{"_id":"6a6672622509e3d7930e8828","slug":"case-registered-for-selling-child-pornography-mohali-news-c-71-1-spkl1025-145226-2026-07-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mohali News: बाल अश्लील सामग्री बेचने पर मामला दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mohali News: बाल अश्लील सामग्री बेचने पर मामला दर्ज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मोहाली। साइबर पुलिस ने टेलीग्राम पर बाल यौन शोषण संबंधी अश्लील सामग्री बेचने के आरोप में अज्ञात संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई साइबर सिक्योरिटी एंड इंटेलिजेंस यूनिट (सीएसआईयू) की गुप्त सूचना और तकनीकी जांच के आधार पर की गई।
पुलिस के अनुसार, सीएसआईयू के इंचार्ज इंस्पेक्टर गगनप्रीत सिंह ने 17 जुलाई 2026 को वरिष्ठ अधिकारियों को एक रिपोर्ट भेजी थी। रिपोर्ट में काला नाग 9999 नामक एक टेलीग्राम अकाउंट संदिग्ध गतिविधियों में शामिल पाया गया। प्राथमिक जांच में इस अकाउंट के जरिये बाल यौन शोषण सामग्री का प्रसार और बिक्री सामने आई। सीएसआईयू ने बताया कि यह सूचना गुप्त स्रोत से मिली थी। वरिष्ठ अधिकारियों की मंजूरी के बाद मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 67बी के तहत केस दर्ज हुआ है।साइबर पुलिस अब टेलीग्राम अकाउंट से जुड़े तकनीकी साक्ष्य जुटा रही है।
इसमें डिजिटल ट्रेल, आईपी एड्रेस, लॉग-इन विवरण और भुगतान के माध्यम शामिल हैं। पुलिस अन्य इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। संबंधित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और अन्य एजेंसियों से भी आवश्यक जानकारी जुटाई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस के अनुसार, सीएसआईयू के इंचार्ज इंस्पेक्टर गगनप्रीत सिंह ने 17 जुलाई 2026 को वरिष्ठ अधिकारियों को एक रिपोर्ट भेजी थी। रिपोर्ट में काला नाग 9999 नामक एक टेलीग्राम अकाउंट संदिग्ध गतिविधियों में शामिल पाया गया। प्राथमिक जांच में इस अकाउंट के जरिये बाल यौन शोषण सामग्री का प्रसार और बिक्री सामने आई। सीएसआईयू ने बताया कि यह सूचना गुप्त स्रोत से मिली थी। वरिष्ठ अधिकारियों की मंजूरी के बाद मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 67बी के तहत केस दर्ज हुआ है।साइबर पुलिस अब टेलीग्राम अकाउंट से जुड़े तकनीकी साक्ष्य जुटा रही है।
विज्ञापन
इसमें डिजिटल ट्रेल, आईपी एड्रेस, लॉग-इन विवरण और भुगतान के माध्यम शामिल हैं। पुलिस अन्य इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। संबंधित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और अन्य एजेंसियों से भी आवश्यक जानकारी जुटाई जा रही है।
विज्ञापन