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राम मंदिर के दान में गबन पर सियासत: 'पहले जमीन घोटाला, अब चढ़ावे में चोरी', गोपनीय ढंग से गड़बड़ी की जांच
अमर उजाला नेटवर्क, अयोध्या
Published by: Sharukh Khan
Updated Fri, 12 Jun 2026 09:32 AM IST
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सार
राम मंदिर की दान राशि में गबन मामले की जांच गोपनीय ढंग से कराई जा रही है। ट्रस्ट दान गणना प्रणाली, सीसीटीवी फुटेज और कैश हैंडलिंग प्रक्रिया की तकनीकी पड़ताल में जुटा है। कर्मचारियों की भूमिका और डिजिटल रिकॉर्ड का मिलान कराया जा रहा है।
ram mandir ayodhya
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
राम मंदिर की दान राशि में कथित गड़बड़ी और गबन के आरोपों को लेकर चर्चा लगातार तेज है, लेकिन इस पूरे मामले पर ट्रस्ट के शीर्ष ट्रस्टी अब तक चुप्पी साधे हुए हैं। सूत्रों के अनुसार ट्रस्ट स्तर पर मामले की गोपनीय जांच कराई जा रही है और जांच पूरी होने तक कोई भी पदाधिकारी खुलकर कुछ कहने से बच रहा है।
जांच का केंद्र केवल कथित गबन तक सीमित नहीं है, बल्कि दान संग्रह से लेकर उसकी गणना, रिकॉर्डिंग और बैंक में जमा होने तक की पूरी प्रक्रिया की तकनीकी समीक्षा की जा रही है। बताया जा रहा है कि संबंधित तिथियों की सीसीटीवी फुटेज, दान पात्रों को खोलने की प्रक्रिया, कैश काउंटिंग के दौरान मौजूद कर्मचारियों की भूमिका और डिजिटल रिकॉर्ड का मिलान कराया जा रहा है।
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जांच का केंद्र केवल कथित गबन तक सीमित नहीं है, बल्कि दान संग्रह से लेकर उसकी गणना, रिकॉर्डिंग और बैंक में जमा होने तक की पूरी प्रक्रिया की तकनीकी समीक्षा की जा रही है। बताया जा रहा है कि संबंधित तिथियों की सीसीटीवी फुटेज, दान पात्रों को खोलने की प्रक्रिया, कैश काउंटिंग के दौरान मौजूद कर्मचारियों की भूमिका और डिजिटल रिकॉर्ड का मिलान कराया जा रहा है।
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सूत्रों का कहना है कि मंदिर में दान राशि की गणना बहुस्तरीय व्यवस्था के तहत होती है। ऐसे में जांचकर्ता यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि कथित गड़बड़ी प्रक्रिया संबंधी कमी है या फिर किसी व्यक्ति विशेष की भूमिका सामने आती है। मामले की गंभीरता को देखते हुए कुछ कर्मचारियों के दायित्वों में बदलाव और संदिग्ध गतिविधियों की आंतरिक समीक्षा भी किए जाने की चर्चा है। हालांकि ट्रस्ट की ओर से अब तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
पहले जमीन घोटाला, अब चढ़ावे में चोरी: माता प्रसाद
अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के मुद्दे पर उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर और अयोध्या के नाम पर कुछ लोग लगातार कमाई कर रहे हैं। पहले सस्ती जमीनें खरीदकर महंगे दामों में बेची गई और अब चढ़ावे में गड़बड़ी के आरोप सामने आ रहे हैं। यह गंभीर मामला है, जिसकी उच्चस्तरीय जांच कराई जानी चाहिए।
अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के मुद्दे पर उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर और अयोध्या के नाम पर कुछ लोग लगातार कमाई कर रहे हैं। पहले सस्ती जमीनें खरीदकर महंगे दामों में बेची गई और अब चढ़ावे में गड़बड़ी के आरोप सामने आ रहे हैं। यह गंभीर मामला है, जिसकी उच्चस्तरीय जांच कराई जानी चाहिए।
जहां चंपत बैठे हैं, वहां ऐसा ही होगा : अविमुक्तेश्वरानंद
अयोध्या में राम मंदिर से चढ़ावा चोरी होने के मामले में जगतगुरु शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि शिलापूजन से अब तक वहां चोरी होती आई है। जब वहां प्लॉट बिकना शुरू हुए तो उसमें भी खूब चोरियां हुईं। दो-दो मिनट में प्लॉट की कीमत करोड़ों में हो जाती थी। सपा प्रमुख अखिलेश यादव के आरोपों को लेकर उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने आरोप क्या लगाया, यह बात तो वहीं (राम मंदिर) से निकल कर आई है।
अयोध्या में राम मंदिर से चढ़ावा चोरी होने के मामले में जगतगुरु शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि शिलापूजन से अब तक वहां चोरी होती आई है। जब वहां प्लॉट बिकना शुरू हुए तो उसमें भी खूब चोरियां हुईं। दो-दो मिनट में प्लॉट की कीमत करोड़ों में हो जाती थी। सपा प्रमुख अखिलेश यादव के आरोपों को लेकर उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने आरोप क्या लगाया, यह बात तो वहीं (राम मंदिर) से निकल कर आई है।
उन्होंने ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वहां चंपत राय बैठे हैं। चंप धातु से ही चंपत शब्द बना है। चंप का मतलब ही होता है लेकर भाग जाना। चंपत हो जाना। जहां चंपत राय को बैठा दिया तो आपको समझ जाना चाहिए कि क्या होने वाला है।
विनय कटियार ने उठाई मांग, पारदर्शी समाधान हो
राम मंदिर की दान राशि में कथित गबन और चोरी के आरोपों का मामला अब लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरों में शामिल और बजरंग दल के संस्थापक विनय कटियार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर दी है। वहीं संत समाज के कई प्रमुख संतों ने भी पारदर्शी जांच कर सच्चाई सामने लाने की बात कही है।
राम मंदिर की दान राशि में कथित गबन और चोरी के आरोपों का मामला अब लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरों में शामिल और बजरंग दल के संस्थापक विनय कटियार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर दी है। वहीं संत समाज के कई प्रमुख संतों ने भी पारदर्शी जांच कर सच्चाई सामने लाने की बात कही है।
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