सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Sports ›   Sneha Kolleri banned for 3 years as AIU rejects claim of contaminated supplement Know

Sneha Kolleri Banned: डोप टेस्ट फेल होने पर स्नेहा कोल्लेरी पर कार्रवाई, AIU ने तीन साल के लिए किया प्रतिबंधित

स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Mayank Tripathi Updated Fri, 20 Mar 2026 10:57 PM IST
विज्ञापन
सार

भारतीय धाविका स्नेहा कोल्लेरी को डोपिंग उल्लंघन के मामले में एथलेटिक्स इंटीग्रिटी यूनिट (एआईयू) ने तीन साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया।

Sneha Kolleri banned for 3 years as AIU rejects claim of contaminated supplement Know
स्नेहा कोल्लेरी - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार

भारतीय महिला धाविका स्नेहा कोल्लेरी को डोपिंग उल्लंघन के मामले में तीन साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है। यह फैसला एथलेटिक्स इंटीग्रिटी यूनिट (एआईयू) ने सुनाया है, जिसने उनके दूषित सप्लीमेंट के दावे को खारिज कर दिया।
Trending Videos


क्या है पूरा मामला?
26 वर्षीय कोच्चि की रहने वाली स्नेहा को पिछले साल एशियन चैंपियनशिप टीम से बाहर कर दिया गया था, जब उनका डोप टेस्ट पॉजिटिव आया। 10 मई को चीन के ग्वांगझोउ में प्रतियोगिता के दौरान लिए गए सैंपल में प्रतिबंधित स्टेरॉयड स्टैनोजोलोल पाया गया। जांच में स्टैनोजोलोल मेटाबोलाइट की पुष्टि हुई, जो विश्व एंटी-डोपिंग नियमों के तहत पूरी तरह प्रतिबंधित है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पहले नेगेटिव, फिर पॉजिटिव कैसे?
दिलचस्प बात यह रही कि पहले किए गए टेस्ट नेगेटिव थे। लेकिन चंडीगढ़ में लिए गए पुराने सैंपल की दोबारा जांच में भी स्टैनोजोलोल पाया गया। इससे एआईयू ने उनके खिलाफ दूसरा डोपिंग चार्ज भी जोड़ दिया। स्नेहा ने दावा किया कि उन्होंने मसलटेक नाइट्रोटेक 100% वे गोल्ड प्रोटीन नाम का सप्लीमेंट लिया था। उनके अनुसार यह सप्लीमेंट दूषित था और उसी में प्रतिबंधित पदार्थ मिला हुआ था। उन्होंने एक लैब रिपोर्ट भी दी, जिसमें सप्लीमेंट में स्टैनोजोलोल होने की बात कही गई।

जांच में क्या निकला, सजा कितनी?
एआईयू ने स्वतंत्र वैज्ञानिक विशेषज्ञ प्रो. मार्शियल सॉगी से जांच करवाई। एआईयू द्वारा मंगाए गए उसी सप्लीमेंट के सीलबंद पैक में कोई प्रतिबंधित पदार्थ नहीं मिला। वैज्ञानिक जांच में स्नेहा का दावा गलत पाया गया। इसके बाद एआईयू ने निष्कर्ष निकाला कि यह दूषित सप्लीमेंट का मामला नहीं है। एथलीट ने एंटी-डोपिंग नियमों का उल्लंघन किया है। सामान्यतः ऐसी स्थिति में 4 साल का बैन होता है। लेकिन स्नेहा ने 3 मार्च 2026 को उल्लंघन स्वीकार कर लिया। इसलिए एआईयू ने सजा घटाकर 3 साल कर दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Sports news in Hindi related to live update of Sports News, live scores and more cricket news etc. Stay updated with us for all breaking news from Sports and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed