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Kotdwar News: शहर से लेकर भाबर तक सड़कों पर जलभराव से बढ़ी परेशानी
Thu, 06 Aug 2026 05:21 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Thu, 06 Aug 2026 05:21 PM IST
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कोटद्वार। दो दिन से लगातार हो रही बारिश से शहर से लेकर भाबर तक सड़कों की हालत बदहाल हो गई है। झंडाचौक और स्टेशन रोड से लेकर देवी रोड पर कई जगहों पर जलभराव से राहगीरों की परेशानी बढ़ गई है। शहर में लालबत्ती से लेकर सिमलचौड़ तक के चार किमी पैच में 500 मीटर क्षेत्र में लोग जलभराव से परेशान हैं।
मानसून की बारिश के बीच शहर में जलभराव की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। कई स्थानों पर सड़कें तालाब का रूप ले रही है जिससे पैदल राहगीरों से लेकर वाहन चालकों तक को परेशानी उठानी पड़ रही है। देवी रोड पर पनियाली पुलिया, देवी मंदिर, शिब्बूनगर और जल निगम स्टोर वाली सड़क पर बारिश के बाद लंबे समय तक पानी जमा रहने से लोगों की आवाजाही प्रभावित हो रही है।
यही हाल भाबर के हल्दूखाता और किशनपुर के बीच मिलनचौक के पास की है। यहां पर जशोधरपुर इंडस्टि्रयल एरिया और खेत खलिहानों का पानी मुख्य मार्ग पर होते हुए बह रहा है। दो करोड़ से औद्योगिक क्षेत्र के लिए बना निकासी नाला भी चोक पड़ा है। स्थानीय राकेश ध्यानी, प्रभुदयाल चमोली, हरीश डोबरियाल व कुंवर सिंह राणा का कहना है कि बरसात शुरू होते ही इन स्थानों पर हर साल जलभराव की समस्या खड़ी हो जाती है लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
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नागरिकों ने नगर निगम और संबंधित विभाग से जल निकासी व्यवस्था में सुधार कराने, नालियों की नियमित सफाई कराने और जलभराव वाले स्थानों का स्थायी समाधान करने की मांग की है, ताकि बरसात के दौरान लोगों को राहत मिल सके। ईई निर्भय सिंह का कहना है कि देवीरोड पर जलभराव वाले स्थान चिह्नित किए गए हैं। सिमलचौड़ से लालबत्ती चौक तक चार किमी सड़क का सुदृढ़ीकरण का प्रस्ताव भेजा गया है। बरसात के बाद समस्या का समाधान कर दिया जाएगा।
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मानसून की बारिश के बीच शहर में जलभराव की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। कई स्थानों पर सड़कें तालाब का रूप ले रही है जिससे पैदल राहगीरों से लेकर वाहन चालकों तक को परेशानी उठानी पड़ रही है। देवी रोड पर पनियाली पुलिया, देवी मंदिर, शिब्बूनगर और जल निगम स्टोर वाली सड़क पर बारिश के बाद लंबे समय तक पानी जमा रहने से लोगों की आवाजाही प्रभावित हो रही है।
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यही हाल भाबर के हल्दूखाता और किशनपुर के बीच मिलनचौक के पास की है। यहां पर जशोधरपुर इंडस्टि्रयल एरिया और खेत खलिहानों का पानी मुख्य मार्ग पर होते हुए बह रहा है। दो करोड़ से औद्योगिक क्षेत्र के लिए बना निकासी नाला भी चोक पड़ा है। स्थानीय राकेश ध्यानी, प्रभुदयाल चमोली, हरीश डोबरियाल व कुंवर सिंह राणा का कहना है कि बरसात शुरू होते ही इन स्थानों पर हर साल जलभराव की समस्या खड़ी हो जाती है लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
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नागरिकों ने नगर निगम और संबंधित विभाग से जल निकासी व्यवस्था में सुधार कराने, नालियों की नियमित सफाई कराने और जलभराव वाले स्थानों का स्थायी समाधान करने की मांग की है, ताकि बरसात के दौरान लोगों को राहत मिल सके। ईई निर्भय सिंह का कहना है कि देवीरोड पर जलभराव वाले स्थान चिह्नित किए गए हैं। सिमलचौड़ से लालबत्ती चौक तक चार किमी सड़क का सुदृढ़ीकरण का प्रस्ताव भेजा गया है। बरसात के बाद समस्या का समाधान कर दिया जाएगा।