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Kotdwar News: ग्रास्टनगंज में हाथियों की दहशत, शाम को सिद्धबली मंदिर परिसर में धमके
Fri, 26 Jun 2026 07:03 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Fri, 26 Jun 2026 07:03 PM IST
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एक सप्ताह से लगातार आबादी क्षेत्र में पहुंच रहे हाथी
वन विभाग ने बढ़ाई गश्त, लोगों से सतर्क रहने की अपील
कोटद्वार। लैंसडौन वन प्रभाग के जंगलों से सटे सनेह क्षेत्र के अंतर्गत ग्रास्टनगंज में हाथियों की आवाजाही लगातार बढ़ रही है। पिछले एक सप्ताह से हाथी शाम ढलते ही आम खाने के लिए बगीचों में पहुंच रहे हैं। वहीं, सिद्धबली मंदिर परिसर तक हाथियों की दस्तक से क्षेत्रवासियों और श्रद्धालुओं में भय बना हुआ है। हाथियों की आमद को देखते हुए वन विभाग ने गश्त बढ़ा दी है।
स्थानीय निवासी राजेश थपलियाल ने बताया कि ग्रास्टनगंज क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से हाथियों का झुंड लगातार पहुंच रहा है। शाम करीब पांच बजे से ही हाथी आम के बगीचों में आने लगते हैं जिससे स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। उन्होंने वन विभाग से गश्त और बढ़ाने तथा हाथियों को आबादी क्षेत्र से दूर खदेड़ने की मांग की है।
उन्होंने बताया कि हाथी सिद्धबली मंदिर परिसर तक भी धमक रहे हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी शाम के समय टहलने के लिए मंदिर तक जाते हैं और संध्या आरती में शामिल होने के बाद लौटते हैं। ऐसे में मंदिर परिसर और आसपास हाथियों की मौजूदगी से किसी भी समय दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
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उधर, हाथियों के झुंड तिलवाढांग चौकी और डीएफओ आवास के नीचे गिंवाई स्रोत स्थित आम के बगीचों में भी पहुंच रहे हैं। आम के मौसम में भोजन की तलाश में हाथियों की चहलकदमी लगातार बढ़ने से आसपास के क्षेत्रों में लोगों की चिंता बढ़ गई है।
कोटद्वार के रेंजर विपिन जोशी ने बताया कि सिद्धबली मंदिर, ग्रास्टनगंज और गिंवाई स्रोत क्षेत्र में हाथियों की आवाजाही लगातार बनी हुई है। सुरक्षा के मद्देनजर वनकर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है। उन्होंने लोगों से शाम और रात के समय आवाजाही करते वक्त सतर्कता बरतने की अपील की है।
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वन विभाग ने बढ़ाई गश्त, लोगों से सतर्क रहने की अपील
कोटद्वार। लैंसडौन वन प्रभाग के जंगलों से सटे सनेह क्षेत्र के अंतर्गत ग्रास्टनगंज में हाथियों की आवाजाही लगातार बढ़ रही है। पिछले एक सप्ताह से हाथी शाम ढलते ही आम खाने के लिए बगीचों में पहुंच रहे हैं। वहीं, सिद्धबली मंदिर परिसर तक हाथियों की दस्तक से क्षेत्रवासियों और श्रद्धालुओं में भय बना हुआ है। हाथियों की आमद को देखते हुए वन विभाग ने गश्त बढ़ा दी है।
स्थानीय निवासी राजेश थपलियाल ने बताया कि ग्रास्टनगंज क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से हाथियों का झुंड लगातार पहुंच रहा है। शाम करीब पांच बजे से ही हाथी आम के बगीचों में आने लगते हैं जिससे स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। उन्होंने वन विभाग से गश्त और बढ़ाने तथा हाथियों को आबादी क्षेत्र से दूर खदेड़ने की मांग की है।
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उन्होंने बताया कि हाथी सिद्धबली मंदिर परिसर तक भी धमक रहे हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी शाम के समय टहलने के लिए मंदिर तक जाते हैं और संध्या आरती में शामिल होने के बाद लौटते हैं। ऐसे में मंदिर परिसर और आसपास हाथियों की मौजूदगी से किसी भी समय दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
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उधर, हाथियों के झुंड तिलवाढांग चौकी और डीएफओ आवास के नीचे गिंवाई स्रोत स्थित आम के बगीचों में भी पहुंच रहे हैं। आम के मौसम में भोजन की तलाश में हाथियों की चहलकदमी लगातार बढ़ने से आसपास के क्षेत्रों में लोगों की चिंता बढ़ गई है।
कोटद्वार के रेंजर विपिन जोशी ने बताया कि सिद्धबली मंदिर, ग्रास्टनगंज और गिंवाई स्रोत क्षेत्र में हाथियों की आवाजाही लगातार बनी हुई है। सुरक्षा के मद्देनजर वनकर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है। उन्होंने लोगों से शाम और रात के समय आवाजाही करते वक्त सतर्कता बरतने की अपील की है।