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Faridabad News: कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने के लिए राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान
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कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने के लिए राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान
सरकार की नीयत में खोट, कर्मचारियों को नियमित करने में कोई कानूनी अड़चन नहीं : नरेश कुमार शास्त्री
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। हरियाणा में कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने ठेका प्रथा खत्म करने और पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग को लेकर सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा ने राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान कर दिया है। नगर निगम कॉन्फ्रेंस हॉल में आयोजित जिला कमेटी की विस्तारित बैठक में संघ के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री ने कहा कि सरकार चाहे तो तुरंत नियमितीकरण नीति लागू कर सकती है लेकिन उसकी नीयत साफ नहीं है।
बैठक की अध्यक्षता जिला प्रधान करतार सिंह ने की, जबकि संचालन जिला सचिव बलबीर सिंह बालगोहेर ने किया। इस दौरान हरियाणा टूरिज्म यूनियन के महासचिव सुभाष देशवाल भी मौजूद रहे।
शास्त्री ने बताया कि आंदोलन के पहले चरण में 30 जून तक सभी विभागों के कच्चे कर्मचारियों से सरकार के नाम पिटीशन फॉर्म भरवाए जाएंगे। इसके बाद 30 जुलाई को सभी जिलों में रैलियां आयोजित होंगी। अगस्त में जिला स्तर पर प्रदर्शन और गिरफ्तारियां दी जाएंगी, जबकि नवंबर में हजारों कर्मचारियों के साथ मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय कुरुक्षेत्र तक मार्च किया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट भी सरकार को कच्चे कर्मचारियों को नियमित करने की नीति बनाने के निर्देश दे चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार न्यायालय के आदेशों की अनदेखी कर रही है।
शास्त्री के अनुसार प्रदेश में एचकेआरएन समेत करीब 2.25 लाख कर्मचारी पिछले कई वर्षों से बेहद कम वेतन पर काम कर रहे हैं। इन कर्मचारियों से स्थायी कर्मचारियों की तरह पूरा काम लिया जाता है, लेकिन उन्हें न समान वेतन मिलता है और न ही सामाजिक सुरक्षा, पेंशन, मेडिकल सुविधा या नौकरी की गारंटी।
उन्होंने कहा कि यह आंदोलन केवल कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और सार्वजनिक सेवाओं को बचाने का बड़ा अभियान बनेगा। अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के देशव्यापी आंदोलन का समर्थन करते हुए उन्होंने बताया कि 12 दिसंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी रैली आयोजित की जाएगी।
सरकार की नीयत में खोट, कर्मचारियों को नियमित करने में कोई कानूनी अड़चन नहीं : नरेश कुमार शास्त्री
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। हरियाणा में कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने ठेका प्रथा खत्म करने और पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग को लेकर सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा ने राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान कर दिया है। नगर निगम कॉन्फ्रेंस हॉल में आयोजित जिला कमेटी की विस्तारित बैठक में संघ के राज्य प्रधान नरेश कुमार शास्त्री ने कहा कि सरकार चाहे तो तुरंत नियमितीकरण नीति लागू कर सकती है लेकिन उसकी नीयत साफ नहीं है।
बैठक की अध्यक्षता जिला प्रधान करतार सिंह ने की, जबकि संचालन जिला सचिव बलबीर सिंह बालगोहेर ने किया। इस दौरान हरियाणा टूरिज्म यूनियन के महासचिव सुभाष देशवाल भी मौजूद रहे।
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शास्त्री ने बताया कि आंदोलन के पहले चरण में 30 जून तक सभी विभागों के कच्चे कर्मचारियों से सरकार के नाम पिटीशन फॉर्म भरवाए जाएंगे। इसके बाद 30 जुलाई को सभी जिलों में रैलियां आयोजित होंगी। अगस्त में जिला स्तर पर प्रदर्शन और गिरफ्तारियां दी जाएंगी, जबकि नवंबर में हजारों कर्मचारियों के साथ मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय कुरुक्षेत्र तक मार्च किया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट भी सरकार को कच्चे कर्मचारियों को नियमित करने की नीति बनाने के निर्देश दे चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार न्यायालय के आदेशों की अनदेखी कर रही है।
शास्त्री के अनुसार प्रदेश में एचकेआरएन समेत करीब 2.25 लाख कर्मचारी पिछले कई वर्षों से बेहद कम वेतन पर काम कर रहे हैं। इन कर्मचारियों से स्थायी कर्मचारियों की तरह पूरा काम लिया जाता है, लेकिन उन्हें न समान वेतन मिलता है और न ही सामाजिक सुरक्षा, पेंशन, मेडिकल सुविधा या नौकरी की गारंटी।
उन्होंने कहा कि यह आंदोलन केवल कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और सार्वजनिक सेवाओं को बचाने का बड़ा अभियान बनेगा। अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के देशव्यापी आंदोलन का समर्थन करते हुए उन्होंने बताया कि 12 दिसंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी रैली आयोजित की जाएगी।