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Shimla News: नए सीबीएसई बने सरकारी स्कूलों में दाखिले और पढ़ाई शुरू, न किताबें और न शिक्षक

अनिल पंवार, शिमला। Published by: शिमला ब्यूरो Updated Fri, 20 Feb 2026 11:03 AM IST
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सार

हिमाचल सरकार ने स्कूल तो सीबीएसई बना दिए लेकिन इन स्कूलों में अभी तक न तो सीबीएसई बोर्ड की किताबें पहुंची हैं न ही अभी तक बोर्ड के तहत शिक्षक तैनात हुए हैं। पढ़ें पूरी खबर...

Shimla News Admissions and studies begin in newly formed CBSE government schools no books and no teachers
सीबीएसई। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार

शिमला जिले में शीतकालीन सत्र वाले नए सीबीएसई बने सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के दाखिले और पढ़ाई शुरू हो गई है लेकिन इन स्कूलों में अभी तक न तो सीबीएसई बोर्ड की किताबें पहुंची हैं न ही अभी तक बोर्ड के तहत शिक्षक तैनात हुए हैं। इसके कारण छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। विभाग ने फिलहाल सीबीएसई में शामिल हुए इन स्कूलों में एचपी बोर्ड के पाठ्यक्रम को पढ़ाना शुरू कर दिया है। इसको लेकर तर्क दिया जा रहा है कि दोनों पाठ्यक्रम में ज्यादा अंतर नहीं है।

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प्रदेश सरकार ने शिमला जिले के 22 सरकारी स्कूल सीबीएसई बोर्ड में शामिल किए हैं। इनमें से ज्यादातर स्कूल शीतकालीन सत्र वाले हैं। इन स्कूलों में नया शैक्षणिक सत्र शुरू हो गया है। कई स्कूलों में दाखिलों के साथ पढ़ाई भी शुरू हो गई है। जिन स्कूलों में पढ़ाई शुरू हुई है वहां अभी विद्यार्थियों को हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड का ही पाठ्यक्रम पढ़ाया जा रहा है और स्कूलों में हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के तहत तैनात शिक्षक ही पढ़ा रहे हैं। इसके कारण विद्यार्थियों व अभिभावकों को पढ़ाई प्रभावित होने का डर सता रहा है। उधर, विभाग का दावा है कि बच्चों की पढ़ाई पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। विभाग जल्द ही स्कूलों में सीबीएसई बोर्ड की किताबें उपलब्ध करवाएगा।
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सीबीएसई में शामिल हुए स्कूलों में दाखिला प्रक्रिया चली हुई है। दोनों बोर्ड एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम को फाॅलो करते हैं। दोनों के पाठ्यक्रम में कोई ज्यादा अंतर नहीं है। फिलहाल हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के पाठ्यक्रम की किताबें ही पढ़ाई जा रही हैं। बच्चों को जल्द ही किताबें उपलब्ध करवा दी जाएंगी। -लेखराज भारद्वाज, उपनिदेशक शिक्षा विभाग

163 साल बाद लालपानी स्कूल में एक साथ पढ़ाई करेंगे छात्र-छात्राएं
राजधानी शिमला के ऐतिहासिक लालपानी स्कूल में अब छात्र-छात्राएं एक साथ पढ़ाई करेंगे। स्कूल के सीबीएसई बनने व स्कूल में सह-शिक्षा (के-एजुकेशन) शुरू होने के बाद पांच छात्राओं ने दाखिला लिया है। स्थापना के 163 साल बाद लालपानी स्कूल में सह-शिक्षा शुरू हुई है। स्कूल प्रशासन के अनुसार बुधवार से स्कूल में एडमिशन प्रक्रिया शुरू हुई है। छात्र-छात्राएं एडमिशन के लिए आ रहे हैं। इससे पहले स्कूल में छठी से लेकर 12वीं तक सिर्फ छात्र ही पढ़ाई करते थे। अब तक स्कूल में 20 विद्यार्थियों ने दाखिला लिया है। इनमें पांच छात्राएं भी शामिल हैं।

स्कूल में दाखिला लेने आई छात्राओं का स्कूल प्रबंधन ने फूल मालाओं के साथ स्वागत किया। अध्यापकों का कहना है कि स्कूल के सीबीएसई बनने और को-एजुकेशन शुरू होने के बाद एडमिशन बढ़ने की उम्मीद है। वर्तमान समय में स्कूल में करीब 600 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। प्रशासन के अनुसार अभी स्कूल में दाखिले की प्रक्रिया शुरू हुई है। स्कूल में सह-शिक्षा शुरू हुई है। इसके चलते दाखिलों के लिए समय ज्यादा रखा गया है, मार्च में भी एडमिशन जारी रहेगी।

सरकार के निर्देशों के बाद स्कूल में सह-शिक्षा शुरू हो गई है। अभी तक पांच छात्राओं ने एडमिशन ली है। स्कूल में सह-शिक्षा शुरू होने के बाद छात्रों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। -पवन कुमार नेगी, प्रधानाचार्य, लालपानी स्कूल
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