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Fake Order Alert: शिमला में स्कूल-कॉलेज बंद करने का फर्जी आदेश वायरल, जिला प्रशासन ने कहा- न करें भरोसा
Mon, 10 Aug 2026 10:04 AM IST
Ankesh Dogra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Ankesh Dogra
Updated Mon, 10 Aug 2026 10:04 AM IST
सार
शिमला जिला प्रशासन के नाम से स्कूल-कॉलेज और अन्य शिक्षण संस्थानों को बंद करने संबंधी फर्जी आदेश सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वायरल पत्र में जिला दंडाधिकारी के नाम और हस्ताक्षर का भी इस्तेमाल किया गया है। प्रशासन ने इसे फर्जी और भ्रामक बताते हुए लोगों से सावधान रहने की अपील की है। छुट्टी या संस्थान बंद रखने संबंधी आदेश केवल अधिकृत माध्यम से जारी होने की बात कही गई है।
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शिमला में स्कूल कॉलेज बंद करने के फर्जी आदेश को लेकर जिला प्रशासन का अलर्ट
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
जिला शिमला प्रशासन के नाम से शैक्षणिक संस्थानों को बंद रखने संबंधी एक फर्जी आदेश सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासन ने लोगों को सावधान किया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से प्रसारित किया जा रहा यह पत्र फर्जी और भ्रामक है। लोगों से अपील की गई है कि वे इस पत्र को आधिकारिक आदेश मानकर भ्रमित न हों।
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वायरल पत्र में जिला शिमला के सभी सरकारी और निजी शिक्षण संस्थानों के अलावा स्कूल, कॉलेज, आंगनबाड़ी केंद्र, आईटीआई, पॉलिटेक्निक, कोचिंग सेंटर और नर्सिंग संस्थानों को बंद रखने का उल्लेख किया गया है। पत्र पर जिला दंडाधिकारी एवं अध्यक्ष, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, शिमला के नाम और हस्ताक्षर का भी इस्तेमाल किया गया है।
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प्रशासन ने कहा- सोशल मीडिया के पत्र पर न करें भरोसा
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर प्रसारित इस पत्र को किसी भी स्थिति में आधिकारिक आदेश न माना जाए। प्रशासन के अनुसार शिक्षण संस्थानों में अवकाश या उन्हें बंद रखने संबंधी कोई भी आदेश केवल जिला प्रशासन या संबंधित विभाग के अधिकृत माध्यमों से ही जारी किया जाता है।
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ऐसे में विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षण संस्थानों को किसी वायरल संदेश या पत्र के आधार पर निर्णय लेने के बजाय संबंधित विभाग या जिला प्रशासन के आधिकारिक माध्यम से जानकारी की पुष्टि करने की सलाह दी गई है।
फर्जी आदेश बनाने वालों पर होगी कार्रवाई
प्रशासन ने कहा है कि सरकारी अधिकारी के नाम और हस्ताक्षर का दुरुपयोग कर फर्जी दस्तावेज तैयार करना गंभीर मामला है। ऐसे दस्तावेज को तैयार करने और प्रसारित करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने आम जनता, विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षण संस्थानों से अपील की है कि बिना सत्यापन किसी भी ऐसे पत्र या संदेश को सोशल मीडिया पर आगे साझा न करें। प्रशासन का संदेश है कि किसी भी छुट्टी या संस्थान बंद होने की खबर पर पहले आधिकारिक पुष्टि करें, फिर भरोसा करें।
प्रशासन ने कहा है कि सरकारी अधिकारी के नाम और हस्ताक्षर का दुरुपयोग कर फर्जी दस्तावेज तैयार करना गंभीर मामला है। ऐसे दस्तावेज को तैयार करने और प्रसारित करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने आम जनता, विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षण संस्थानों से अपील की है कि बिना सत्यापन किसी भी ऐसे पत्र या संदेश को सोशल मीडिया पर आगे साझा न करें। प्रशासन का संदेश है कि किसी भी छुट्टी या संस्थान बंद होने की खबर पर पहले आधिकारिक पुष्टि करें, फिर भरोसा करें।