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हरिद्वार कांवड़ मेला: वाइल्डलाइफ सुरक्षा के लिए विभाग मुस्तैद, श्यामपुर से चिड़ियापुर तक तैनात रहेंगी 10 टीमें

Mon, 13 Jul 2026 02:03 PM IST
Renu Saklani जितेंद्र कोरी, संवाद न्यूज एजेंसी, श्यामपुर (हरिद्वार)
जितेंद्र कोरी, संवाद न्यूज एजेंसी, श्यामपुर (हरिद्वार) Published by: Renu Saklani Updated Mon, 13 Jul 2026 02:03 PM IST
सार

वाइल्डलाइफ सुरक्षा के लिए वन विभाग मुस्तैद है। श्यामपुर से चिड़ियापुर तक तैनात दस टीमें तैनात रहेंगी।

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Forest Department on alert for wildlife protection 10 teams to be deployed from Shyampur to Chidiyapur
हरिद्वार - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

आगामी 18 जुलाई से शुरू होने वाले पवित्र कांवड़ मेले को सुरक्षित और सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए वन विभाग ने कमर कस ली है। मेले के दौरान वन्यजीवों की सुरक्षा और कावड़ यात्रियों को किसी भी संभावित खतरे से बचाने के लिए वन विभाग ने विशेष रणनीति तैयार की है।

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इस योजना के तहत विभाग ने 10 विशेष टीमों का गठन किया है। ये टीमें श्यामपुर रेंज से लेकर चिड़ियापुर तक के संवेदनशील इलाकों में मुस्तैदी से तैनात रहेंगी। वन्यजीवों वाइल्डलाइफ की सुरक्षा को रखते हुए वन विभाग ने अपने गश्ती दल को उन रास्तों पर केंद्रित किया है जहां से कावड़ियों का भारी हुजूम गुजरता है।
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हरिद्वार-नजीबाबाद हाईवे और नहर पटरी, रसियाबढ़, श्यामपुर, चिड़ियापुर बोडर तक टीमें गस्त पर तैनात रहेगी। घने जंगलों से सटे इन मार्गों पर वन्यजीवों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और यह देखना कि इंसानी दखलंदाजी के कारण वन्यजीवों को कोई नुकसान न पहुँचे। साथ ही, जंगल से भटककर कोई हिंसक जानवर कावड़ मार्ग पर न आ जाए।
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वन रेंज अधिकारी महेश शर्मा ने बताया की तीस जुलाई से कावड़ मेला शुरू होने जा रहा इसके लिए क्षेत्र में दस टीमें क्षेत्र की निगरानी रखीगी टीमों को आधुनिक उपकरणों से लैस किया गया है ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति जैसे मानव-वन्यजीव संघर्ष से तुरंत निपटा जा सके। विभाग ने कावड़ यात्रियों से भी अपील की है कि वे निर्धारित मार्ग पर ही चलें और वन क्षेत्र या प्रतिबंधित इलाकों में जाने का प्रयास न करें।
 

 

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