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Bageshwar News: हाय काकड़ी झिल मां, लूण पिसौ सिल मां...
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
Updated Sun, 05 Apr 2026 11:09 PM IST
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गरुड़ (बागेश्वर)। भकुनखोला मैदान में आयोजित कत्यूर महोत्सव अपनी पूरी भव्यता के साथ परवान चढ़ रहा है। शनिवार की रात आयोजित स्टार नाइट में कुमाउंनी लोकगायिका माया उपाध्याय और गायक राकेश खनवाल ने अपने गीतों से दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। रविवार दोपहर को महोत्सव के मंच पर स्कूली विद्यार्थियों ने रंगारंग कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियां देकर उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया।
शनिवार रात को लोकगायिका उपाध्याय ने हाय काकड़ी झिल मां, लूण पिसौ सिल मां..., क्रीम पौडरा घिसनी किलै ने..., मै न जानी नौकरी में, दिल्ली भौते दूर.... आदि गीतों से समां बांधा। इस दौरान दर्शक दीर्घा में बैठे में दर्शक गीतों पर झूम उठे। लोकगायक खनवाल ने ओ गंगा भागीरथी गंगा ऐ रै छे बागेश्वर..., पारै भीड़े की बसंती छोरी आदि गीतों की प्रस्तुति दी। देर रात तक चले इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में कत्यूर घाटी के लोक संगीत की अनूठी छटा बिखरी।
रविवार दोपहर को महोत्सव के मंच पर स्कूली विद्यार्थियों ने रंगारंग कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियां देकर उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। महोत्सव समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि इस तरह के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी पारंपरिक कलाओं और लोक संस्कृति से जोड़ना है। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेने के लिए गरुड़ और आसपास के क्षेत्रों से भारी संख्या में जनसैलाब उमड़ रहा है।
मेहंदी और एपण में छात्राओं ने बिखेरी अपनी कला की चमक
महोत्सव के दौरान आयोजित मेहंदी और पारंपरिक लोक कला एपण प्रतियोगिता में स्थानीय छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की। अपनी हथेलियों पर सुंदर आकृतियां उकेरते हुए मेहंदी प्रतियोगिता में प्रिया थापा ने पहला, रिया टम्टा ने दूसरा और गायत्री जोशी ने तीसरा स्थान हासिल किया। एपण प्रतियोगिता में भारती आर्य ने पहला, गायत्री जोशी ने दूसरा और मानसी जोशी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिताओं के दौरान प्रतिभा जोशी, राजेश्वरी और निर्मला बिष्ट ने निर्णायक की भूमिका निभाते हुए बारीकी से कलाकृतियों का मूल्यांकन किया।
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रविवार दोपहर को महोत्सव के मंच पर स्कूली विद्यार्थियों ने रंगारंग कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियां देकर उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। महोत्सव समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि इस तरह के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी पारंपरिक कलाओं और लोक संस्कृति से जोड़ना है। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेने के लिए गरुड़ और आसपास के क्षेत्रों से भारी संख्या में जनसैलाब उमड़ रहा है।
मेहंदी और एपण में छात्राओं ने बिखेरी अपनी कला की चमक
महोत्सव के दौरान आयोजित मेहंदी और पारंपरिक लोक कला एपण प्रतियोगिता में स्थानीय छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की। अपनी हथेलियों पर सुंदर आकृतियां उकेरते हुए मेहंदी प्रतियोगिता में प्रिया थापा ने पहला, रिया टम्टा ने दूसरा और गायत्री जोशी ने तीसरा स्थान हासिल किया। एपण प्रतियोगिता में भारती आर्य ने पहला, गायत्री जोशी ने दूसरा और मानसी जोशी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिताओं के दौरान प्रतिभा जोशी, राजेश्वरी और निर्मला बिष्ट ने निर्णायक की भूमिका निभाते हुए बारीकी से कलाकृतियों का मूल्यांकन किया।
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