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Bihar: महिलाओं के लिए बड़ा तोहफा! बनेगा पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान, 19 ट्रेड में मिलेगी ट्रेनिंग
Thu, 23 Jul 2026 04:02 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: आशुतोष प्रताप सिंह
Updated Thu, 23 Jul 2026 04:02 PM IST
सार
पटना के बिहटा स्थित सिकंदरपुर औद्योगिक क्षेत्र में महिलाओं के लिए राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (महिला) के स्थायी परिसर का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिलान्यास किया गया। यह बिहार का महिलाओं के लिए पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान होगा।
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बिहटा में महिलाओं के लिए राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान का शिलान्यास
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पटना जिले के बिहटा प्रखंड के सिकंदरपुर स्थित औद्योगिक क्षेत्र में महिलाओं के लिए बनने वाले राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (महिला) के स्थायी परिसर का गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शिलान्यास किया गया। कार्यक्रम में केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री जयंत चौधरी और बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी वर्चुअली शामिल हुए।
बिहार का पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान
यह बिहार में महिलाओं के लिए स्थापित होने वाला पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान होगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को आधुनिक तकनीकी और रोजगारपरक प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है। परियोजना के पहले चरण में करीब चार एकड़ भूमि पर संस्थान का अत्याधुनिक स्थायी भवन बनाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, भवन निर्माण का लक्ष्य लगभग दो वर्षों में पूरा करने का रखा गया है। संस्थान में एक समय में करीब 500 महिलाओं को प्रशिक्षण देने की व्यवस्था होगी। यहां विभिन्न क्षेत्रों में आधुनिक तकनीकी और कौशल आधारित शिक्षा दी जाएगी, ताकि महिलाएं रोजगार और स्वरोजगार दोनों के लिए तैयार हो सकें।
19 प्रकार के व्यावसायिक और तकनीकी कोर्स
संस्थान शुरू होने के बाद महिलाओं को 19 प्रकार के व्यावसायिक और तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराए जाएंगे। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जाएगा, जिससे महिलाओं को नौकरी पाने में आसानी हो और वे खुद का रोजगार भी शुरू कर सकें।
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पढ़ें: बिहार का वीर सपूत देश पर कुर्बान, जम्मू-कश्मीर में आतंकियों से लोहा लेते हुए BSF जवान चंदन सिंह शहीद
कौशल और रोजगार योजनाओं को मिलेगा एक मंच
संस्थान के शुरू होने के बाद केंद्र और बिहार सरकार की ओर से संचालित विभिन्न कौशल विकास और रोजगारपरक प्रशिक्षण कार्यक्रमों को एक ही मंच पर संचालित किया जाएगा। इससे प्रशिक्षण व्यवस्था और अधिक प्रभावी होगी तथा महिलाओं को नए रोजगार के अवसर मिलेंगे। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि संस्थान बनने के बाद बिहार की महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण के लिए दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा। उन्हें अपने राज्य में ही आधुनिक सुविधाओं से लैस प्रशिक्षण मिलेगा और प्रशिक्षण पूरा होने के बाद रोजगार उपलब्ध कराने में भी संस्थान महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
कार्यक्रम का स्वरूप बदला गया
पहले इस परियोजना का शिलान्यास कार्यक्रम बिहटा के सिकंदरपुर स्थित औद्योगिक क्षेत्र में आयोजित होना था, लेकिन पटना में उत्पन्न परिस्थितियों के कारण कार्यक्रम का स्वरूप बदल दिया गया। इसके बाद शिलान्यास वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कराया गया, जिसमें केंद्र और राज्य सरकार के अधिकारियों ने वर्चुअल रूप से भाग लिया। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। संस्थान शुरू होने के बाद पटना समेत आसपास के जिलों की हजारों महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण का लाभ मिलेगा और उन्हें स्वरोजगार के साथ-साथ निजी क्षेत्रों में रोजगार हासिल करने के बेहतर अवसर मिलेंगे।
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बिहार का पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान
यह बिहार में महिलाओं के लिए स्थापित होने वाला पहला राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान होगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को आधुनिक तकनीकी और रोजगारपरक प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है। परियोजना के पहले चरण में करीब चार एकड़ भूमि पर संस्थान का अत्याधुनिक स्थायी भवन बनाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, भवन निर्माण का लक्ष्य लगभग दो वर्षों में पूरा करने का रखा गया है। संस्थान में एक समय में करीब 500 महिलाओं को प्रशिक्षण देने की व्यवस्था होगी। यहां विभिन्न क्षेत्रों में आधुनिक तकनीकी और कौशल आधारित शिक्षा दी जाएगी, ताकि महिलाएं रोजगार और स्वरोजगार दोनों के लिए तैयार हो सकें।
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19 प्रकार के व्यावसायिक और तकनीकी कोर्स
संस्थान शुरू होने के बाद महिलाओं को 19 प्रकार के व्यावसायिक और तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराए जाएंगे। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जाएगा, जिससे महिलाओं को नौकरी पाने में आसानी हो और वे खुद का रोजगार भी शुरू कर सकें।
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कौशल और रोजगार योजनाओं को मिलेगा एक मंच
संस्थान के शुरू होने के बाद केंद्र और बिहार सरकार की ओर से संचालित विभिन्न कौशल विकास और रोजगारपरक प्रशिक्षण कार्यक्रमों को एक ही मंच पर संचालित किया जाएगा। इससे प्रशिक्षण व्यवस्था और अधिक प्रभावी होगी तथा महिलाओं को नए रोजगार के अवसर मिलेंगे। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि संस्थान बनने के बाद बिहार की महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण के लिए दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा। उन्हें अपने राज्य में ही आधुनिक सुविधाओं से लैस प्रशिक्षण मिलेगा और प्रशिक्षण पूरा होने के बाद रोजगार उपलब्ध कराने में भी संस्थान महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
कार्यक्रम का स्वरूप बदला गया
पहले इस परियोजना का शिलान्यास कार्यक्रम बिहटा के सिकंदरपुर स्थित औद्योगिक क्षेत्र में आयोजित होना था, लेकिन पटना में उत्पन्न परिस्थितियों के कारण कार्यक्रम का स्वरूप बदल दिया गया। इसके बाद शिलान्यास वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कराया गया, जिसमें केंद्र और राज्य सरकार के अधिकारियों ने वर्चुअल रूप से भाग लिया। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। संस्थान शुरू होने के बाद पटना समेत आसपास के जिलों की हजारों महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण का लाभ मिलेगा और उन्हें स्वरोजगार के साथ-साथ निजी क्षेत्रों में रोजगार हासिल करने के बेहतर अवसर मिलेंगे।