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Kotdwar News: रिवर ड्रेजिंग के नाम पर अनियंत्रित खनन रोका जाए
Thu, 30 Jul 2026 07:14 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 30 Jul 2026 07:14 PM IST
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डीएम को पत्र भेजकर नदी किनारों की सुरक्षा
परिहार नीति के पालन और प्रतिबंधित क्षेत्रों की भराई कराने की मांग की
कोटद्वार। सिताबपुर निवासी मुजीब नैथानी ने तहसील क्षेत्र की खोह, सुखरो सहित अन्य नदियों में रिवर ड्रेजिंग के नाम पर अनियंत्रित खनन का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को पत्र भेजकर कार्रवाई की मांग की है।
पत्र में कहा गया है कि वर्ष 2020 से नदी किनारों को सुरक्षित करने के उद्देश्य से शुरू की गई रिवर ड्रेजिंग की आड़ में बड़े पैमाने पर खनन किया जा रहा है जिससे नदी तट कमजोर हो रहे हैं और बरसात के दौरान कटाव का खतरा लगातार बढ़ रहा है। आरोप लगाया गया है कि निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है।
मुजीब नैथानी ने मांग की कि भविष्य में यदि रिवर ड्रेजिंग का प्रस्ताव स्वीकृत किया जाए तो सबसे पहले नदी किनारे खोदे गए प्रतिबंधित क्षेत्रों की भराई कराई जाए। साथ ही कहा कि उत्तराखंड परिहार नीति का पूर्ण अनुपालन कराते हुए वर्ष 2020 की रिवर ड्रेजिंग की शर्तों से हटाए गए प्रावधानों को दोबारा लागू किया जाना चाहिए।
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परिहार नीति के पालन और प्रतिबंधित क्षेत्रों की भराई कराने की मांग की
कोटद्वार। सिताबपुर निवासी मुजीब नैथानी ने तहसील क्षेत्र की खोह, सुखरो सहित अन्य नदियों में रिवर ड्रेजिंग के नाम पर अनियंत्रित खनन का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को पत्र भेजकर कार्रवाई की मांग की है।
पत्र में कहा गया है कि वर्ष 2020 से नदी किनारों को सुरक्षित करने के उद्देश्य से शुरू की गई रिवर ड्रेजिंग की आड़ में बड़े पैमाने पर खनन किया जा रहा है जिससे नदी तट कमजोर हो रहे हैं और बरसात के दौरान कटाव का खतरा लगातार बढ़ रहा है। आरोप लगाया गया है कि निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है।
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मुजीब नैथानी ने मांग की कि भविष्य में यदि रिवर ड्रेजिंग का प्रस्ताव स्वीकृत किया जाए तो सबसे पहले नदी किनारे खोदे गए प्रतिबंधित क्षेत्रों की भराई कराई जाए। साथ ही कहा कि उत्तराखंड परिहार नीति का पूर्ण अनुपालन कराते हुए वर्ष 2020 की रिवर ड्रेजिंग की शर्तों से हटाए गए प्रावधानों को दोबारा लागू किया जाना चाहिए।
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