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HRTC Buses Strike: अब नहीं होगी बसों की हड़ताल! सरकार ने लागू किया ESMA; लेकिन ये है क्या? जानें सबकुछ

न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला Published by: Ankesh Dogra Updated Tue, 23 Jun 2026 03:48 PM IST
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सार

हिमाचल सरकार ने एचआरटीसी कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल से पहले बड़ा फैसला लेते हुए पूरे प्रदेश में ESMA लागू कर दिया है। अब अगले छह महीने तक कर्मचारी हड़ताल नहीं कर सकेंगे। आदेश का उल्लंघन करने पर कानूनी कार्रवाई होगी। पढ़ें पूरी खबर...

himachal hrtc strike esma imposed six month ban
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू (फाइल फोटो)। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार

हिमाचल प्रदेश सरकार ने हिमाचल पथ परिवहन निगम कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल से पहले बड़ा कदम उठाते हुए पूरे प्रदेश में इसेंशियल सर्विसेज मेंटेनेंस एक्ट लागू कर दिया है। परिवहन विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, एचआरटीसी कर्मचारियों पर अगले छह महीने तक हड़ताल करने पर रोक रहेगी। नोटिफिकेशन देखें



सरकार ने आदेश में कहा है कि सार्वजनिक परिवहन एक आवश्यक सेवा है। बस सेवाएं बाधित होने से आम लोगों, विद्यार्थियों, मरीजों और जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति पर असर पड़ सकता है। इसी को देखते हुए जनहित में एस्मा लागू किया गया है।
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अधिसूचना के अनुसार, कोई भी कर्मचारी हड़ताल शुरू नहीं कर सकेगा, उसमें शामिल नहीं होगा और न ही किसी प्रकार से हड़ताल को बढ़ावा देगा। आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ एस्मा के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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सरकार ने एचआरटीसी के प्रबंध निदेशक (एमडी) को निर्देश दिए हैं कि अधिसूचना का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही सभी जिलाधीशों और पुलिस अधीक्षकों को भी आवश्यक सहयोग देने के निर्देश जारी किए गए हैं।

गौरतलब है कि एचआरटीसी कर्मचारी यूनियन ने लंबित वित्तीय देनदारियों और अन्य मांगों को लेकर 25 जून से हड़ताल पर जाने का एलान किया था। हालांकि सरकार के इस फैसले के बाद अब कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल पर कानूनी रोक लग गई है।

क्या है एस्मा?
एस्मा (Essential Services Maintenance Act) यानी आवश्यक सेवाएं अनुरक्षण अधिनियम एक ऐसा कानून है, जिसे सरकार तब लागू करती है जब उसे लगता है कि किसी आवश्यक सेवा में हड़ताल या काम बंद होने से आम जनता को गंभीर परेशानी हो सकती है।

एचआरटीसी के मामले में इसका मतलब है कि एचआरटीसी कर्मचारी हड़ताल नहीं कर सकते। कोई कर्मचारी हड़ताल में शामिल नहीं हो सकता और न ही दूसरों को इसके लिए उकसा सकता है। यदि कोई एस्मा लागू होने के बावजूद हड़ताल करता है, तो उसके खिलाफ कानूनी और विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। इसमें निलंबन, वेतन कटौती, अनुशासनात्मक कार्रवाई या कानून के तहत अन्य दंड शामिल हो सकते हैं। सरकार आमतौर पर एस्मा को सीमित अवधि के लिए लागू करती है। हिमाचल में एचआरटीसी कर्मचारियों के मामले में इसे 6 महीने के लिए लागू किया गया है।

सरकार एस्मा कब लागू करती है?
  • बस और सार्वजनिक परिवहन
  • स्वास्थ्य सेवाएं
  • बिजली
  • पानी की आपूर्ति
  • अग्निशमन सेवाएं
  • अन्य आवश्यक सरकारी सेवाएं

क्या एस्मा लगने के बाद कर्मचारी अपनी मांगें नहीं उठा सकते?
मांगें उठा सकते हैं, सरकार से बातचीत कर सकते हैं, ज्ञापन दे सकते हैं या कानूनी तरीके से विरोध कर सकते हैं। लेकिन एस्मा लागू रहने के दौरान हड़ताल या काम ठप करना प्रतिबंधित रहता है। यही वजह है कि एचआरटीसी कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल से पहले हिमाचल सरकार ने एस्मा लागू किया है, ताकि बस सेवाएं बाधित न हों।
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