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Cyber Crime: चारधाम यात्रियों को 'लूट' रहे बिहार के ठग, केदारनाथ हेली सेवा के नाम पर सबसे ज्यादा शिकायतें
अमर उजाला नेटवर्क, देहरादून
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Mon, 18 May 2026 12:32 AM IST
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सार
जांच में सामने आया है कि केदारनाथ हेली सेवा और यात्रा बुकिंग के नाम पर सबसे ज्यादा साइबर ठगी बिहार के नवादा, पटना, गया और बिहारशरीफ जिलों से संचालित गिरोह कर रहे हैं। सबसे ज्यादा फेक आईपी एड्रेस इन्हीं चार जिलों में सक्रिय मिले हैं।
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- फोटो : amar ujala
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विस्तार
चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को ऑनलाइन ठगी का शिकार बनाने वाले गिरोहों पर उत्तराखंड एसटीएफ ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि केदारनाथ हेली सेवा और यात्रा बुकिंग के नाम पर सबसे ज्यादा साइबर ठगी बिहार के नवादा, पटना, गया और बिहारशरीफ जिलों से संचालित गिरोह कर रहे हैं। सबसे ज्यादा फेक आईपी एड्रेस इन्हीं चार जिलों में सक्रिय मिले हैं।
एसटीएफ के अनुसार, चारधाम यात्रा शुरू होते ही साइबर अपराधियों ने फर्जी वेबसाइट, सोशल मीडिया पेज और मोबाइल नंबरों के जरिये श्रद्धालुओं को निशाना बनाना शुरू कर दिया था। सबसे अधिक शिकायतें केदारनाथ हेली सेवा की ऑनलाइन बुकिंग को लेकर मिलीं, जहां ठग कम कीमत और तत्काल टिकट उपलब्ध कराने का झांसा देकर लोगों से हजारों रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करा रहे। कई मामलों में फर्जी होटल और गेस्ट हाउस बुकिंग के नाम पर भी लोगों से रकम ऐंठी गई।
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एसटीएफ ने अब तक 200 से अधिक फर्जी वेबसाइट, फेसबुक पेज, इंस्टाग्राम अकाउंट और बुकिंग लिंक बंद कराए हैं। इसके अलावा 50 से अधिक संदिग्ध मोबाइल नंबरों को भी ब्लॉक कराया गया है जिनका इस्तेमाल साइबर ठगी में किया जा रहा था। जांच एजेंसियों का कहना है कि ये गिरोह संगठित तरीके से काम कर रहे थे और सोशल मीडिया विज्ञापनों के जरिए यात्रियों तक पहुंच बना रहे थे।
चारधाम यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। साइबर टीमें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, फर्जी ट्रैवल पोर्टल और संदिग्ध ऑनलाइन पेमेंट गतिविधियों पर नजर रख रही हैं। कई फर्जी वेबसाइट सरकारी पोर्टल जैसी दिखने के कारण श्रद्धालु आसानी से धोखे का शिकार हो रहे। अब तक 200 से अधिक साइटें बंद कराई गई हैं।
-अजय सिंह, एसएसपी, एसटीएफ
सिर्फ अधिकृत वेबसाइट से करें बुकिंग
एसटीएफ एसएसपी अजय सिंह ने यात्रियों से अपील की है कि हेली सेवा, होटल या यात्रा पंजीकरण केवल अधिकृत पोर्टल से ही कराएं। किसी भी अनजान मोबाइल नंबर, सोशल मीडिया लिंक या व्हाट्सएप मैसेज के जरिए भुगतान न करें। उत्तराखंड सरकार ने केदारनाथ हेली सेवा बुकिंग के लिए सिर्फ आईआरसीटीसी को ही अधिकृत किया है। सिर्फ वहीं से टिकट बुक करें। अगर किसी प्रकार की साइबर ठगी होती है तो तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराएं।
साइबर अपराधियों पर एसटीएफ का प्रहार
साइबर अपराधियों के खिलाफ उत्तराखंड एसटीएफ ऑपरेशन प्रहार के तहत कड़ी कार्रवाई कर रही है। एसटीएफ एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि बीते चार महीनों में पीड़ितों के 10 करोड़ रुपये बचाए गए। इसके अलावा 147 अंतरराज्यीय लिंक ऑपरेटरों और 27 फर्जी मोबाइल धारकों पर वैधानिक कार्यवाही की गई।