16 जून से स्कूलों में एडमिशन शुरू : DEO की शिक्षा अधिकारियों के साथ मेगा बैठक, जर्जर भवनों में पढ़ाई पर रोक
डीईओ ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप विद्यार्थियों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। इसके लिए शाला प्रवेश उत्सव को जन अभियान का स्वरूप दिया जाएगा।
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कबीरधाम जिले में नए शिक्षा सत्र 2026-27 की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। इसी कड़ी में आज शनिवार को जिला शिक्षा अधिकारी एफआर वर्मा ने स्वामी आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूल, कवर्धा के सभागार में जिले के 150 प्राचार्यों और 150 संकुल शैक्षिक समन्वयकों की संयुक्त मेगा बैठक लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए। बैठक में साफ कर दिया गया कि 16 जून से शुरू होने वाले शाला प्रवेश उत्सव के दौरान एक भी बच्चा स्कूल से बाहर नहीं रहना चाहिए और किसी भी हालत में जर्जर भवनों में कक्षाएं संचालित नहीं की जाएंगी।
डीईओ ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप विद्यार्थियों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। इसके लिए शाला प्रवेश उत्सव को जन अभियान का स्वरूप दिया जाएगा। ग्रामीण क्षेत्रों में मुनादी, शहरी क्षेत्रों में रैली, बैनर-पोस्टर के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया जाएगा। साथ ही जनप्रतिनिधियों, शाला विकास समिति के सदस्यों और पालकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने स्कूल खुलने से पहले सभी शाला भवनों, परिसरों और कक्षाओं की साफ-सफाई तथा आवश्यक मरम्मत कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। डीईओ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि असुरक्षित और जर्जर भवनों में विद्यार्थियों की जान जोखिम में डालकर पढ़ाई नहीं कराई जाएगी। ऐसे स्कूलों को वैकल्पिक शासकीय भवनों या उपलब्ध सुरक्षित कक्षों में स्थानांतरित कर संचालन किया जाएगा।
बैठक में नए सत्र के पहले दिन से ही शिक्षकों और विद्यार्थियों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। इसके अलावा शाला त्यागी बच्चों की पहचान कर उन्हें पुनः मुख्यधारा से जोड़ने तथा नियमित उपस्थिति बढ़ाने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।
शाला प्रवेश उत्सव के दौरान नवप्रवेशी बच्चों का तिलक लगाकर स्वागत किया जाएगा। वहीं पात्र विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें, गणवेश और सरस्वती साइकिल वितरित की जाएगी। बोर्ड एवं स्थानीय परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित करने के भी निर्देश दिए गए। डीईओ ने राज्य स्तर से जारी 211 पृष्ठीय शैक्षिक कैलेंडर के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल देते हुए कहा कि मूलभूत, प्रारंभिक, माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक स्तर पर कक्षावार एवं विषयवार निर्धारित गतिविधियों का समयबद्ध संचालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि शिक्षा की गुणवत्ता में अपेक्षित सुधार लाया जा सके।

बैठक में शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे

बैठक में शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे