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Cooler Tips: कूलर चलाने का सही समय क्या है? जानिए बिना बिजली बिल बढ़ाए पूरे दिन ठंडक पाने का स्मार्ट तरीका
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Jagriti
Updated Mon, 27 Apr 2026 04:58 PM IST
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सार
Air Cooler Cooling Tips: गर्मियां आते ही घरों से कूलर की आवाज भी आने लगती है, लेकिन अधिकतर लोगों को कूलर चलाने का सही समय और सही तरीका नहीं पता होता । जिससे वो इसकी क्षमता का पूरा इस्तेमाल नहीं कर पाते, इस लेख में जानें कि कूलर चलाने का सही समय क्या है? जिससे पूरे दिन घर में ठंडक भी बनी रहेगी और बिजली के बिल में भी कमी आएगी...
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : फ्लिपकार्ट
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विस्तार
Best Time to Run Cooler: ज्यादातर लोग कूलर का इस्तेमाल केवल रात में सोने के लिए करते हैं, लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि कूलर को सुबह के समय चलाना ज्यादा फायदेमंद है। चूंकि कूलर बाहर की हवा को पानी के जरिए ठंडा करके अंदर भेजता है, इसलिए सुबह की ठंडी हवा इसे और अधिक प्रभावी बनाती है। सुबह कूलर चलाने से घर की दीवारें और छत पहले ही ठंडी हो जाती हैं, जिससे दोपहर में लू और तेज गर्मी का असर घर के अंदर कम हो जाता है और बिजली की भी बचत होती है।
How to Reduce Room Temperature with Cooler: कूलर की कूलिंग बढ़ाने का तरीका
बहुत से लोग कूलर और एसी की कार्यप्रणाली को एक जैसा समझते हैं, लेकिन उन्हें नहीं पता कि इनके काम करने के तरीके में जमीन-आसमान का अंतर हो जाता है। कूलर को ठंडा करने के लिए वेंटिलेशन की जरूरत होती है।
सुबह कूलर चलाना क्यों है जरूरी?
उत्तर भारत जैसी जगहों पर जहां पारा 45 डिग्री या उससे अधिक पहुंच जाता है, वहां दोपहर तक दीवारें तप जाती हैं। अगर आप सुबह, जब बाहरी तापमान कम होता है, तब कूलर चलाते हैं, तो घर की थर्मल मास (Thermal Mass) यानी दीवारें, फर्श और छत ठंडक को सोख लेते हैं। यह एक कूलिंग रिजर्व की तरह काम करता है, जो दोपहर में सूरज की तपन को घर के भीतर आने से रोकता है।
कूलर के काम करने का विज्ञान
कूलर इवेपोरेटिव कूलिंग के सिद्धांत पर काम करता है। यह बाहर की हवा खींचता है और उसे गीले हनीकॉम्ब या घास के पैड्स से गुजारता है। अगर बाहर की हवा 40 डिग्री है, तो कूलर उसे 30 डिग्री तक ला पाएगा, लेकिन अगर बाहर की हवा 25 डिग्री है, तो कूलर उसे 18-20 डिग्री तक ठंडा कर देगा, जो आपके घर को पहले से ही प्री-कूल कर सकता है।
वहीं, गर्मी में शाम में घर की छतें अत्यधिक गर्म हो जाती हैं, ऐसे में कूलर चलाने में वह ठंडी हवा तो देता है, लकिन दीवारों की गर्मी की वजह से कमरे में उमस (Humidity) बढ़ जाती है। इसलिए, अगर आप सुबह कूलर चलाकर घर की सतहों को ठंडा कर देंगे, तो जब रात में चलाएंगे तो वह ज्यादा आरामदायक और असरदार होगा।
Save Electricity Bill Summer Hacks: बिजली बिल में कैसे होगी बचत?
जब घर की दीवारें पहले से ठंडी होंगी, तो आपको दोपहर में एसी चलाने की जरूरत बहुत कम पड़ेगी। फिर आप केवल 1-2 घंटे एसी चलाकर कमरे को ठंडा कर सकते हैं और बाकी समय कूलर या पंखे से काम चल जाएगा। इससे आपके महीने के बिजली बिल में 20% से 30% तक की कमी आ सकती है।
बेहतर कूलिंग के लिए टिप्स
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How to Reduce Room Temperature with Cooler: कूलर की कूलिंग बढ़ाने का तरीका
बहुत से लोग कूलर और एसी की कार्यप्रणाली को एक जैसा समझते हैं, लेकिन उन्हें नहीं पता कि इनके काम करने के तरीके में जमीन-आसमान का अंतर हो जाता है। कूलर को ठंडा करने के लिए वेंटिलेशन की जरूरत होती है।
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सुबह कूलर चलाना क्यों है जरूरी?
उत्तर भारत जैसी जगहों पर जहां पारा 45 डिग्री या उससे अधिक पहुंच जाता है, वहां दोपहर तक दीवारें तप जाती हैं। अगर आप सुबह, जब बाहरी तापमान कम होता है, तब कूलर चलाते हैं, तो घर की थर्मल मास (Thermal Mass) यानी दीवारें, फर्श और छत ठंडक को सोख लेते हैं। यह एक कूलिंग रिजर्व की तरह काम करता है, जो दोपहर में सूरज की तपन को घर के भीतर आने से रोकता है।
कूलर के काम करने का विज्ञान
कूलर इवेपोरेटिव कूलिंग के सिद्धांत पर काम करता है। यह बाहर की हवा खींचता है और उसे गीले हनीकॉम्ब या घास के पैड्स से गुजारता है। अगर बाहर की हवा 40 डिग्री है, तो कूलर उसे 30 डिग्री तक ला पाएगा, लेकिन अगर बाहर की हवा 25 डिग्री है, तो कूलर उसे 18-20 डिग्री तक ठंडा कर देगा, जो आपके घर को पहले से ही प्री-कूल कर सकता है।
वहीं, गर्मी में शाम में घर की छतें अत्यधिक गर्म हो जाती हैं, ऐसे में कूलर चलाने में वह ठंडी हवा तो देता है, लकिन दीवारों की गर्मी की वजह से कमरे में उमस (Humidity) बढ़ जाती है। इसलिए, अगर आप सुबह कूलर चलाकर घर की सतहों को ठंडा कर देंगे, तो जब रात में चलाएंगे तो वह ज्यादा आरामदायक और असरदार होगा।
Save Electricity Bill Summer Hacks: बिजली बिल में कैसे होगी बचत?
जब घर की दीवारें पहले से ठंडी होंगी, तो आपको दोपहर में एसी चलाने की जरूरत बहुत कम पड़ेगी। फिर आप केवल 1-2 घंटे एसी चलाकर कमरे को ठंडा कर सकते हैं और बाकी समय कूलर या पंखे से काम चल जाएगा। इससे आपके महीने के बिजली बिल में 20% से 30% तक की कमी आ सकती है।
बेहतर कूलिंग के लिए टिप्स
- वेंटिलेशन रखें: कूलर के सामने वाली खिड़की या दरवाजा थोड़ा खुला रखें ताकि क्रॉस-वेंटिलेशन हो और उमस न बने।
- पैड्स की सफाई: सीजन शुरू होने से पहले कूलर के घास या हनीकॉम्ब पैड्स को बदलें या साफ करें ताकि हवा का फ्लो बना रहे।
- आइस चैम्बर का उपयोग: अगर आपके कूलर में आइस ट्रे है, तो दोपहर के समय उसमें बर्फ डालें।
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