सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Sports ›   Football ›   From 50K to 5 Million Follower: Cape Verde Goalkeeper Vozinha emotional story, Becomes World Cup Hero vs Spain

फीफा विश्वकप: 40 साल का गोलकीपर, जिसने स्पेन के 'वंडरकिड्स' की बोलती बंद की; रातों-रात 50+ लाख पहुंचे फॉलोअर्स

स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, न्यूयॉर्क Published by: स्वप्निल शशांक Updated Tue, 16 Jun 2026 01:59 PM IST
विज्ञापन
सार

फीफा विश्व कप 2026 में केप वर्डे के 40 वर्षीय गोलकीपर वोजिन्हा रातों-रात वैश्विक स्टार बन गए। विश्व कप डेब्यू कर रही केप वर्डे ने यूरोपीय चैंपियन स्पेन को 0-0 से रोक दिया, जिसमें वोजिन्हा ने सात शानदार बचाव किए। मैच से पहले इंस्टाग्राम पर उनके करीब 50 हजार फॉलोअर्स थे, लेकिन मुकाबले के बाद यह संख्या 50 लाख के करीब पहुंच गई। उनकी शानदार गोलकीपिंग ने स्पेन के युवा सितारों और स्टार खिलाड़ियों को गोल करने से रोक दिया।

From 50K to 5 Million Follower: Cape Verde Goalkeeper Vozinha emotional story, Becomes World Cup Hero vs Spain
वोजिन्हा - फोटो : FIFA World Cup Instagram
विज्ञापन

विस्तार

फीफा विश्व कप 2026 में जहां युवा सितारे लामिन यमाल, निको विलियम्स और स्पेन की नई पीढ़ी चर्चा में थी, वहीं एक 40 वर्षीय गोलकीपर ने सारी सुर्खियां अपने नाम कर लीं। केप वर्डे के अनुभवी गोलकीपर वोजिन्हा ने स्पेन के खिलाफ ऐसा प्रदर्शन किया कि मैच खत्म होते-होते वह दुनिया भर के फुटबॉल प्रेमियों के नए हीरो बन गए। विश्व कप के अपने पहले ही मुकाबले में 64वें रैंकिंग वाली केप वर्डे टीम ने यूरोपीय चैंपियन और विश्व नंबर-तीन स्पेन को 0-0 की बराबरी पर रोक दिया। इस ऐतिहासिक नतीजे के सबसे बड़े नायक वोजिन्हा रहे, जिन्होंने सात शानदार बचाव कर स्पेन के अटैकर्स को निराश कर दिया। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच भी चुना गया।


स्पेन के हमले, वोजिन्हा बने दीवार
अटलांटा स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में स्पेन ने शुरुआत से ही दबदबा बनाया और अपने नैचुरल टिकिटाका गेम को अपनाया। टीम ने बॉल पजेशन बनाए रखा और लगातार गोल करने की कोशिश की। स्पेन ने पूरे मैच में 27 शॉट लगाए, लेकिन कोई भी प्रयास गोल में तब्दील नहीं हो सका। केप वर्डे की रक्षा पंक्ति कई बार दबाव में दिखी, लेकिन हर बार वोजिन्हा दीवार बनकर सामने आए। यहां तक कि दूसरे हाफ में बार्सिलोना के युवा सुपरस्टार लामिन यमाल के आने के बाद भी स्पेन गोल नहीं कर पाया। विश्व कप इतिहास में डेब्यू मैच में क्लीन शीट रखने वाले सबसे उम्रदराज गोलकीपर बनकर वोजिन्हा ने एक नया रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।

View this post on Instagram

A post shared by FIFA World Cup (@fifaworldcup)



 
विज्ञापन
विज्ञापन

From 50K to 5 Million Follower: Cape Verde Goalkeeper Vozinha emotional story, Becomes World Cup Hero vs Spain
भावुक वोजिन्हा - फोटो : instagram @vozinha1
मैच खत्म होते ही छलक पड़े आंसू
अंतिम सीटी बजते ही वोजिन्हा अपने गोलपोस्ट के पास झुक गए और भावुक होकर रोने लगे। साथी खिलाड़ियों ने उन्हें गले लगाकर बधाई दी। आखिरकार, केप वर्डे ने अपने पहले विश्व कप मैच में खिताब की प्रबल दावेदार स्पेन से अंक छीन लिया था। वोजिन्हा ने बाद में कहा, 'मैंने अपनी पूरी जिंदगी इस पल, इस सपने के लिए मेहनत की है। पिछली कई पीढ़ियां इस दिन का सपना देखती थीं, लेकिन उसे हासिल नहीं कर सकीं। अब यह सपना सच हो गया है।'
 

 

 

 

 

View this post on Instagram

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

A post shared by 433 (@433)


विज्ञापन

50 हजार से 50+ लाख फॉलोअर्स तक
मैच शुरू होने से पहले इंस्टाग्राम पर वोजिन्हा के करीब 50 हजार फॉलोअर्स थे। लेकिन स्पेन के खिलाफ उनके शानदार प्रदर्शन के बाद सोशल मीडिया पर मानो बाढ़ आ गई। मैच के बाद मीडिया से बातचीत के दौरान उन्हें बताया गया कि उनके फॉलोअर्स 15 लाख से अधिक हो चुके हैं। कुछ ही घंटों में यह संख्या बढ़ते-बढ़ते 50+ लाख के करीब पहुंच गई। रातों-रात वह विश्व फुटबॉल के चर्चित चेहरों में शामिल हो गए।

From 50K to 5 Million Follower: Cape Verde Goalkeeper Vozinha emotional story, Becomes World Cup Hero vs Spain
केप वर्डे ने रचा इतिहास - फोटो : Twitter
25 साल की उम्र में शुरू हुआ पेशेवर करियर
वोजिन्हा का सफर भी किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है। उनका जन्म तीन जून 1986 को केप वर्डे के मिंडेलो शहर में हुआ था। वोजिन्हा ने अपने इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर अपने नाम के नीचे जोसिमार डियास लिख रखा है। यानी उनका असली नाम जोसिमार डियास है, लेकिन वह बचपन से वोजिन्हा नाम से ही चर्चित हुए। बचपन में उनके पिता सेना में थे और मां नौकरी करती थीं, इसलिए उनका पालन-पोषण मुख्य रूप से दादा-दादी ने किया। दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने किसी बड़े फुटबॉल अकादमी सिस्टम में ट्रेनिंग नहीं ली। मोहल्ले के लड़कों के साथ खेलते हुए उन्होंने खुद को निखारा। प्रोफेशनल फुटबॉल में उनका डेब्यू 25 साल की उम्र में अंगोला के क्लब प्रोग्रेसो से हुआ। इसके बाद उन्होंने मोल्दोवा, साइप्रस, स्लोवाकिया और पुर्तगाल में क्लब फुटबॉल खेला। फिलहाल वह पुर्तगाल के सेकंट टियर क्लब जीडी चावेस से जुड़े हैं।

View this post on Instagram

A post shared by Josimar Dias (@vozinha1)


From 50K to 5 Million Follower: Cape Verde Goalkeeper Vozinha emotional story, Becomes World Cup Hero vs Spain
फीफा विश्वकप 2026 - फोटो : अमर उजाला
'दादी' कहकर चिढ़ाते थे बच्चे
वोजिन्हा की कहानी का सबसे दिलचस्प पहलू उनका नाम है। पुर्तगाली भाषा में 'वोजिन्हा' का अर्थ 'दादी' होता है। बचपन में जब दूसरे बच्चे उन्हें चिढ़ाते थे और वह रोते हुए अपने दादा-दादी के पास चले जाते थे, तब उन्हें यह उपनाम दिया गया था। वर्षों बाद यही नाम उनकी पहचान बन गया। अब वही वोजिन्हा विश्व कप में स्पेन को रोकने वाले नायक के रूप में दुनिया भर में मशहूर हो चुके हैं। केप वर्डे की टीम आगे क्या करती है, यह आने वाले दिनों में पता चलेगा, लेकिन इतना तय है कि विश्व कप 2026 की शुरुआती सबसे यादगार कहानियों में वोजिन्हा का नाम लंबे समय तक याद रखा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Sports news in Hindi related to live update of Sports News, live scores and more cricket news etc. Stay updated with us for all breaking news from Sports and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed