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Drug Trafficking: नशा तस्करी में पंजाब देश में नंबर-1, तीन साल में हुई रिकॉर्ड वृद्धि; ये जिले बने हॉटस्पॉट
अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़
Published by: Sharukh Khan
Updated Thu, 26 Mar 2026 09:09 AM IST
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सार
नशा तस्करी के मामलों में पंजाब देश में नंबर-1 पर है। तीन साल में डेढ़ गुना उछाल हो गया है। 2025 में 1.16 लाख किलो ड्रग्स बरामद हुई है। पाकिस्तान सीमा से ड्रोन के जरिये खेप आ रही है। बॉर्डर जिले हॉटस्पॉट बने हैं।
Drug Trafficking
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
पंजाब में नशा तस्करी के मामलों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है और राज्य अब देश में नंबर-1 पर पहुंच गया है। तीन साल में ड्रग्स तस्करी में डेढ़ गुना उछाल आया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2025 में 1.16 लाख किलोग्राम ड्रग्स बरामद की गई जो अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
रिपोर्ट में सामने आया है कि पाकिस्तान से सटी सीमा के गांव तस्करों के निशाने पर हैं। ड्रोन के जरिये सीमा पार से ड्रग्स गिराने के मामलों में तेजी आई है जिससे सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है। पंजाब की 553 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा से जुड़े अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर, पठानकोट, फिरोजपुर और फाजिल्का जिले तस्करी के प्रमुख मार्ग बनते जा रहे हैं।
आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2023 में 47,475 किलो और 2024 में 46,227 किलो ड्रग्स बरामद की गई थी लेकिन 2025 में इसमें भारी उछाल आया और आंकड़ा 1.16 लाख किलो तक पहुंच गया। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की रिपोर्ट के मुताबिक सीमावर्ती जिलों में ड्रोन के जरिये तस्करी के मामलों में लगातार वृद्धि हो रही है।
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रिपोर्ट में सामने आया है कि पाकिस्तान से सटी सीमा के गांव तस्करों के निशाने पर हैं। ड्रोन के जरिये सीमा पार से ड्रग्स गिराने के मामलों में तेजी आई है जिससे सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है। पंजाब की 553 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा से जुड़े अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर, पठानकोट, फिरोजपुर और फाजिल्का जिले तस्करी के प्रमुख मार्ग बनते जा रहे हैं।
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आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2023 में 47,475 किलो और 2024 में 46,227 किलो ड्रग्स बरामद की गई थी लेकिन 2025 में इसमें भारी उछाल आया और आंकड़ा 1.16 लाख किलो तक पहुंच गया। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की रिपोर्ट के मुताबिक सीमावर्ती जिलों में ड्रोन के जरिये तस्करी के मामलों में लगातार वृद्धि हो रही है।
अन्य राज्यों में भी तस्करी लेकिन पंजाब सबसे आगे
जम्मू-कश्मीर में वर्ष 2024 में 5,708 किलो और 2025 में 4,491 किलो ड्रग्स पकड़ी गई। गुजरात में 2024 में 20,971 किलो और 2025 में 22,758 किलो बरामद हुई। राजस्थान में कुल बरामदगी ज्यादा होने के बावजूद वहां मामलों में कमी दर्ज की गई है जबकि पंजाब में हालात तेजी से बिगड़े हैं।
जम्मू-कश्मीर में वर्ष 2024 में 5,708 किलो और 2025 में 4,491 किलो ड्रग्स पकड़ी गई। गुजरात में 2024 में 20,971 किलो और 2025 में 22,758 किलो बरामद हुई। राजस्थान में कुल बरामदगी ज्यादा होने के बावजूद वहां मामलों में कमी दर्ज की गई है जबकि पंजाब में हालात तेजी से बिगड़े हैं।
ड्रग्स के साथ हथियार और जाली नोट भी बरामद
एनसीबी की रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि पंजाब सीमा से ड्रग्स के साथ-साथ हथियार, गोला-बारूद और जाली नोटों की तस्करी भी बढ़ी है। सीमावर्ती इलाकों से एके-47, एके-56 राइफल, आरडीएक्स और विदेशी हथियार बरामद किए जा रहे हैं, जो सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हैं।
एनसीबी की रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि पंजाब सीमा से ड्रग्स के साथ-साथ हथियार, गोला-बारूद और जाली नोटों की तस्करी भी बढ़ी है। सीमावर्ती इलाकों से एके-47, एके-56 राइफल, आरडीएक्स और विदेशी हथियार बरामद किए जा रहे हैं, जो सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हैं।
एंटी-ड्रोन सिस्टम तैनात, फिर भी चुनौती बरकरार
पंजाब सरकार ने ड्रोन तस्करी पर रोक के लिए तरनतारन से एंटी-ड्रोन सिस्टम की शुरुआत की है। 51.41 करोड़ रुपये से नौ अत्याधुनिक सिस्टम लगाए गए हैं जो ड्रोन और उसके कंट्रोल स्टेशन की लोकेशन ट्रैक कर रियल-टाइम अलर्ट देते हैं।
पंजाब सरकार ने ड्रोन तस्करी पर रोक के लिए तरनतारन से एंटी-ड्रोन सिस्टम की शुरुआत की है। 51.41 करोड़ रुपये से नौ अत्याधुनिक सिस्टम लगाए गए हैं जो ड्रोन और उसके कंट्रोल स्टेशन की लोकेशन ट्रैक कर रियल-टाइम अलर्ट देते हैं।
हालांकि, तस्कर लगातार नए तरीके अपना रहे हैं। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने निगरानी बढ़ाई है लेकिन सीमा पार से हो रही तस्करी पर पूरी तरह नियंत्रण अभी भी बड़ी चुनौती बना हुआ है।