{"_id":"6a3af36b19a6380e200ccd33","slug":"105-camps-held-in-three-months-600-tb-patients-detected-13400-people-underwent-free-screening-mohali-news-c-289-1-pkl1068-908-2026-06-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mohali News: तीन माह में 105 कैंप, 600 टीबी के मरीज मिले, 13,400 की हुई थी मुफ्त जांच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mohali News: तीन माह में 105 कैंप, 600 टीबी के मरीज मिले, 13,400 की हुई थी मुफ्त जांच
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
मोहाली। स्वास्थ्य विभाग के 100 दिवसीय टीबी मुक्त भारत अभियान में तीन माह में 600 छिपे टीबी मरीजों की पहचान की गई है। यह अभियान 23 मार्च से 23 जून तक चला। गांवों और शहरों में लगातार स्क्रीनिंग कैंप लगाकर इन मरीजों का मुफ्त इलाज शुरू कराया गया है। जनवरी से अब तक कुल 750 टीबी मरीज सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, ये आंकड़े सरकारी और निजी स्वास्थ्य संस्थानों से प्राप्त मामलों को मिलाकर तैयार किए गए हैं।
जिला टीबी अधिकारी नवदीप सिंह ने बताया कि अभियान के दौरान 105 टीबी स्क्रीनिंग कैंप लगाए गए। इनमें 13,400 लोगों के मुफ्त डिजिटल छाती एक्सरे किए गए। मोबाइल मेडिकल यूनिट की टीमें भी नियमित स्वास्थ्य जांच के साथ टीबी स्क्रीनिंग कर रही हैं। जिले में वर्तमान में करीब 30 छिपे टीबी मरीजों का उपचार चल रहा है। अभियान के दौरान टीबी की सभी जांच, दवाएं और उपचार पूरी तरह निशुल्क उपलब्ध कराए गए। समय पर जांच और पूरा इलाज टीबी पर जीत की सबसे बड़ी कुंजी है। टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है।
लक्षणों पर ध्यान दें
यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी हो। लगातार बुखार, वजन कम होना या रात में पसीना आना जैसे लक्षण हों। वह किसी टीबी मरीज के संपर्क में रहा हो। मधुमेह, उच्च रक्तचाप अथवा अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित हो। उसे तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र या स्क्रीनिंग कैंप में जांच करानी चाहिए। लक्षण न छिपाएं, समय पर जांच कराएं और दवाओं का पूरा कोर्स करें।
विज्ञापन
निक्षय मित्र अभियान
टीबी मरीजों को पोषण और मानसिक सहयोग देने के लिए निक्षय मित्र अभियान भी चलाया जा रहा है। इसके तहत कई डॉक्टरों ने टीबी मरीजों को गोद लिया है। सिविल अस्पताल फेज-6 के सेवानिवृत्त एसएमओ एचएस चीमा ने छह मरीजों को गोद लिया। एसएमओ विजय भगत ने भी छह टीबी मरीजों को गोद लिया है। राजेश भास्कर ने आठ मरीजों और पूजा ने छह टीबी मरीजों को गोद लिया है। ये सभी मरीजों को पोषण सहायता, नियमित दवा लेने की प्रेरणा और उपचार पूरा कराने में सहयोग करेंगे। जिला टीबी अधिकारी ने अभियान की सफलता पर बात की। उन्होंने कहा कि टीबी को जड़ से उखाड़ने के लिए अभियान चलाकर चेकिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि मरीजों की जांच के बाद सामने आए हैं।
टीबी को जड़ से उखाड़ने के लिए अभियान चलाकर चेकिंग की जा रही है। जांच के बाद मरीज सामने आए हैं। अब मरीजों का इलाज कर जल्द ही उन्हें बीमारी से बचाया जाएगा। -नवदीप सिंह, जिला टीबी अधिकारी, मोहाली
जिला टीबी अधिकारी नवदीप सिंह ने बताया कि अभियान के दौरान 105 टीबी स्क्रीनिंग कैंप लगाए गए। इनमें 13,400 लोगों के मुफ्त डिजिटल छाती एक्सरे किए गए। मोबाइल मेडिकल यूनिट की टीमें भी नियमित स्वास्थ्य जांच के साथ टीबी स्क्रीनिंग कर रही हैं। जिले में वर्तमान में करीब 30 छिपे टीबी मरीजों का उपचार चल रहा है। अभियान के दौरान टीबी की सभी जांच, दवाएं और उपचार पूरी तरह निशुल्क उपलब्ध कराए गए। समय पर जांच और पूरा इलाज टीबी पर जीत की सबसे बड़ी कुंजी है। टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
लक्षणों पर ध्यान दें
यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी हो। लगातार बुखार, वजन कम होना या रात में पसीना आना जैसे लक्षण हों। वह किसी टीबी मरीज के संपर्क में रहा हो। मधुमेह, उच्च रक्तचाप अथवा अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित हो। उसे तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र या स्क्रीनिंग कैंप में जांच करानी चाहिए। लक्षण न छिपाएं, समय पर जांच कराएं और दवाओं का पूरा कोर्स करें।
निक्षय मित्र अभियान
टीबी मरीजों को पोषण और मानसिक सहयोग देने के लिए निक्षय मित्र अभियान भी चलाया जा रहा है। इसके तहत कई डॉक्टरों ने टीबी मरीजों को गोद लिया है। सिविल अस्पताल फेज-6 के सेवानिवृत्त एसएमओ एचएस चीमा ने छह मरीजों को गोद लिया। एसएमओ विजय भगत ने भी छह टीबी मरीजों को गोद लिया है। राजेश भास्कर ने आठ मरीजों और पूजा ने छह टीबी मरीजों को गोद लिया है। ये सभी मरीजों को पोषण सहायता, नियमित दवा लेने की प्रेरणा और उपचार पूरा कराने में सहयोग करेंगे। जिला टीबी अधिकारी ने अभियान की सफलता पर बात की। उन्होंने कहा कि टीबी को जड़ से उखाड़ने के लिए अभियान चलाकर चेकिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि मरीजों की जांच के बाद सामने आए हैं।
टीबी को जड़ से उखाड़ने के लिए अभियान चलाकर चेकिंग की जा रही है। जांच के बाद मरीज सामने आए हैं। अब मरीजों का इलाज कर जल्द ही उन्हें बीमारी से बचाया जाएगा। -नवदीप सिंह, जिला टीबी अधिकारी, मोहाली