{"_id":"6a4e167e4453605af606cedb","slug":"bihar-re-neet-scam-eou-raids-medical-college-as-probe-reveals-fugitive-student-hired-solver-for-wife-2026-07-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar: मेडिकल कॉलेज में EOU का सर्च ऑपरेशन, फरार MBBS छात्र ने अपनी पत्नी के लिए भी बुक की थी 'सॉल्वर'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar: मेडिकल कॉलेज में EOU का सर्च ऑपरेशन, फरार MBBS छात्र ने अपनी पत्नी के लिए भी बुक की थी 'सॉल्वर'
Wed, 08 Jul 2026 02:51 PM IST
पटना ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: पटना ब्यूरो
Updated Wed, 08 Jul 2026 02:51 PM IST
सार
री-नीट यूजी 2026 पेपर लीक मामले में ईओयू ने पावापुरी मेडिकल कॉलेज में सर्च ऑपरेशन चलाया। जांच में फरार एमबीबीएस छात्र पर अपनी पत्नी की जगह सॉल्वर बैठाने की कथित साजिश का खुलासा हुआ। अब तक 24 से अधिक आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि मुख्य आरोपी फरार हैं।
विज्ञापन
री-नीट यूजी 2026 परीक्षा
- फोटो : Amar Ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
री-नीट यूजी 2026 परीक्षा में कथित पेपर लीक, सॉल्वर गैंग और फर्जी अभ्यर्थियों के अंतरराज्यीय नेटवर्क की जांच तेज हो गई है। बिहार पुलिस की आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने मंगलवार को नालंदा जिले के पावापुरी स्थित भगवान महावीर आयुर्विज्ञान संस्थान (बीएमआईएमएस) में सर्च ऑपरेशन चलाया। इस दौरान जांच टीम ने मेडिकल कॉलेज प्रशासन से अहम दस्तावेज जुटाए और संदिग्ध एमबीबीएस छात्रों के शैक्षणिक रिकॉर्ड तथा बायोमेट्रिक डेटा का सत्यापन किया।
कॉलेज प्रशासन से पूछताछ
दो डीएसपी के नेतृत्व में पहुंची ईओयू टीम ने कॉलेज की प्राचार्य डॉ. सर्विल कुमारी के साथ लंबी बैठक की। जांच के दौरान परीक्षा से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल की गई और उन कर्मचारियों से भी पूछताछ हुई, जो परीक्षा केंद्र पर बायोमेट्रिक सत्यापन की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। जांच एजेंसियों का फोकस वर्ष 2022 बैच के एमबीबीएस छात्र रविशंकर उर्फ सम्राट पर है, जिसे इस कथित नेटवर्क का अहम सदस्य माना जा रहा है। फिलहाल वह फरार है।
पत्नी की जगह भी सॉल्वर बैठाने की थी योजना
जांच में एक नया खुलासा भी सामने आया है। पुलिस के अनुसार, फरार आरोपी रविशंकर उर्फ सम्राट कथित तौर पर अपनी पत्नी की जगह री-नीट परीक्षा में दिल्ली की एक महिला एमबीबीएस छात्रा को बैठाने की योजना बना रहा था। हालांकि, समय रहते सतर्कता बरतने के कारण यह प्रयास सफल नहीं हो सका। इस दावे की जांच अभी जारी है।
विज्ञापन
24 से अधिक गिरफ्तार
मामले का खुलासा 21 जून को लखीसराय के हसनपुर परीक्षा केंद्र पर हुआ था, जब एक फर्जी परीक्षार्थी को पकड़ा गया। जांच में बायोमेट्रिक सत्यापन में अनियमितता के आरोप भी सामने आए। अब तक इस मामले में 24 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। गिरफ्तार आरोपियों में विभिन्न मेडिकल कॉलेजों के छात्र और बायोमेट्रिक सत्यापन से जुड़े कर्मचारी भी शामिल हैं। जांच एजेंसियां पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं।
ये भी पढ़ें- Bihar : डीएम दफ्तर के सामने दो हजार की रिश्वत लेते धराया बाबू, फाइल बढ़ाने के लिए मांगी थी घूस
अनुपस्थित छात्रों पर भी कार्रवाई की तैयारी
कॉलेज प्रशासन ने घटना के बाद सभी छात्रों की उपस्थिति अनिवार्य की थी। दो बार हुई हाजिरी के दौरान रविशंकर उर्फ सम्राट, रंजीत कुमार सहित तीन छात्र अनुपस्थित पाए गए। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उनके खिलाफ नियमानुसार प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी और अभिभावकों को भी सूचना दी जा रही है।
राज्यव्यापी छापेमारी जारी
जांच एजेंसियों के अनुसार, मामले के मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए राज्यभर में छापेमारी की जा रही है। ईओयू का मानना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ इस कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है।
विज्ञापन
कॉलेज प्रशासन से पूछताछ
दो डीएसपी के नेतृत्व में पहुंची ईओयू टीम ने कॉलेज की प्राचार्य डॉ. सर्विल कुमारी के साथ लंबी बैठक की। जांच के दौरान परीक्षा से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल की गई और उन कर्मचारियों से भी पूछताछ हुई, जो परीक्षा केंद्र पर बायोमेट्रिक सत्यापन की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। जांच एजेंसियों का फोकस वर्ष 2022 बैच के एमबीबीएस छात्र रविशंकर उर्फ सम्राट पर है, जिसे इस कथित नेटवर्क का अहम सदस्य माना जा रहा है। फिलहाल वह फरार है।
विज्ञापन
पत्नी की जगह भी सॉल्वर बैठाने की थी योजना
जांच में एक नया खुलासा भी सामने आया है। पुलिस के अनुसार, फरार आरोपी रविशंकर उर्फ सम्राट कथित तौर पर अपनी पत्नी की जगह री-नीट परीक्षा में दिल्ली की एक महिला एमबीबीएस छात्रा को बैठाने की योजना बना रहा था। हालांकि, समय रहते सतर्कता बरतने के कारण यह प्रयास सफल नहीं हो सका। इस दावे की जांच अभी जारी है।
विज्ञापन
24 से अधिक गिरफ्तार
मामले का खुलासा 21 जून को लखीसराय के हसनपुर परीक्षा केंद्र पर हुआ था, जब एक फर्जी परीक्षार्थी को पकड़ा गया। जांच में बायोमेट्रिक सत्यापन में अनियमितता के आरोप भी सामने आए। अब तक इस मामले में 24 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। गिरफ्तार आरोपियों में विभिन्न मेडिकल कॉलेजों के छात्र और बायोमेट्रिक सत्यापन से जुड़े कर्मचारी भी शामिल हैं। जांच एजेंसियां पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं।
ये भी पढ़ें- Bihar : डीएम दफ्तर के सामने दो हजार की रिश्वत लेते धराया बाबू, फाइल बढ़ाने के लिए मांगी थी घूस
अनुपस्थित छात्रों पर भी कार्रवाई की तैयारी
कॉलेज प्रशासन ने घटना के बाद सभी छात्रों की उपस्थिति अनिवार्य की थी। दो बार हुई हाजिरी के दौरान रविशंकर उर्फ सम्राट, रंजीत कुमार सहित तीन छात्र अनुपस्थित पाए गए। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उनके खिलाफ नियमानुसार प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी और अभिभावकों को भी सूचना दी जा रही है।
राज्यव्यापी छापेमारी जारी
जांच एजेंसियों के अनुसार, मामले के मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए राज्यभर में छापेमारी की जा रही है। ईओयू का मानना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ इस कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है।