंडी हो जाती है और उस पर जमी नमी बर्फ का रूप ले लेती है। जब कॉइल पर बर्फ की परत जम जाती है, तो ठंडी हवा का बाहर आना पूरी तरह रुक जाता है।
3. आउटडोर यूनिट का कीचड़ या पानी में फंसना
एसी की आउटडोर यूनिट का सही स्थिति में होना बहुत जरूरी है। अगर आपके घर के बाहर लगी यह यूनिट सही या ऊंची जगह पर फिट नहीं है, तो लगातार बारिश से उसके आसपास पानी, कीचड़, पत्तियां या मिट्टी जमा हो सकती है। जब आउटडोर यूनिट गंदगी से घिर जाती है, तो वह अंदर की गर्मी को बाहर रिलीज नहीं कर पाती। जिससे पूरा सिस्टम ओवरहीट हो जाता है और अंदर कमरे तक ठंडक नहीं पहुंच पाती।
4. वोल्टेज का उतार-चढ़ाव और इंटरनल डैमेज
बारिश और आंधी-तूफान के दिनों में बिजली की ट्रिपिंग और वोल्टेज फ्लक्चुएशन (उतार-चढ़ाव) की समस्या काफी बढ़ जाती है। अगर आपने अपने कीमती एसी के साथ एक अच्छा स्टेबलाइजर नहीं लगाया है, तो अचानक आने वाला हाई पावर सर्ज (झटका) सीधे एसी के सबसे नाजुक हिस्सों जैसे कंप्रेसर, कैपेसिटर या आउटडोर फैन को अंदरूनी रूप से डैमेज कर सकता है। इसके बाद एसी ऑन तो होता है, पर कंप्रेसर न चलने से कूलिंग बंद हो जाती है।
ज्यादातर लोग अपने एसी को केवल कूलिंग मोड पर ही चलाते हैं, लेकिन आपको बता दें कि कूलिंग मोड केवल तब काम करता है जब बाहर की हवा सूखी और अत्यधिक गर्म हो (जैसे मई-जून की तपती गर्मी में)। बारिश के दिनों में तापमान से सबसे बड़ी समस्या हवा की नमी होती है। इस मौसम में कूलिंग मोड हवा को सुखा नहीं पाता, जिससे कमरे में उमस बनी रहती है और ऐसा लगता है कि एसी काम नहीं कर रहा।
2. इवेपोरेटर कॉइल पर बर्फ जमना
बारिश के मौसम में एयर कंडीशनर को हवा से बहुत ज्यादा मात्रा में पानी (नमी) सोखना पड़ता है। ऐसे में अगर आपके एसी का एयर फिल्टर लंबे समय से साफ नहीं हुआ है या धूल से ब्लॉक है, तो अंदर हवा का बहाव धीमा हो जाता है। एयरफ्लो कम होने की वजह से अंदर मौजूद इवेपोरेटर कॉइल जरूरत से ज्यादा ठंडी हो जाती है और उस पर जमी नमी बर्फ का रूप ले लेती है। जब कॉइल पर बर्फ की परत जम जाती है, तो ठंडी हवा का बाहर आना पूरी तरह रुक जाता है।
3. आउटडोर यूनिट का कीचड़ या पानी में फंसना
एसी की आउटडोर यूनिट का सही स्थिति में होना बहुत जरूरी है। अगर आपके घर के बाहर लगी यह यूनिट सही या ऊंची जगह पर फिट नहीं है, तो लगातार बारिश से उसके आसपास पानी, कीचड़, पत्तियां या मिट्टी जमा हो सकती है। जब आउटडोर यूनिट गंदगी से घिर जाती है, तो वह अंदर की गर्मी को बाहर रिलीज नहीं कर पाती। जिससे पूरा सिस्टम ओवरहीट हो जाता है और अंदर कमरे तक ठंडक नहीं पहुंच पाती।
4. वोल्टेज का उतार-चढ़ाव और इंटरनल डैमेज
बारिश और आंधी-तूफान के दिनों में बिजली की ट्रिपिंग और वोल्टेज फ्लक्चुएशन (उतार-चढ़ाव) की समस्या काफी बढ़ जाती है। अगर आपने अपने कीमती एसी के साथ एक अच्छा स्टेबलाइजर नहीं लगाया है, तो अचानक आने वाला हाई पावर सर्ज (झटका) सीधे एसी के सबसे नाजुक हिस्सों जैसे कंप्रेसर, कैपेसिटर या आउटडोर फैन को अंदरूनी रूप से डैमेज कर सकता है। इसके बाद एसी ऑन तो होता है, पर कंप्रेसर न चलने से कूलिंग बंद हो जाती है।
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : एआई जनरेटेड
बारिश में एसी को सही रखने के तरीके क्या हैं?
अगर आप चाहते हैं कि इस चिपचिपे मौसम में भी आपका एसी बिना किसी रुकावट के शानदार कूलिंग करे, तो इन चार बातों का गांठ बांध लीजिए...
अगर आप चाहते हैं कि इस चिपचिपे मौसम में भी आपका एसी बिना किसी रुकावट के शानदार कूलिंग करे, तो इन चार बातों का गांठ बांध लीजिए...
- ड्राई मोड का बटन दबाएं: बारिश शुरू होते ही रिमोट से एसी को कूलिंग मोड से हटाकर Dry Mode (जिसका साइन अक्सर पानी की बूंद जैसा होता है) पर सेट कर दें। यह मोड एक डीह्यूमिडिफायर की तरह काम करता है, जो कमरे की सारी चिपचिपी नमी को सोखकर पानी के रास्ते बाहर निकाल देता है और कमरा पूरी तरह आरामदायक हो जाता है।
- फिल्टर की सफाई है जरूरी: हवा का वेंटिलेशन सही बनाए रखने और कॉइल्स पर बर्फ को जमने से रोकने के लिए हर हफ्ते एसी का फ्रंट पैनल खोलकर उसके एयर फिल्टर्स को पानी से अच्छी तरह साफ करें और सुखाकर ही वापस लगाएं।
- आउटडोर यूनिट को रखें सुरक्षित: समय-समय पर बाहर जाकर चेक करें कि आउटडोर यूनिट के आसपास पानी या जलजमाव न हो रहा हो। उसे हमेशा जमीन से ऊंची और साफ जगह पर इंस्टॉल करवाएं ताकि वह खुलकर सांस ले सके और हीट बाहर निकाल सके।
- स्टेबलाइजर की सुरक्षा: भारी बारिश के दौरान बिजली के शॉक से कंप्रेसर और कैपेसिटर को बचाने के लिए एक बेहतर क्वालिटी का वोल्टेज स्टेबलाइजर जरूर इस्तेमाल करें। इससे अनचाहे खर्च और इंटरनल डैमेज से मुक्ति मिलेगी।