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UP को सबसे अधिक तवज्जो: चुनावी राज्यों पर भाजपा का बड़ा दांव, यहां ब्राह्मण और ठाकुर समुदाय के बीच संतुलन साधा
Tue, 18 Aug 2026 11:19 AM IST
Sharukh Khan
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली/लखनऊ/चंडीगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली/लखनऊ/चंडीगढ़।
Published by: Sharukh Khan
Updated Tue, 18 Aug 2026 11:19 AM IST
सार
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने चुनावी राज्यों को देखते हुए अपनी टीम का एलान किया है। उत्तर प्रदेश में पीडीए की काट की कोशिश की गई है। सर्वाधिक आठ को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में जगह दी गई है। इसके अलावा पंजाब में मनप्रीत बादल के जरिये सिख समुदाय में पैठ बढ़ाने का प्रयास किया गया है। उत्तराखंड में ब्राह्मण और ठाकुर समुदाय के बीच संतुलन साधा है।
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नितिन नवीन की नई टीम
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने अपनी टीम के गठन में चुनावी राज्यों पर बड़ा दांव खेला है। नवीन ने सबसे ज्यादा तवज्जो उत्तर प्रदेश को दी है, जहां से आठ नेताओं को अपनी टीम में शामिल किया है। लोकसभा चुनाव में झटके खा चुकी भाजपा ने उत्तर प्रदेश के पिछड़े समुदाय पर सबसे ज्यादा दांव लगाया है।
नई टीम में तीन ओबीसी चेहरे हैं, जबकि दो मुस्लिम नेताओं को भी पद दिए गए हैं। पूर्वांचल से आने वाले ब्राह्मण चेहरे और बस्ती से दो बार के सांसद हरीश द्विवेदी को राष्ट्रीय महासचिव बनाया गया है। यानी पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को जगह देने के साथ भाजपा ने अपने पारंपरिक सामाजिक आधार को भी साधने की कोशिश की है।
पार्टी पंजाब में सुखबीर बादल के रिश्तेदार मनप्रीत बादल के जरिये सिख समुदाय में पैठ बनाने की कोशिश में है। उत्तराखंड में ब्राह्मण व ठाकुर समुदाय के बीच संतुलन साधकर पार्टी जीत का हैट्रिक लगाना चाहती है। नवीन की टीम में उत्तर प्रदेश से दो महामंत्री, दो उपाध्यक्ष और दो मंत्री बनाए गए हैं।
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नई टीम में तीन ओबीसी चेहरे हैं, जबकि दो मुस्लिम नेताओं को भी पद दिए गए हैं। पूर्वांचल से आने वाले ब्राह्मण चेहरे और बस्ती से दो बार के सांसद हरीश द्विवेदी को राष्ट्रीय महासचिव बनाया गया है। यानी पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को जगह देने के साथ भाजपा ने अपने पारंपरिक सामाजिक आधार को भी साधने की कोशिश की है।
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पार्टी पंजाब में सुखबीर बादल के रिश्तेदार मनप्रीत बादल के जरिये सिख समुदाय में पैठ बनाने की कोशिश में है। उत्तराखंड में ब्राह्मण व ठाकुर समुदाय के बीच संतुलन साधकर पार्टी जीत का हैट्रिक लगाना चाहती है। नवीन की टीम में उत्तर प्रदेश से दो महामंत्री, दो उपाध्यक्ष और दो मंत्री बनाए गए हैं।
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दो नेताओं को ओबीसी और अल्पसंख्यक मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। नई टीम में जिन चेहरों को शामिल किया गया है, उसके जरिये यूपी में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिहाज से जहां जातिय समीकरण साधने की कोशिश की गई है वहीं, सपा के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की काट तैयार करने का भी प्रयास है।
