Bihar: धान खरीद का लक्ष्य अधूरा, समस्तीपुर के कई प्रखंड पीछे, मोहनपुर और मोहिउद्दीननगर में शून्य क्रय क्यों?
समस्तीपुर जिले में सरकारी धान खरीद की रफ्तार बेहद धीमी है। लक्ष्य के मुकाबले अब तक सिर्फ 55 प्रतिशत धान की ही खरीद हो सकी है, जबकि खरीद की समय-सीमा समाप्त होने में केवल एक महीना शेष है। मोहनपुर और मोहिउद्दीननगर में शून्य क्रय क्यों है? यह बड़ा सवाल है।
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समस्तीपुर। सरकारी स्तर पर जिले में चयनित पैक्सों और व्यापार मंडलों के माध्यम से निबंधित किसानों से धान खरीद पिछले तीन महीनों से जारी है, लेकिन अब तक लक्ष्य का मात्र 55 प्रतिशत ही धान खरीदा जा सका है। जबकि धान खरीद की समय-सीमा समाप्त होने में अब केवल एक महीना शेष है। जिले में 28 फरवरी तक ही धान की खरीद की जानी है।
धान खरीद की स्थिति पर नजर डालें तो जिले को कुल 97,500 मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य दिया गया है, जिसके मुकाबले अब तक लगभग आधी ही खरीद हो सकी है। बीते दो महीनों में जहां लक्ष्य का केवल आधा हिस्सा ही खरीदा जा सका है, ऐसे में शेष लक्ष्य को अगले एक महीने में पूरा कर पाना कठिन नजर आ रहा है।
जानकारी के अनुसार, जिले में कुल 24,053 किसानों ने धान बिक्री के लिए आवेदन किया है। इसके सापेक्ष अब तक मात्र 8,980 किसानों से ही धान की खरीद की जा सकी है। इन किसानों से कुल 55,409 मीट्रिक टन धान की खरीद हुई है।
धान खरीद की स्थिति बेहद खराब बनी हुई है
जिले के 20 प्रखंडों में से आधा दर्जन प्रखंडों में धान खरीद की स्थिति बेहद खराब बनी हुई है। इनमें मोहनपुर, मोहिउद्दीननगर, पूसा, पटोरी और विद्यापतिनगर शामिल हैं। विशेष रूप से मोहनपुर और मोहिउद्दीननगर प्रखंडों में अब तक एक छटांक भी धान की खरीद नहीं हो सकी है। जबकि मोहनपुर से 97 और मोहिउद्दीननगर से 455 किसानों ने धान खरीद के लिए आवेदन कर रखा है।
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इस संबंध में जिला सहकारिता अधिकारी अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि जिले में धान खरीद की गति बढ़ाने के निर्देश जारी किए गए हैं। इसके तहत सभी पैक्स अध्यक्ष किसानों से डोर-टू-डोर संपर्क कर उन्हें पैक्स के माध्यम से धान बेचने के लिए प्रेरित करेंगे, ताकि तय समय सीमा के भीतर लक्ष्य को पूरा किया जा सके।
