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Kotdwar News: बरसात शुरू होते ही याद आती है नालियों की
Thu, 16 Jul 2026 05:32 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 16 Jul 2026 05:32 PM IST
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सड़कों पर हर रोज दो पहिया वाहन चालक व राहगीर हो रहे हैं गिर कर चोटिल
नींबूचौड़ बाजार में चोक नाली खुलवाने को खुदवाई गई सड़क बनी है परेशानी की वजह
कोटद्वार। सरकारी विभागों को बरसात शुरू होने पर ही निकासी नालियों की याद आने लगी है। स्थिति यह है कि अब सड़कों पर हर रोज दो पहिया वाहन चालक व राहगीर गिरकर चोटिल हो रहे हैं।
पहले दुर्गापुर बाजार में सड़क के नीचे दबी निकासी नाली खोदकर छोड़ दी गई और अब नींबूचौड़ में भी शुरू हो गया है। यहां लोनिवि ने सड़क और फुटपाथ खोदकर निकासी नाला तलाशा। उसकी सफाई के बाद यह नाला खुला छोड़ दिया गया है। स्थानीय निवासी गीता देवी, दर्शनी देवी, उमेद सिंह व उमेश कंडवाल का कहना है कि खुला निकासी नाला खतरे का सबब बना हुआ है।
स्लैब तोड़ने से आसपास के दुकानदारों के लिए भी परेशानी पैदा हो गई है। आए दिन निकासी नालियों के स्वरूप में हो रहे परिवर्तन से भी लोग परेशान हैं। क्षेत्रवासियों ने आरोप लगाया कि विभागों में समन्वय की कमी का खामियाजा आम लोगों को उठाना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि निकासी नालियों को भूमिगत नहीं किया जाना चाहिए। इससे चोक होने पर सफाई में परेशानी होती है। एई साहब सिंह सैनी का कहना है कि नींबूचौड़ बाजार में निकासी नाली चोक होने के कारण सड़क खुदवाई गई है। नाली की सफाई कराने के बाद स्थायी प्रकृति का निर्माण कराया जाएगा।
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नींबूचौड़ बाजार में चोक नाली खुलवाने को खुदवाई गई सड़क बनी है परेशानी की वजह
कोटद्वार। सरकारी विभागों को बरसात शुरू होने पर ही निकासी नालियों की याद आने लगी है। स्थिति यह है कि अब सड़कों पर हर रोज दो पहिया वाहन चालक व राहगीर गिरकर चोटिल हो रहे हैं।
पहले दुर्गापुर बाजार में सड़क के नीचे दबी निकासी नाली खोदकर छोड़ दी गई और अब नींबूचौड़ में भी शुरू हो गया है। यहां लोनिवि ने सड़क और फुटपाथ खोदकर निकासी नाला तलाशा। उसकी सफाई के बाद यह नाला खुला छोड़ दिया गया है। स्थानीय निवासी गीता देवी, दर्शनी देवी, उमेद सिंह व उमेश कंडवाल का कहना है कि खुला निकासी नाला खतरे का सबब बना हुआ है।
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स्लैब तोड़ने से आसपास के दुकानदारों के लिए भी परेशानी पैदा हो गई है। आए दिन निकासी नालियों के स्वरूप में हो रहे परिवर्तन से भी लोग परेशान हैं। क्षेत्रवासियों ने आरोप लगाया कि विभागों में समन्वय की कमी का खामियाजा आम लोगों को उठाना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि निकासी नालियों को भूमिगत नहीं किया जाना चाहिए। इससे चोक होने पर सफाई में परेशानी होती है। एई साहब सिंह सैनी का कहना है कि नींबूचौड़ बाजार में निकासी नाली चोक होने के कारण सड़क खुदवाई गई है। नाली की सफाई कराने के बाद स्थायी प्रकृति का निर्माण कराया जाएगा।
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