Best Resale Value: सेकंड-हैंड मार्केट की 'किंग' हैं ये पांच कारें, बेचने पर मिलती है सबसे शानदार रीसेल वैल्यू
Best Resale Value Cars In India: नई कार खरीदते समय हम अक्सर फीचर्स और लुक पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन 'रीसेल वैल्यू' को भूल जाते हैं। अगर आप भी कुछ वर्षों बाद अपनी कार बेचने का प्लान बनाते हैं तो यह जानना बेहद जरूरी है कि कौन सी गाड़ी आपको सबसे ज्यादा पैसे वापस दिलाएगी। इस आर्टिकल में जानिए भारत की उन टॉप 7 कारों के बारे में, जो सेकंड-हैंड मार्केट की 'किंग' हैं और 5 से 7 साल पुरानी होने के बाद भी अपनी कीमत का 85% तक आसानी से रिकवर कर लेती हैं।
विस्तार
अगर आप अपनी नई कार कुछ साल चलाकर बेचने की सोच रहे हैं तो 'रीसेल वैल्यू' आपके लिए बहुत मायने रखती है। भारत में कुछ कारें ऐसी हैं जो पुरानी होने के बाद भी बाजार में अपना दबदबा बनाए रखती हैं। इनकी कीमत जल्दी कम नहीं होती, खरीदार आसानी से मिल जाते हैं और सेकंड-हैंड मार्केट में इनकी अच्छी खासी कीमत मिलती है। आइए ऐसी सात कारों पर नजर डालते हैं और जानते हैं कि आखिर ये कारें अपनी कीमत को इतनी अच्छी तरह से कैसे बरकरार रखती हैं।
1. मारुति सुजुकी वैगनआर
भारत की सबसे व्यावहारिक फैमिली कारों में शुमार मारुति सुजुकी वैगनआर सेकंड-हैंड मार्केट में भी खूब जलवा बिखेरती है। यह कार 1.0-लीटर और 1.2-लीटर पेट्रोल इंजन के साथ-साथ फैक्ट्री-फिटेड CNG विकल्प में आती है, जिसमें ग्राहकों को मैनुअल और AMT दोनों गियरबॉक्स चुनने की सुविधा मिलती है। बाजार में इसकी लगातार बनी हुई डिमांड के पीछे सबसे बड़ी वजह है इसका बेहद सस्ता मेंटेनेंस, आसानी से मिलने वाले स्पेयर पार्ट्स और मारुति का देश भर में फैला मजबूत सर्विस नेटवर्क। खास तौर पर छोटे शहरों में लोग इस कार को हाथों-हाथ लेते हैं। इसी भरोसे के चलते, तीन से पांच साल पुरानी वैगनआर बेचने पर भी आपको आराम से इसकी मूल कीमत का 65 से 75% तक वापस मिल सकता है।
2. मारुति सुजुकी स्विफ्ट
अपने स्पोर्टी लुक और ड्राइविंग के मजेदार अनुभव की वजह से युवाओं की पहली पसंद मानी जाने वाली मारुति सुजुकी स्विफ्ट सेकंड-हैंड मार्केट में भी धड़ल्ले से बिकती है। यह कार 1.2-लीटर, 3-सिलेंडर पेट्रोल इंजन के साथ आती है, जिसमें ग्राहकों को मैनुअल और AMT दोनों गियरबॉक्स का शानदार विकल्प मिलता है। बाजार में इसकी भारी डिमांड की अहम वजह इसकी कम रनिंग कॉस्ट और मारुति का वह मजबूत भरोसा है, जो इसके पुराने मॉडल्स को भी हाथों-हाथ बिकवा देता है। अपनी इसी लोकप्रियता के चलते रीसेल के मामले में यह कार बेहतरीन साबित होती है। कार की कंडीशन के आधार पर, एक 4 से 6 साल पुरानी स्विफ्ट आसानी से अपनी असली कीमत का 60 से 70% तक आपको वापस दिला सकती है।
3. टोयोटा इनोवा क्रिस्टा
भारतीय सड़कों पर भरोसे का दूसरा नाम मानी जाने वाली टोयोटा इनोवा क्रिस्टा अपनी रीसेल वैल्यू के मामले में एक मिसाल पेश करती है। यह कार 2.4-लीटर के बेहद दमदार डीजल इंजन के साथ आती है, जिसमें मैनुअल और ऑटोमैटिक दोनों गियरबॉक्स के विकल्प मिलते हैं। इसकी सबसे बड़ी खासियत इसकी ड्यूरेबिलिटी है। यह बिना किसी बड़े इंजन काम के लाखों किलोमीटर तक दौड़ने का दम रखती है। इसी मजबूती की वजह से न केवल प्राइवेट खरीदार, बल्कि फ्लीट और टैक्सी सेगमेंट में भी इसकी डिमांड हमेशा हाई रहती है, जो इसके बाजार भाव को कभी गिरने नहीं देती। भारतीय मार्केट में यह एक रिकॉर्ड है कि पांच से सात साल पुरानी होने के बाद भी इनोवा क्रिस्टा अपनी मूल कीमत का 70 से 80% तक वैल्यू वापस दिला देती है।
4. होंडा सिटी
दशकों से भारतीय सड़कों पर राज करने वाली होंडा सिटी आज भी सेडान के शौकीनों के लिए एक स्टेटस सिंबल बनी हुई है। इसमें दिया गया 1.5-लीटर i-VTEC पेट्रोल इंजन न केवल अपनी लंबी उम्र, बल्कि अपनी स्मूथनेस (रिफाइनमेंट) के लिए भी मशहूर है, जिसमें ग्राहकों को मैनुअल और CVT ऑटोमैटिक दोनों ही शानदार विकल्प मिलते हैं। भले ही आज SUV का दौर हो, लेकिन होंडा के इंजन पर ग्राहकों का भरोसा आज भी इतना अटूट है कि पुराने मॉडल्स भी बाजार में अपनी पकड़ बनाए रखते हैं। इसी लोकप्रियता के चलते, खास तौर पर शहरी इलाकों में इसकी डिमांड हमेशा हाई रहती है। रीसेल वैल्यू की बात करें तो तीन से पांच साल पुरानी होंडा सिटी आमतौर पर अपनी मूल कीमत का 60 से 70% तक आसानी से बरकरार रखती है।
5. ह्यूंदै क्रेटा
मिड-साइज SUV सेगमेंट पर वर्षों से राज करने वाली ह्यूंदै क्रेटा पुरानी होने के बाद भी बाजार में अपना दबदबा बनाए रखती है। यह कार 1.5-लीटर पेट्रोल, 1.5-लीटर डीजल और दमदार टर्बो-पेट्रोल इंजन के विकल्पों के साथ आती है, जिसमें मैनुअल और ऑटोमैटिक दोनों गियरबॉक्स की सुविधा मिलती है। इसकी लोकप्रियता की सबसे बड़ी वजह इसके आधुनिक फीचर्स और भरोसेमंद इंजन का मेल है। जहां नई जनरेशन वाली क्रेटा अपने हाई-टेक फीचर्स की वजह से काफी महंगी बिकती है, वहीं पुरानी जनरेशन वाले मॉडल भी अपनी मजबूती और बेहतरीन परफॉर्मेंस की वजह से आज भी डिमांड में रहते हैं। रीसेल वैल्यू की बात करें तो नई जनरेशन की 2 साल पुरानी क्रेटा 70 से 75% तक अपनी कीमत बचाए रखती है, जबकि 5 से 7 साल पुराने मॉडल भी आसानी से 55 से 65% तक की अच्छी खासी कीमत दिला देते हैं।