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Kotdwar News: छोड़ दिया डामरीकरण, चार किमी बदहाल सड़क पर चलन मुश्किल
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Sat, 28 Mar 2026 06:46 PM IST
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वर्ष 2024 में मार्ग का हुआ था डामरीकरण, कफल्डी और हंडुल गांव का चार किमी मार्ग छोड़ा
लैंसडौन। कफल्डी-चुंडई-कांडाखाल-सतपुली मार्ग पर 15 से 17.5 किलोमीटर के बीच और तल्ला हंडुल में 1.5 किमी मार्ग का डामरीकरण नहीं होने से कफल्डी गांव व हंडुल के ग्रामीणों की दिनचर्या दुश्वारियों भरी है।
वर्ष 2024 में सिसल्डी से चुंडई-कांडाखाल-सतपुली तक 31 किलोमीटर मार्ग का लोनिवि प्रांतीय खंड लैंसडौन की ओर से डामरीकरण का कार्य कराया गया था। चैनल मशीन से हुए डामरीकरण से कफल्डी ग्राम में 2.5 किलोमीटर व हंडुल गांव में 1.5 किमी मार्ग का डामरीकरण का कार्य नहीं हो सका था। हालात यह है कि 15 से 17.5 किलोमीटर के बीच 2.5 किमी तक का मार्ग डामरीकरण नहीं होने से सड़क मिट्टी के गड्ढों में तब्दील हो गई है। इस भाग पर वाहन भी रेंगकर चल रहे हैं।
बुजुर्गों, बच्चों व प्रसूता महिलाओं को समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। बारिश के दौरान मार्ग का 2.5 किमी का भाग जलमग्न होने से ग्रामीणों की दुश्वारियां और भी बढ़ जाती है। हाल ही में सतपुली से गुमखाल मार्ग के चौड़ीकरण के लिए चल रहे कार्य के दौरान कोटद्वार से सतपुली व जिला मुख्यालय पौड़ी के लिए वाहनों की आवाजाही इसी वैकल्पिक मार्ग से होकर की गई थी।
मार्ग की हालात अत्यंत दयनीय है। आवागमन में परेशानी हो रही है। बारिश दौरान जलभराव की खतरनाक स्थिति बन जाती है। मार्ग वैकल्पिक रूप से प्रयोग में आने लगा है। इसलिए मार्ग का चौड़ीकरण किया जाना भी आवश्यक है।
कर्नल बीरेंद्र सिंह नेगी (रि.), उपाध्यक्ष, उत्तराखंड पूर्व सैनिक लीग देहरादून।
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कफल्डी गांव का 2.5 किमी व हंडुल का 1.5 किमी, कुल चार किमी भाग पर डामरीकरण नहीं किया गया। इससे कफल्डी व हंडुल गांवों के 400 परिवारों की डेढ़ हजार की आबादी परेशान है। इससे कफल्डी गांव के लोगों का पलायन होने लगा है।
सुमन भंडारी, ग्राम प्रधान कफल्डी।
तकनीकी कारणों से चार किमी मार्ग का डामरीकरण कार्य अवशेष रहा था। इसमें ब्रिडकुल को कार्य करना था। लोनिवि लैंसडौन की ओर से चार किमी कार्य का प्रस्ताव प्रमुख अभियंता को भेजा गया है। स्वीकृति मिलते ही कार्य शुरू हो जाएगा।
- राहुल गुप्ता, जेई लोनिवि लैंसडौन।
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लैंसडौन। कफल्डी-चुंडई-कांडाखाल-सतपुली मार्ग पर 15 से 17.5 किलोमीटर के बीच और तल्ला हंडुल में 1.5 किमी मार्ग का डामरीकरण नहीं होने से कफल्डी गांव व हंडुल के ग्रामीणों की दिनचर्या दुश्वारियों भरी है।
वर्ष 2024 में सिसल्डी से चुंडई-कांडाखाल-सतपुली तक 31 किलोमीटर मार्ग का लोनिवि प्रांतीय खंड लैंसडौन की ओर से डामरीकरण का कार्य कराया गया था। चैनल मशीन से हुए डामरीकरण से कफल्डी ग्राम में 2.5 किलोमीटर व हंडुल गांव में 1.5 किमी मार्ग का डामरीकरण का कार्य नहीं हो सका था। हालात यह है कि 15 से 17.5 किलोमीटर के बीच 2.5 किमी तक का मार्ग डामरीकरण नहीं होने से सड़क मिट्टी के गड्ढों में तब्दील हो गई है। इस भाग पर वाहन भी रेंगकर चल रहे हैं।
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बुजुर्गों, बच्चों व प्रसूता महिलाओं को समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। बारिश के दौरान मार्ग का 2.5 किमी का भाग जलमग्न होने से ग्रामीणों की दुश्वारियां और भी बढ़ जाती है। हाल ही में सतपुली से गुमखाल मार्ग के चौड़ीकरण के लिए चल रहे कार्य के दौरान कोटद्वार से सतपुली व जिला मुख्यालय पौड़ी के लिए वाहनों की आवाजाही इसी वैकल्पिक मार्ग से होकर की गई थी।
मार्ग की हालात अत्यंत दयनीय है। आवागमन में परेशानी हो रही है। बारिश दौरान जलभराव की खतरनाक स्थिति बन जाती है। मार्ग वैकल्पिक रूप से प्रयोग में आने लगा है। इसलिए मार्ग का चौड़ीकरण किया जाना भी आवश्यक है।
कर्नल बीरेंद्र सिंह नेगी (रि.), उपाध्यक्ष, उत्तराखंड पूर्व सैनिक लीग देहरादून।
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कफल्डी गांव का 2.5 किमी व हंडुल का 1.5 किमी, कुल चार किमी भाग पर डामरीकरण नहीं किया गया। इससे कफल्डी व हंडुल गांवों के 400 परिवारों की डेढ़ हजार की आबादी परेशान है। इससे कफल्डी गांव के लोगों का पलायन होने लगा है।
सुमन भंडारी, ग्राम प्रधान कफल्डी।
तकनीकी कारणों से चार किमी मार्ग का डामरीकरण कार्य अवशेष रहा था। इसमें ब्रिडकुल को कार्य करना था। लोनिवि लैंसडौन की ओर से चार किमी कार्य का प्रस्ताव प्रमुख अभियंता को भेजा गया है। स्वीकृति मिलते ही कार्य शुरू हो जाएगा।
- राहुल गुप्ता, जेई लोनिवि लैंसडौन।
