Uttarakhand News: अधर में लटकी गांव की रोड के लिए सड़क पर उतरे ग्रामीण, लिखित आश्वासन के बाद माने लोग
कपकोट में गैरखेत–लखमारा सड़क का निर्माण कार्य तीन साल से ठप होने पर ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया। आक्रोशित ग्रामीणों ने विधायक कार्यालय के सामने धरना देकर एक महीने में काम शुरू करने की मांग की।
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बागेश्वर जिले के कपकोट में गैरखेत-लखमारा के लिए बन रही सड़क का निर्माण कार्य तीन साल से अधर में लटका है। ग्रामीण लंबे समय से काम शुरू करवाने की मांग कर रहे हैं। शासन-प्रशासन की ओर से सुध नहीं लिए जाने के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने विधायक सुरेश गढि़या के कार्यालय के आगे सड़क पर धरना दिया। विधायक का घेराव कर एक महीने में काम शुरू करवाने की मांग की।
बुधवार को लखमारा की क्षेत्र पंचायत सदस्य भगवती गढि़या, प्रधान प्रतिनिधि करम सिंह मेहता के नेतृत्व में 300 से अधिक ग्रामीण कपकोट पहुंचे। ग्रामीणों ने कपकोट बाजार को जाने वाली सड़क पर धरना देकर विधायक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों का कहना था कि क्षेत्र लखमारा गांव की सड़क का काम बंद पड़ा है। हरसीला-पुड़कूनी मोटर मार्ग से लखमारा होते हुए छुरिया सड़क का मिलान, गैरखेत-मल्ला पातल-चलकाना सड़क का काम भी शुरू नहीं हो सका है। बताया कि सड़कों के निर्माण की मांग के लिए कई बार शासन-प्रशासन को ज्ञापन दिया गया। विधायक भी पूर्व में आश्वासन दे चुके थे लेकिन अब तक सड़क का काम शुरू नहीं हो सका। धरने पर बैठे ग्रामीणों को समझाने आए विधायक गढि़या से भी ग्रामीणों की तीखी नोकझोंक हुई।
ग्रामीणों के आक्रोश को शांत करने के लिए उन्हें काफी मशक्कत करनी पड़ी। आखिरकार एक महीने में निर्माण कार्य शुरू करवाने के लिखित आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त किया। इस मौके पर एसडीएम अनिल चन्याल, लोनिवि ईई अमित पटेल, ग्रामीण धीरज गढ़िया, पूर्व प्रधान हरीश राम, मदन मेहता, खड़क सिंह, मदन सिंह गढ़िया, आनंद सिंह मेहता, लक्ष्मण सिंह, गणेश सिंह, देवकी देवी, नरूली देवी, हयात राम आदि मौजूद रहे।
दो घंटे तक धरने के कारण लगा रहा जाम
कपकोट बाजार सड़क पर धरने के कारण बैंक, अस्पताल, कार्यालय और ग्रामीण क्षेत्रों को आने-जाने वाले वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए कपकोट पुलिस ने यातायात को रोक दिया था। बड़ी संख्या में आए ग्रामीणों ने बीच सड़क पर बैठकर धरना दिया।
क्षेत्र में निर्माणाधीन सड़क का काम पूरा करवाने और नई सड़कों का काम शुरू करने की मांग की लगातार उपेक्षा की जा रही थी। पांच बार पूर्व में विधायक कार्यालय आ चुके थे। अब मजबूर होकर ग्रामीणों को सड़कों पर उतरना पड़ा। अगर एक महीने में लखमारा सड़क का काम शुरू नहीं हुआ तो विधायक कार्यालय के आगे धरना दिया जाएगा। -भगवती गढि़या, क्षेपं सदस्य,
सड़क नहीं होने से आने-जाने में परेशानी होती है। उम्र बढ़ने के साथ पैदल सामान ढोकर ले जाना काफी तकलीफ देता है। सरकार को जल्द गांव तक सड़क बनानी चाहिए। -देवकी देवी, ग्रामीण
सड़क बन रही सुनते-सुनते बुढ़ापा आ गया लेकिन गांव में सड़क नहीं आई। जरूरी काम से बाजार जाने के लिए साढ़े तीन किमी पैदल चलना पड़ता है। पहले आराम से चले जाते थे। अब परेशानी होती है। - नरुली देवी, ग्रामीण
लंबे समय से ग्रामीण सड़क की आस लगाए हैं। ग्रामीणों की मांग और आक्रोश जायज है। विभाग और ठेकेदार के कारण सड़क तय समय पर नहीं बन सकी। एक महीने में सारे अवरोध दूर कर सड़क का काम शुरू करवाया जाएगा। -सुरेश गढि़या, विधायक, कपकोट

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