{"_id":"682343789edc8eb4ec05da6d","slug":"former-indian-bowling-coach-bharat-arun-said-virat-kohli-never-liked-practice-matches-2025-05-13","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Virat Kohli: 'अभ्यास मैच से बचते थे विराट', टेस्ट से संन्यास के बाद भारत के इस पूर्व गेंदबाजी कोच का खुलासा","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
Virat Kohli: 'अभ्यास मैच से बचते थे विराट', टेस्ट से संन्यास के बाद भारत के इस पूर्व गेंदबाजी कोच का खुलासा
Tue, 13 May 2025 06:35 PM IST
Mayank Tripathi
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Mayank Tripathi
Updated Tue, 13 May 2025 06:35 PM IST
सार
विराट की कप्तानी के दौरान भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच रहे भरत अरुण ने कहा कि भारतीय क्रिकेट और विश्व क्रिकेट को उनकी कमी खलेगी। उन्होंने कहा- मैंने भारत के गेंदबाजी कोच के रूप में अपने कुछ बेहतरीन पल कोहली की कप्तानी में बिताए हैं।
विज्ञापन
विराट कोहली
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारतीय टीम के पूर्व गेंदबाजी कोच भरत अरुण का मानना है कि विराट कोहली को कभी भी अभ्यास मैच रास नहीं आते थे। इसके बजाय वह नेट्स पर अभ्यास को तरजीह देते थे। किंग कोहली ने सोमवार को टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का एलान कर दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा- जब मैं इस प्रारूप से दूर जा रहा हूं, तो यह आसान नहीं है, लेकिन यह फिलहाल सही लगता है। मैंने इसमें अपना सबकुछ दिया है और इसने मुझे मेरी उम्मीद से कहीं ज्यादा दिया है।
विज्ञापन
विराट कोहली
- फोटो : ANI
'नेट्स पर अधिक समय बिताना पसंद करते थे विराट'
विराट कोहली की कप्तानी के दौरान भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच रहे भरत अरुण ने कहा कि भारतीय क्रिकेट और विश्व क्रिकेट को उनकी कमी खलेगी। उन्होंने कहा- मैंने भारत के गेंदबाजी कोच के रूप में अपने कुछ बेहतरीन पल विराट की कप्तानी में बिताए हैं। उन्हें अभ्यास मैच कभी पसंद नहीं थे। उन्हें हमेशा ऐसा लगता था कि किसी तरह से तीव्रता गायब है और उन्हें अभ्यास मैचों में कभी मजा नहीं आता था। इसके बजाय वह नेट्स पर ज्यादा समय बिताना पसंद करते थे और हमेशा सबसे ज्यादा तेज विकेट चुनते थे और गेंदबाजों से 16 गज की दूरी से गेंदबाजी करवाते थे या 16 गज की दूरी से थ्रो डाउन लेते थे।
विराट कोहली की कप्तानी के दौरान भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच रहे भरत अरुण ने कहा कि भारतीय क्रिकेट और विश्व क्रिकेट को उनकी कमी खलेगी। उन्होंने कहा- मैंने भारत के गेंदबाजी कोच के रूप में अपने कुछ बेहतरीन पल विराट की कप्तानी में बिताए हैं। उन्हें अभ्यास मैच कभी पसंद नहीं थे। उन्हें हमेशा ऐसा लगता था कि किसी तरह से तीव्रता गायब है और उन्हें अभ्यास मैचों में कभी मजा नहीं आता था। इसके बजाय वह नेट्स पर ज्यादा समय बिताना पसंद करते थे और हमेशा सबसे ज्यादा तेज विकेट चुनते थे और गेंदबाजों से 16 गज की दूरी से गेंदबाजी करवाते थे या 16 गज की दूरी से थ्रो डाउन लेते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विराट कोहली
- फोटो : ANI
कोहली के नेतृत्व में पहली बार भारत बना था ऑस्ट्रेलिया में विजेता
भारत ने 2018 में विराट कोहली के नेतृत्व में पहली बार ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनकी धरती पर टेस्ट सीरीज जीती थी। इस सीरीज से जुड़ा एक किस्सा अरुण ने साझा किया। उन्होंने मेलबर्न टेस्ट से पहले की एक घटना का जिक्र करते हुए कहा- विराट ने पर्थ में शानदार शतक बनाया था, लेकिन हम वह मैच नहीं जीत पाए। मेलबर्न में उतरते ही विराट ने ड्रेसिंग रूम की मानसिकता को बदल दिया। उन्होंने सभी को विश्वास दिलाया कि हम यह कर सकते हैं और एक बेहतरीन कप्तान के रूप में अपना काम किया।
भारत ने 2018 में विराट कोहली के नेतृत्व में पहली बार ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनकी धरती पर टेस्ट सीरीज जीती थी। इस सीरीज से जुड़ा एक किस्सा अरुण ने साझा किया। उन्होंने मेलबर्न टेस्ट से पहले की एक घटना का जिक्र करते हुए कहा- विराट ने पर्थ में शानदार शतक बनाया था, लेकिन हम वह मैच नहीं जीत पाए। मेलबर्न में उतरते ही विराट ने ड्रेसिंग रूम की मानसिकता को बदल दिया। उन्होंने सभी को विश्वास दिलाया कि हम यह कर सकते हैं और एक बेहतरीन कप्तान के रूप में अपना काम किया।
विराट कोहली
- फोटो : ANI
विराट अब सिर्फ वनडे में खेलेंगे
विराट अब सिर्फ वनडे में खेलते दिखाई पड़ेंगे। वह पिछले साल टीम इंडिया के टी20 विश्व कप जीतने के बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय से संन्यास ले चुके हैं। कोहली ने कुल मिलाकर 123 टेस्ट खेले और इसकी 210 पारियों में 46.85 की औसत से 9230 रन बनाए। इसमें 30 शतक और 31 अर्धशतक शामिल हैं। टेस्ट करियर में कोहली ने कुल 1027 चौके और 30 छक्के लगाए। इसके अलावा टी20 अंतरराष्ट्रीय में उन्होंने 125 मैचों में 48.7 की औसत और 137.05 के स्ट्राइक रेट से 4188 रन बनाए। इसमें एक शतक और 38 अर्धशतक भी शामिल हैं। वनडे में कोहली 302 मैचों में 57.88 की औसत और 93.35 के स्ट्राइक रेट से 14181 रन बना चुके हैं। इसमें 51 शतक और 74 अर्धशतक शामिल हैं।
विराट अब सिर्फ वनडे में खेलते दिखाई पड़ेंगे। वह पिछले साल टीम इंडिया के टी20 विश्व कप जीतने के बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय से संन्यास ले चुके हैं। कोहली ने कुल मिलाकर 123 टेस्ट खेले और इसकी 210 पारियों में 46.85 की औसत से 9230 रन बनाए। इसमें 30 शतक और 31 अर्धशतक शामिल हैं। टेस्ट करियर में कोहली ने कुल 1027 चौके और 30 छक्के लगाए। इसके अलावा टी20 अंतरराष्ट्रीय में उन्होंने 125 मैचों में 48.7 की औसत और 137.05 के स्ट्राइक रेट से 4188 रन बनाए। इसमें एक शतक और 38 अर्धशतक भी शामिल हैं। वनडे में कोहली 302 मैचों में 57.88 की औसत और 93.35 के स्ट्राइक रेट से 14181 रन बना चुके हैं। इसमें 51 शतक और 74 अर्धशतक शामिल हैं।