Bihar : बिहार के पांच जिलों के स्टेट हाईवे का होगा विस्तार, सड़क परियोजनाओं को मिली हरी झंडी
Bihar : राज्य कैबिनेट ने बिहार स्टेट हाईवे प्रोजेक्ट-4 के तहत पांच महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को हरी झंडी दी है। जाम की समस्या को पूरी तरह खत्म करने के लिए इन रूट्स पर कई बाईपास और ओवरब्रिज का प्रावधान किया जा रहा है।
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बिहार में यातायात को सुगम बनाने और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सम्राट सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। राज्य कैबिनेट ने बिहार स्टेट हाईवे प्रोजेक्ट-IV के तहत कुल 3,743.65 करोड़ रुपए की लागत से 5 महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को हरी झंडी दे दी है। इसके लिए एशियन डेवलपमेंट बैंक से आर्थिक मदद मिलेगी। इस संबंध में बिहार के पथ निर्माण मंत्री ई० शैलेन्द्र ने बताया कि इन परियोजनाओं के तहत मधुबनी, सीतामढ़ी, दरभंगा, सुपौल और बक्सर जिले में एक-एक मुख्य सड़क का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इन सड़कों के बनने से न सिर्फ जाम से मुक्ति मिलेगी, बल्कि धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन को भी भारी बढ़ावा मिलेगा। इन परियोजनाओं के लिए जल्द ही टेंडर जारी किए जाएंगे।
₹632.72 करोड़ से संवरेगा मधुबनी-राजनगर-खुटौना मार्ग
38.875 किलोमीटर की लंबी सड़क मधुबनी से शुरू होकर हरिनगर, राजनगर, बाबूबरही होते हुए बरैल चौक (SH-51) पर खत्म होगी। इस मार्ग पर प्रसिद्ध राजनगर नौलखा पैलेस और मधुबनी पेंटिंग के लिए मशहूर जितवारपुर गाँव स्थित है, जिससे पर्यटन बढ़ेगा। साथ ही कपिलेश्वर स्थान और उच्चैठ भगवती स्थान जाने वाले श्रद्धालुओं को आसानी होगी। जाम से बचने के लिए राजनगर में एक आरओबी व बाईपास और बाबूबरही में एक बाईपास बनाया जाएगा।
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434.37 करोड़ की लागत से सीतामढ़ी का बदलेगा कायाकल्प
51.261 किलोमीटर लंबी सड़क जो सीतामढ़ी में NH-227 से शुरू होकर बेनीपट्टी में NH-227J से मिलेगी। इससे फायदा यह होगा कि माता सीता की जन्मस्थली पुनौराधाम, उच्चैठ भगवती स्थान और पड़ोसी देश नेपाल के जनकपुर धाम जाने वाले श्रद्धालुओं का सफर बेहद आसान हो जाएगा। पुपरी में जाम से निजात दिलाने के लिए करीब 4.50 किमी लंबा बाईपास भी बनाया जाएगा।
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दरभंगा में 990.03 करोड़ से चमकेगा विशनपुर-जाले-घोघरचट्टी मार्ग
47.875 किलोमीटर लंबी सड़क, विशनपुर से शुरू होकर कोलहंता पटोरी, सिंहवारा, भरवारा, जाले होते हुए घोघराचट्टी तक जाएगी।
इससे दरभंगा और सीतामढ़ी के लोगों के लिए नेपाल यानी जनकपुर धाम जाना बेहद सुलभ होगा। इसके अलावा जाले के पास करीब 200 एकड़ में बन रहे लॉजिस्टिक पार्क को भी इस सड़क से सीधा कनेक्शन मिलेगा। इस पूरे रूट पर यातायात को स्मूथ रखने के लिए 4 बाईपास बनाए जाएंगे।
703.95 करोड़ से बनेगा गणपतगंज-परवाहा मार्ग
47.432 किलोमीटर लंबी सड़क गणपतगंज से शुरू होकर राघोपुर, छातापुर होते हुए परहरवा में समाप्त होगी। यह सड़क NH-27 के एक मजबूत वैकल्पिक मार्ग के रूप में काम करेगी। इससे स्थानीय किसानों को अपनी फसल और कृषि उत्पाद मंडियों तक जल्दी पहुँचाने में मदद मिलेगी। इस मार्ग पर गणपतगंज, प्रतापगंज-परसा बीरबल, नरहिया और परवाहा में कुल 4 बाईपास बनेंगे।
982.58 करोड़ से ग्रामीण इलाकों को मिलेगी बेहतरीन कनेक्टिविटी
80.728 किलोमीटर लंबी सड़क आरा बक्सर के बीच स्थित ब्रह्मपुर से से शुरू होकर रघुनाथपुर, उजियारपुर, इटाढ़ी, इंदौर होते हुए समदा में समाप्त होगी। यह सड़क NH-922 का एक वैकल्पिक रूट बनेगी जो ग्रामीणों को जिला मुख्यालय से सीधे जोड़ेगी। इसके बनने से प्रसिद्ध ब्रह्मेश्वर स्थान के दर्शन आसान होंगे। साथ ही चौसा थर्मल पावर प्लांट और नवानगर इंडस्ट्रियल एरिया को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
इस संबंध में बिहार के पथ निर्माण मंत्री ई० शैलेन्द्र ने बताया कि इन सभी पांच प्रोजेक्ट्स के निर्माण से बिहार के सुदूर ग्रामीण इलाकों का तेजी से आर्थिक विकास होगा। उन्होंने कहा कि जाम की समस्या को पूरी तरह खत्म करने के लिए इन रूट्स पर कई बाईपास और ओवरब्रिज का प्रावधान किया जा रहा है। जल्द ही काम शुरू करा दिया जाएगा।