शराब ठेकेदार से लूट में खुलासा: पूर्व कर्मचारी ने 1.53 लाख लूटे, पहले भी कर चुके थे कोशिश; चार लुटेरे गिरफ्तार
फरीदाबाद में एक शराब ठेकेदार से लूट मामले में चार को गिरफ्तार किया गया है। ये सभी पूर्व कर्मचारी थे। वारदात की मुख्य साजिश ठेके के पूर्व कर्मचारी ने बकाया वेतन न मिलने की रंजिश में रची थी।
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टाउन नंबर-2 में 15/16 जुलाई की रात शराब ठेकेदार से हुई 1.53 लाख रुपये की लूट के मामले में अपराध शाखा सेक्टर-48 की टीम ने 13 अगस्त को चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वारदात की मुख्य साजिश ठेके के ही पूर्व कर्मचारी ने वेतन न मिलने की रंजिश में अपने साथियों के साथ मिलकर रची थी। आरोपी को पता था कि शिकायतकर्ता रोजाना ठेके की बिक्री के रुपये लेकर घर जाता है। पुलिस ने चारों आरोपियों को अदालत में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया है।
लूट की वारदात को अंजाम देने वाली चार पकड़े
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान मुख्य साजिशकर्ता प्रिंस उर्फ राजा (23) निवासी मधेपुरा बिहार, उसके साले अंकित उर्फ लप्पा (24), रवि उर्फ रोहित उर्फ मोटा (24) निवासी मथुरा यूपी व अमित पाल (23) सभी हाल निवासी सोनिया विहार, दिल्ली के रूप में हुई है।
शराब के ठेकेदार से लूटपाट
सहायक पुलिस आयुक्त (अपराध) अमन यादव ने बताया कि एनआईटी-दो निवासी पीड़ित चरण सिंह कन्हैया ने 16 जुलाई को पुलिस चौकी टाउन नंबर-2 में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। पीड़ित का डबुआ चौक पर शराब का ठेका है। 15/16 जुलाई की मध्य रात्रि करीब 1:53 लाख रुपये की दैनिक बिक्री की नकदी लेकर वह अपनी मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था। जैसे ही वह ई-ब्लॉक के पास पहुंचा, सड़क पर खड़े तीन युवकों ने उसे जबरन रुकवाया और देशी पिस्तौल दिखाकर पैसों से भरा बैग छीनकर भाग गए।
बकाया वेतन की रंजिश में साले और दोस्तों को बनाया मददगार
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी प्रिंस उर्फ राजा पहले पीड़ित के शराब ठेके पर आठ हजार रुपये प्रतिमाह के वेतन पर नौकरी करता था। करीब दो महीने पहले वेतन के कुछ रुपये बकाया होने के कारण विवाद हुआ और उसने काम छोड़ दिया। इसी रंजिश का बदला लेने और उसने अपने साले अंकित उर्फ लप्पा को योजना में शामिल किया। इसके बाद सोनिया विहार निवासी अपने दो अन्य साथियों रवि और अमित को भी वारदात में जोड़ लिया। प्रिंस ने पीड़ित का पीछा करते हुए बाकी साथियों को दूर से इशारा किया, जिसके बाद लूट को अंजाम दिया गया।
वारदात के लिए दिल्ली से मोटरसाइकिल चुराई
पूछताछ में आरोपियों ने कुबूल किया कि वारदात को अंजाम देने के लिए उन्होंने दिल्ली के सोनिया विहार इलाके से एक मोटरसाइकिल चुराई थी। वे एक मोटरसाइकिल और स्कूटी पर सवार होकर आए थे। इससे पहले भी उन्होंने ठेकेदार को लूटने का एक प्रयास किया था, जो असफल रहा था। 15/16 जुलाई की रात मौका मिलते ही देशी पिस्तौल दिखाकर वारदात को अंजाम दे दिया गया। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपियों से लूट की रकम व वारदात में प्रयुक्त हथियार (पिस्तौल) और वाहन बरामद करेगी।
आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी रवि उर्फ रोहित के खिलाफ पहले से ही एनडीपीएस एक्ट, एक्साइज एक्ट और मारपीट के तीन मामले दर्ज हैं। वहीं, मुख्य साजिशकर्ता प्रिंस उर्फ राजा के खिलाफ भी लड़ाई-झगड़े का एक मुकदमा पहले से दर्ज है। पुलिस टीम अब रिमांड अवधि के दौरान लूटी गई नकदी की शत्-प्रतिशत बरामदगी और अन्य मुकदमों में इनकी संलिप्तता की गहन जांच कर रही है।