Barmer: कलेक्टर टीना डाबी ने चार पाक विस्थापितों को दी भारतीय नागरिकता, नागरिकता पाकर खिले चेहरे
जिला कलेक्टर टीना डाबी ने चार पाक विस्थापितों को भारत की नागरिकता प्रदान की। ये विस्थापित लंबे समय से भारतीय नागरिकता की बाट जोह रहे थे। इससे पहले गणतंत्र दिवस से पूर्व दस विस्थापितों को नागरिकता प्रदान की गई थी।
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लंबे इंतजार के बाद शुक्रवार को बाड़मेर में निवास कर रहे चार पाक विस्थापित भारतीय नागरिक बन गए। अब ये सभी एक आम भारतीय नागरिक की तरह जीवन की मुख्यधारा से जुड़ सकेंगे। नागरिकता मिलने की खुशी में विस्थापित भावुक हो गए। इन्हें भारतीय नागरिकता देने में जिला कलेक्टर टीना डाबी की अहम भूमिका रही। नागरिकता मिलने पर इन्होंने एक जिम्मेदार नागरिक के तौर पर भारत में जीवनयापन करने का भरोसा दिलाया। जिला कलेक्टर ने पाक विस्थापित गुड्डी बाई, जेतमाल सिंह, सवाई सिंह एवं लक्ष्मी बाई को भारतीय नागरिकता प्रदान की।
गौरतलब है कि बाड़मेर में स्थाई वास के आधार पर निवास कर रहे अल्पसंख्यक समुदाय के सदस्यों के लंबित नागरिकता के आवेदनों के निस्तारण एवं भारतीय नागरिकता प्रदान करने के लिए जिला मुख्यालय पर बाकयदा शिविर आयोजित किया जा रहा है। शिविर में शेष रह गए विस्थापितों ने नागरिकता लेने को लेकर नियमों एवं प्रक्रिया की जानकारी ली और इसके लिए आवेदन करने में रुचि दिखाई। इससे पूर्व पिछले महीने गणतंत्र दिवस के दिनों में करीब दस पाक विस्थापितों को भारतीय नागरिकता दी गई थी और इन सभी ने बतौर भारतीय नागरिक पहली मर्तबा गणतंत्र दिवस मनाया था और अपने घरों में उत्सवी माहौल के साथ तिरंगा फहराया था।
सीसीए लागू होने के बाद वर्ष की शुरूआत से ही पाकिस्तान से आए विस्थापितों को भारतीय नागरिकता दिए जाने का सिलसिला तेज हो गया है। पहले पाक विस्थापितों ने गणतंत्र दिवस पर और अब फरवरी माह में जिला कलेक्टर की मौजूदगी में विशेष शिविर में नागरिकता प्राप्त की। जानकारों के अनुसार सीएए लागू होने के बाद विस्थापितों को भारतीय नागरिकता मिलने की प्रक्रिया में काफी सहूलियत मिली है, इससे पूर्व इसमें काफी पेंचिदगियां थीं।