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Udaipur News: साधु बनकर ऋषिकेश में रह रहा था आरोपी, 15 साल तक पुलिस को देता रहा चकमा, आखिरकार गिरफ्तार
Thu, 30 Jul 2026 02:33 PM IST
उदयपुर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उदयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उदयपुर
Published by: उदयपुर ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jul 2026 02:33 PM IST
सार
पुलिस से बचने के लिए साधु का वेश धारण कर ऋषिकेश के मंदिरों और घाटों में रह रहा 15 साल से फरार स्थाई वारंटी आखिरकार उदयपुर पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी के खिलाफ 23 स्थाई वारंट लंबित थे और वह लगातार अपनी पहचान छिपाकर कानून से बचता फिर रहा था।
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15 साल से फरार आरोपी ऋषिकेश से गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जिले की भूपालपुरा थाना पुलिस ने 15 साल से फरार चल रहे एक स्थाई वारंटी को उत्तराखंड के ऋषिकेश से गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस से बचने के लिए आरोपी ने साधु का भेष धारण कर अपनी पहचान छिपा ली थी और मंदिरों व घाटों पर रह रहा था। पुलिस ने पुरानी तस्वीरों और स्थानीय लोगों की मदद से उसकी पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
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पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) छवि शर्मा के सुपरविजन में गठित विशेष टीम ने की। गिरफ्तार आरोपी का नाम श्यामालाल (78) पुत्र परसराम, निवासी मीरा कॉलोनी, उदयपुर है और वह पिछले करीब 15 वर्षों से फरार चल रहा था और उसके खिलाफ 23 स्थाई वारंट लंबित थे।
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पुलिस को गोपनीय सूचना मिली थी कि आरोपी अपनी पहचान छिपाकर उत्तराखंड के ऋषिकेश में साधु के वेश में रह रहा है। सूचना मिलते ही भूपालपुरा थाना पुलिस की विशेष टीम ऋषिकेश पहुंची और संभावित स्थानों पर उसकी तलाश शुरू की। पुलिस टीम ने ऋषिकेश के प्रमुख मंदिरों और घाटों पर जाकर स्थानीय लोगों को आरोपी की पुरानी तस्वीरें दिखाईं और लगातार पूछताछ की। कई दिनों की तलाश के बाद एक मंदिर में साधु के वेश में रह रहे व्यक्ति की पहचान श्यामालाल के रूप में हुई। पहचान की पुष्टि होने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी लंबे समय से साधु का वेश धारण कर अपनी वास्तविक पहचान छिपाकर रह रहा था, ताकि पुलिस की नजरों से बच सके। हालांकि पुलिस की सतर्कता, तकनीकी सूचनाओं और लगातार प्रयासों के चलते आखिरकार वह कानून के शिकंजे में आ गया। इस कार्रवाई में कांस्टेबल आसुराम और रघुवीर सिंह की विशेष भूमिका रही। दोनों पुलिसकर्मियों ने स्थानीय लोगों से संपर्क स्थापित कर और लगातार फील्ड में काम करते हुए आरोपी तक पहुंचने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। उसके खिलाफ लंबित मामलों में नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।