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Chamoli News: टीईटी की बाध्यता के विरोध में सड़कों पर उतरे शिक्षक
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Mon, 18 May 2026 07:08 PM IST
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जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने पीजी कॉलेज रोड से होते हुए कलेक्ट्रेट परिसर तक निकाली हुंकार रैली
मांगों पर कार्रवाई न होने पर चरणबद्ध आंदोलन का किया एलान
संवाद न्यूज एजेंसी-
गोपेश्वर। टीईटी की बाध्यता समाप्त करने, त्रिस्तरीय कैडर व्यवस्था लागू करने सहित विभिन्न मांगों के लिए राजकीय जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संघ से जुड़े शिक्षक-शिक्षिकाओं ने कलेक्ट्रेट परिसर तक हुंकार रैली निकाली और कलेक्ट्रेट परिसर में धरना दिया। उन्होंने कहा कि यदि उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो चरणबद्ध आंदोलन जारी रखा जाएगा।
सोमवार को पूर्वाह्न 11 बजे पीजी कॉलेज रोड से होते हुए जिलेभर के शिक्षक-शिक्षिकाएं कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे। यहां हुई सभा में जिलाध्यक्ष विक्रम सिंह गुसांई ने वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त सभी शिक्षकों को टीईटी परीक्षा से मुक्त रखने के लिए प्रदेश की विधानसभा से प्रस्ताव पारित कर शिक्षकों को टीईटी परीक्षा से छूट प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार से संसद में अध्यादेश लाकर कानून बनाने की मांग उठाई। इसके साथ ही जूनियर और प्रारंभिक शिक्षक संवर्ग का त्रिस्तरीय कैडर शीघ्र लागू करने, समान कार्य के लिए समान वेतन के तहत 17140 वेतनमान देने, प्रधानाध्यापक एवं सहायक अध्यापकों को पूर्ण सेवाकाल में तीन पदोन्नतियां दिए जाने समेत कई मांगें उठाई गईं। शिक्षकों ने एलान किया यदि शीघ्र मांगों पर कार्रवाई नहीं की गई तो 29 मई को शिक्षा निदेशालय पर धरना तथा 8 जून को विशाल रैली निकालकर सचिवालय घेराव किया जाएगा। इस मौके पर प्रदेश कोषाध्यक्ष मनोज शाह, प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश भट्ट, मंजूषा पुंडीर, सर्वेश्वर सिमल्टी, यशपाल बुटोला, शेर सिंह परमार आदि मौजूद रहे।
टीईटी अनिवार्यता के विरोध में शिक्षकों ने निकाली रैली
रुद्रप्रयाग। प्रदेशीय जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ के बैनर तले शिक्षकों ने टीईटी अनिवार्यता के विरोध में और 13 सूत्री मांगों के लिए जिला मुख्यालय तक रैली निकालकर प्रदर्शन किया। शिक्षक रैली निकालते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और प्रदर्शन कर अपर जिलाधिकारी श्याम सिंह राणा के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा। संघ के जिलाध्यक्ष लखपत सिंह लिंगवाल ने कहा कि कई शिक्षक वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं और ऐसे में टीईटी को अनिवार्य बनाने से हजारों शिक्षकों में असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है। सरकार को शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखते हुए समाधान निकालना चाहिए। वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुधा डिमरी ने कहा कि शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित रखने के लिए सरकार को सुप्रीम कोर्ट में प्रभावी पैरवी करनी चाहिए व शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने चाहिए। इस दौरान जिला कोषाध्यक्ष राकेश असवाल, वरिष्ठ संयुक्त मंत्री योगेंद्र नेगी, जिला महामंत्री डा, रघुवीर लाल उनियाल सहित अन्य शिक्षक मौजूद रहे। संवाद
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जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने पीजी कॉलेज रोड से होते हुए कलेक्ट्रेट परिसर तक निकाली हुंकार रैली
मांगों पर कार्रवाई न होने पर चरणबद्ध आंदोलन का किया एलान
संवाद न्यूज एजेंसी-
गोपेश्वर। टीईटी की बाध्यता समाप्त करने, त्रिस्तरीय कैडर व्यवस्था लागू करने सहित विभिन्न मांगों के लिए राजकीय जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संघ से जुड़े शिक्षक-शिक्षिकाओं ने कलेक्ट्रेट परिसर तक हुंकार रैली निकाली और कलेक्ट्रेट परिसर में धरना दिया। उन्होंने कहा कि यदि उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो चरणबद्ध आंदोलन जारी रखा जाएगा।
सोमवार को पूर्वाह्न 11 बजे पीजी कॉलेज रोड से होते हुए जिलेभर के शिक्षक-शिक्षिकाएं कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे। यहां हुई सभा में जिलाध्यक्ष विक्रम सिंह गुसांई ने वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त सभी शिक्षकों को टीईटी परीक्षा से मुक्त रखने के लिए प्रदेश की विधानसभा से प्रस्ताव पारित कर शिक्षकों को टीईटी परीक्षा से छूट प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार से संसद में अध्यादेश लाकर कानून बनाने की मांग उठाई। इसके साथ ही जूनियर और प्रारंभिक शिक्षक संवर्ग का त्रिस्तरीय कैडर शीघ्र लागू करने, समान कार्य के लिए समान वेतन के तहत 17140 वेतनमान देने, प्रधानाध्यापक एवं सहायक अध्यापकों को पूर्ण सेवाकाल में तीन पदोन्नतियां दिए जाने समेत कई मांगें उठाई गईं। शिक्षकों ने एलान किया यदि शीघ्र मांगों पर कार्रवाई नहीं की गई तो 29 मई को शिक्षा निदेशालय पर धरना तथा 8 जून को विशाल रैली निकालकर सचिवालय घेराव किया जाएगा। इस मौके पर प्रदेश कोषाध्यक्ष मनोज शाह, प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश भट्ट, मंजूषा पुंडीर, सर्वेश्वर सिमल्टी, यशपाल बुटोला, शेर सिंह परमार आदि मौजूद रहे।
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टीईटी अनिवार्यता के विरोध में शिक्षकों ने निकाली रैली
रुद्रप्रयाग। प्रदेशीय जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ के बैनर तले शिक्षकों ने टीईटी अनिवार्यता के विरोध में और 13 सूत्री मांगों के लिए जिला मुख्यालय तक रैली निकालकर प्रदर्शन किया। शिक्षक रैली निकालते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और प्रदर्शन कर अपर जिलाधिकारी श्याम सिंह राणा के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा। संघ के जिलाध्यक्ष लखपत सिंह लिंगवाल ने कहा कि कई शिक्षक वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं और ऐसे में टीईटी को अनिवार्य बनाने से हजारों शिक्षकों में असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है। सरकार को शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखते हुए समाधान निकालना चाहिए। वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुधा डिमरी ने कहा कि शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित रखने के लिए सरकार को सुप्रीम कोर्ट में प्रभावी पैरवी करनी चाहिए व शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने चाहिए। इस दौरान जिला कोषाध्यक्ष राकेश असवाल, वरिष्ठ संयुक्त मंत्री योगेंद्र नेगी, जिला महामंत्री डा, रघुवीर लाल उनियाल सहित अन्य शिक्षक मौजूद रहे। संवाद