पार्टी ने प्रो. तारिक मंसूर एवं कुंवर बासित अली को अहम जिम्मेदारी देकर अल्पसंख्यक कार्ड भी खेला है। बासित अली संघ के मुस्लिम राष्ट्रीय मंच से जुड़े रहे और भाजपा के मुस्लिम संपर्क अभियान का चेहरा रहे। ओबीसी समाज की दो महिलाओं को भी राष्ट्रीय टीम में स्थान देकर आधी आबादी को भी साधने की कोशिश की गई है।
धौरहरा की पूर्व सांसद रेखा वर्मा को तीसरी बार संगठन में उपाध्यक्ष बनाया गया है। अमेठी की पूर्व सांसद स्मृति ईरानी ने लंबे समय बाद संगठन में वापसी की है। बस्ती के पूर्व सांसद हरीश द्विवेदी को टीम में महामंत्री जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है।
बुलंदशहर के सांसद और दलित चेहरे के तौर पर डॉ. भोला सिंह और ओबीसी चेहरा संगीता यादव को टीम में मंत्री बनाया गया है। राज्यसभा सांसद अमरपाल मौर्या को जहां ओबीसी मोर्चा का अध्यक्ष बनाया गया है।
सामाजिक समीकरणों को साधने का प्रयास
- राज्यों और सामाजिक समीकरणों का ध्यान साफ दिखता है। राजस्थान से सतीश पूनिया, मध्यप्रदेश से गजेंद्र पटेल, हरियाणा से संजय भाटिया और त्रिपुरा से बिप्लब देब को राष्ट्रीय जिम्मेदारी मिलना उन राज्यों में विस्तार की जरूरत से जोड़कर देखा जा रहा है, जहां अगले दौर में चुनाव हैं।
- दूसरे दल से आए लोगों को भी मौका : आप से आए संदीप पाठक और कांग्रेस से आए रोहन गुप्ता को सचिव बनाया गया है।
पंजाब के तीन बड़े चेहरों को मिली जगह
नवीन की टीम में पूर्व वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। अमृतसर से ताल्लुक रखने वाले तरुण चुघ को राष्ट्रीय कार्यालय प्रभारी व पंजाब से जुड़े वरिष्ठ नेता सौदान सिंह को राष्ट्रीय सह महामंत्री (संगठन) बनाया गया है। आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा में आए राज्यसभा सांसद संदीप पाठक को भी राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी मिली है। मनप्रीत बादल को भाजपा के प्रमुख सिख चेहरे के तौर पर संगठन में जगह दी गई है। इसे पंजाब में सिख समुदाय के बीच पार्टी की पहुंच बढ़ाने की रणनीति माना जा रहा है।
नवीन की टीम में पूर्व वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। अमृतसर से ताल्लुक रखने वाले तरुण चुघ को राष्ट्रीय कार्यालय प्रभारी व पंजाब से जुड़े वरिष्ठ नेता सौदान सिंह को राष्ट्रीय सह महामंत्री (संगठन) बनाया गया है। आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा में आए राज्यसभा सांसद संदीप पाठक को भी राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी मिली है। मनप्रीत बादल को भाजपा के प्रमुख सिख चेहरे के तौर पर संगठन में जगह दी गई है। इसे पंजाब में सिख समुदाय के बीच पार्टी की पहुंच बढ़ाने की रणनीति माना जा रहा है।
शिअद अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के चचेरे भाई मनप्रीत पांच बार मुख्यमंत्री रहे प्रकाश सिंह बादल के भतीजे हैं। तरुण चुघ आरएसएस और एबीवीपी से राजनीतिक सफर शुरू कर भाजपा युवा मोर्चा में भी रहे। सौदान सिंह आरएसएस के प्रचारक रहे हैं। उन्होंने मध्य प्रदेश से संगठनात्मक काम शुरू किया और उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड व राजस्थान समेत कई राज्यों में भाजपा संगठन को मजबूत करने में भूमिका निभाई।
उत्तराखंड से तीन अनुभवी नेताओं को जिम्मेदारी
उत्तराखंड को राष्ट्रीय टीम में तीन प्रतिनिधित्व मिले हैं। पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को उपाध्यक्ष, अनिल बलूनी को मीडिया संयोजक और आलोक भट्ट को सोशल मीडिया टीम में सह संयोजक बनाया गया है। यानी राज्य के ब्राह्मण और ठाकुर, दोनों प्रमुख सामाजिक समूहों को जगह मिली है। यह संतुलन उत्तराखंड की राजनीति में भाजपा के लिए महत्वपूर्ण रहा है।
उत्तराखंड को राष्ट्रीय टीम में तीन प्रतिनिधित्व मिले हैं। पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को उपाध्यक्ष, अनिल बलूनी को मीडिया संयोजक और आलोक भट्ट को सोशल मीडिया टीम में सह संयोजक बनाया गया है। यानी राज्य के ब्राह्मण और ठाकुर, दोनों प्रमुख सामाजिक समूहों को जगह मिली है। यह संतुलन उत्तराखंड की राजनीति में भाजपा के लिए महत्वपूर्ण रहा है।
मनोहर के खास संजय और प्रदेश प्रभारी पूनिया महामंत्री
भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन की नई टीम में हरियाणा से जुड़े चार नेताओं को जगह मिली है। राज्यसभा सदस्य व करनाल के पूर्व सांसद संजय भाटिया, हरियाणा भाजपा के मौजूदा प्रभारी व राज्यसभा सदस्य सतीश पूनिया को पार्टी का राष्ट्रीय महामंत्री नियुक्ति किया गया है। भाजपा हरियाणा के पूर्व सोशल मीडिया प्रमुख व गुरुग्राम निवासी अरुण यादव को राष्ट्रीय सोशल मीडिया सह संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। भाजपा की वरिष्ठ नेता व गुरुग्राम की पूर्व सांसद डॉ. सुधा यादव के बेटे और सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट सिद्धार्थ यादव को मीडिया सह संयोजक बनाया गया है। हरियाणा के पूर्व प्रदेश प्रभारी बिप्लब कुमार देब को भी राष्ट्रीय महामंत्री नियुक्त किया गया है। पार्टी के राष्ट्रीय सचिव रहे जाट नेता ओमप्रकाश धनखड़ को फिलहाल नई टीम में जगह नहीं मिली है।
भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन की नई टीम में हरियाणा से जुड़े चार नेताओं को जगह मिली है। राज्यसभा सदस्य व करनाल के पूर्व सांसद संजय भाटिया, हरियाणा भाजपा के मौजूदा प्रभारी व राज्यसभा सदस्य सतीश पूनिया को पार्टी का राष्ट्रीय महामंत्री नियुक्ति किया गया है। भाजपा हरियाणा के पूर्व सोशल मीडिया प्रमुख व गुरुग्राम निवासी अरुण यादव को राष्ट्रीय सोशल मीडिया सह संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। भाजपा की वरिष्ठ नेता व गुरुग्राम की पूर्व सांसद डॉ. सुधा यादव के बेटे और सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट सिद्धार्थ यादव को मीडिया सह संयोजक बनाया गया है। हरियाणा के पूर्व प्रदेश प्रभारी बिप्लब कुमार देब को भी राष्ट्रीय महामंत्री नियुक्त किया गया है। पार्टी के राष्ट्रीय सचिव रहे जाट नेता ओमप्रकाश धनखड़ को फिलहाल नई टीम में जगह नहीं मिली है।
गोवा और मणिपुर का खाता खाली
- दूसरी ओर आगामी चुनाव वाले गोवा और मणिपुर को राष्ट्रीय टीम में कोई प्रतिनिधित्व नहीं मिला।
- दोनों राज्यों का खाता इस बार खाली रहा। यह भी दिलचस्प है कि खुद भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन बिहार से आते हैं, लेकिन नई टीम में बिहार को भी सिर्फ दो चेहरे मिले हैं।
- इससे संकेत मिलता है कि प्रतिनिधित्व तय करने में अध्यक्ष के गृहप्रदेश से ज्यादा चुनावी जरूरत और सामाजिक समीकरण को महत्व दिया गया है।